ओडिशा में 54 सांप्रदायिक दंगों का खुलासा: सीएम माझी की गंभीर जानकारी

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ओडिशा में 54 सांप्रदायिक दंगों का खुलासा: सीएम माझी की गंभीर जानकारी

सारांश

ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने विधानसभा में बताया कि जून 2024 से फरवरी 2026 के बीच राज्य के विभिन्न जिलों में 54 सांप्रदायिक दंगे हुए। जानिए इस हिंसा के कारण और सरकार की प्रतिक्रिया।

मुख्य बातें

ओडिशा में 54 सांप्रदायिक दंगे हुए हैं।
बालासोर जिले में 24 मामले दर्ज किए गए।
खोरधा में 16 दंगे भाजपा के शासन में हुए।
लिंचिंग से 7 मौतें हुई हैं।
सरकार शांति समितियों का गठन कर रही है।

भुवनेश्वर, 9 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने सोमवार को जानकारी दी कि जून 2024 से फरवरी 2026 के बीच राज्य के विभिन्न जिलों में कुल 54 सांप्रदायिक दंगे हुए।

विधानसभा में बीजद विधायक गौतम बुद्ध दास के प्रश्न के उत्तर में, सीएम माझी ने बताया कि इनमें से 24 सांप्रदायिक हिंसा के मामले अकेले बालासोर जिले के विभिन्न पुलिस थानों में दर्ज किए गए, जिससे यह इस अवधि में राज्य में सबसे अधिक दंगों वाला जिला बन गया।

भाजपा के शासन में खोरधा जिले में सांप्रदायिक दंगों के 16 मामले सामने आए हैं। इसके अतिरिक्त, पिछले 20 महीनों में कोरापुट में 8, मलकानगिरी में 4 और भद्रक जिले में 2 घटनाएं दर्ज की गईं।

सीएम माझी ने जानकारी दी कि जून 2024 से फरवरी 2026 के बीच राज्य के विभिन्न हिस्सों में लिंचिंग की 7 मौतें हुईं।

विधानसभा में साझा की गई जानकारी से यह भी पता चला कि आदिवासी बहुल रायगडा जिले में डायन-बिसाही के संदेह में मॉब लिंचिंग के 3 मामले आए। ढेंकनाल में 2 ऐसे मामले और बालासोर तथा देवगढ़ जिलों में एक-एक मामला दर्ज हुआ।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार विभिन्न पुलिस थानों पर शांति समितियां बनाकर सांप्रदायिक सद्भाव बनाए रखने का प्रयास कर रही है। ये समितियां विभिन्न समुदायों के बीच तालमेल बेहतर करने और स्थानीय स्तर पर तनाव को कम करने हेतु कार्यरत हैं।

उन्होंने कहा कि स्थानीय प्रशासन को समुदायों के बीच सद्भाव बनाए रखने के लिए सक्रिय कदम उठाने का निर्देश दिया गया है। माझी ने यह भी कहा कि शांति भंग करने की कोशिश करने वाले व्यक्तियों या समूहों की पहचान के लिए इंटेलिजेंस इनपुट्स पर ध्यान दिया जा रहा है। इसके आधार पर, अधिकारी कानून और व्यवस्था बनाए रखने के लिए रोकथाम और सुधार के उपाय कर रहे हैं।

उन्होंने आगे कहा कि कानून तोड़ने वालों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जा रही है। जहां भी आवश्यक हो, केस दर्ज किए जा रहे हैं और गिरफ्तारियां की जा रही हैं। सरकार भीड़ की हिंसा को रोकने के लिए जागरूकता कार्यक्रम चला रही है, जिसमें जादू-टोने के संदेह में किए गए हमले भी शामिल हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन यह देखना होगा कि क्या ये उपाय प्रभावी सिद्ध होंगे।
RashtraPress
13 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

ओडिशा में कितने सांप्रदायिक दंगे हुए?
ओडिशा में जून 2024 से फरवरी 2026 के बीच कुल 54 सांप्रदायिक दंगे हुए।
बालासोर जिले में सांप्रदायिक दंगों की स्थिति क्या है?
बालासोर जिले में इस दौरान 24 सांप्रदायिक दंगे दर्ज किए गए, जो कि सबसे अधिक हैं।
क्या सरकार इस हिंसा को रोकने के लिए कोई कदम उठा रही है?
जी हां, सरकार शांति समितियों का गठन कर रही है और स्थानीय प्रशासन को सक्रिय कदम उठाने के लिए निर्देशित कर रही है।
लिंचिंग की घटनाएं कितनी हुई हैं?
इस अवधि में लिंचिंग से 7 मौतों की जानकारी मिली है।
क्या दंगों को लेकर सरकार की कोई जागरूकता कार्यक्रम है?
हां, सरकार भीड़ की हिंसा को रोकने के लिए जागरूकता कार्यक्रम चला रही है।
राष्ट्र प्रेस
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