पीएम-किसान योजना की 22वीं किस्त का वितरण, 9.3 करोड़ किसानों के खातों में भेजे गए 18,640 करोड़ रुपए
सारांश
Key Takeaways
- 22वीं किस्त में 9.3 करोड़ किसानों के खातों में 18,640 करोड़ रुपए भेजे गए।
- इस योजना के तहत 2,000 रुपए की सहायता हर किस्त में दी जाती है।
- किसानों को 155261 पर कॉल कर समस्याओं का समाधान प्राप्त कर सकते हैं।
- योजना का शुभारंभ 24 फरवरी 2019 को किया गया था।
- महिलाओं को भी इस बार की किस्त में सहायता मिलेगी।
नई दिल्ली, 13 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (पीएम-किसान) योजना की 22वीं किस्त को जारी किया। इस किस्त के अंतर्गत 9.3 करोड़ से अधिक किसान परिवारों के बैंक खातों में डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (डीबीटी) के माध्यम से 18,640 करोड़ रुपए से अधिक की राशि भेजी गई है। इस योजना के तहत योग्य किसानों को हर किस्त में 2,000 रुपए की आर्थिक सहायता दी जाती है, जो सीधे उनके बैंक खातों में ट्रांसफर होती है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुवाहाटी से इस किस्त का उद्घाटन किया। सरकार के अनुसार, इस बार लगभग 9.32 करोड़ किसान परिवारों ने इस सहायता का लाभ उठाया है। यह राशि सीधे किसानों के खातों में भेजी गई है, जिससे उन्हें अपनी खेती और घरेलू आवश्यकताओं को पूरा करने में मदद मिल सके।
पीएम-किसान योजना का मुख्य उद्देश्य छोटे और सीमांत किसानों को आर्थिक सहायता प्रदान करना है। इस योजना के तहत किसानों को हर साल कुल 6,000 रुपए की सहायता दी जाती है, जो तीन समान किस्तों में सीधे उनके बैंक खातों में ट्रांसफर की जाती है। सरकार का मानना है कि समय पर मिलने वाली यह राशि किसानों को बीज, खाद, कीटनाशक और अन्य कृषि आवश्यकताओं को पूरा करने में सहायता करती है।
जब इस किस्त का वितरण होता है, तो किसानों के पंजीकृत मोबाइल नंबर पर सरकार की ओर से संदेश भेजा जाता है। इसके अलावा, बैंक द्वारा भी लेनदेन से संबंधित संदेश प्राप्त होता है। किसान अपने मोबाइल पर आए संदेश के माध्यम से यह आसानी से जान सकते हैं कि उनके खाते में 22वीं किस्त की राशि पहुंची है या नहीं।
यदि किसी योग्य किसान के खाते में राशि नहीं आती है, तो वे योजना के हेल्पलाइन नंबर पर संपर्क कर सकते हैं। किसान 155261 या 011-24300606 पर कॉल करके अपनी समस्या दर्ज करा सकते हैं। यह हेल्पलाइन सेवा कार्यदिवसों में सुबह 9:30 बजे से शाम 6 बजे तक उपलब्ध रहती है।
गौरतलब है कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की शुरुआत 24 फरवरी 2019 को की गई थी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गोरखपुर से इस योजना का शुभारंभ किया था। तब से लेकर अब तक यह योजना देश के करोड़ों किसानों को आर्थिक सहायता प्रदान कर रही है।
इस संदर्भ में केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि फरवरी 2019 में योजना शुरू होने के बाद से अब तक किसानों के खातों में 4.09 लाख करोड़ रुपए से अधिक की राशि सीधे ट्रांसफर की जा चुकी है। 22वीं किस्त जारी होने के बाद यह कुल राशि बढ़कर लगभग 4.27 लाख करोड़ रुपए से अधिक हो जाएगी।
उन्होंने यह भी बताया कि इस बार की किस्त में 2.15 करोड़ से अधिक महिला किसानों को भी आर्थिक सहायता मिलेगी। उनके अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की यह पहल छोटे और सीमांत किसानों को सीधे आय सहायता प्रदान कर कृषि क्षेत्र में एक स्थायी और सकारात्मक बदलाव लाने का कार्य कर रही है। सरकार का मानना है कि नियमित आर्थिक सहायता से किसानों की वित्तीय स्थिति मजबूत होती है और खेती से जुड़ी आवश्यक जरूरतों को समय पर पूरा करना सरल हो जाता है।