राजस्थान: बाड़मेर और नागौर की अदालतों में बम की धमकी के चलते सुरक्षा व्यवस्था बढ़ी
सारांश
Key Takeaways
- बाड़मेर और नागौर में बम की धमकी का मामला गंभीर है।
- पुलिस ने तुरंत कार्रवाई की और परिसर को खाली कराया।
- ईमेल में अजमल कसाब का जिक्र था।
- सुरक्षा बढ़ाने के लिए एहतियात बरती जा रही है।
- बम निरोधक दल और डॉग स्क्वाड तैनात किए गए हैं।
जयपुर, 9 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। राजस्थान के बाड़मेर और नागौर जिलों में सोमवार को अदालत परिसर में बम की धमकी वाले ईमेल प्राप्त होने के बाद हाई अलर्ट घोषित किया गया।
पुलिस ने तुरंत अदालत परिसर को खाली कराया और बम निरोधक दस्ते तथा खोजी दल के सहयोग से गहन तलाशी अभियान आरंभ किया। अधिकारियों ने बताया कि दोनों स्थानों पर प्राप्त धमकी भरे ईमेल का कंटेंट समान था।
ईमेल में आतंकवादी अजमल कसाब का उल्लेख किया गया था और दोपहर 1 बजे के पहले संभावित विस्फोट की चेतावनी दी गई थी। इसमें लिखा था, "विस्फोट का सही समय मुझे नहीं पता, शायद दोपहर 1 बजे से पहले होगा। कोई जोखिम न लें। यह झूठी धमकी नहीं है। ड्रोन से कुछ बम गिराए गए हैं। सटीक स्थान अज्ञात है, लेकिन छतों की जांच करें।"
सोमवार सुबह बाड़मेर अदालत परिसर में जिला न्यायाधीश के आधिकारिक ईमेल पते पर भेजे गए धमकी भरे ईमेल की वजह से अफरा-तफरी मच गई। पुलिस ने तात्कालिक कार्रवाई करते हुए परिसर को खाली कराया और तलाशी अभियान शुरू किया।
पुलिस अधीक्षक नरेंद्र सिंह मीणा उच्च अधिकारियों के साथ मौके पर पहुंचे, जबकि परिसर की पूरी तरह से जांच के लिए डॉग स्क्वाड और बम निरोधक दलों को तैनात किया गया।
एहतियात के तौर पर अदालत परिसर और उसके आस-पास की सुरक्षा को बढ़ा दिया गया है। पुलिस ने ईमेल के स्रोत की पहचान करने और भेजने वाले की जानकारी प्राप्त करने के लिए जांच आरंभ कर दी है। जांच में साइबर विशेषज्ञ भी सहयोग कर रहे हैं।
इससे पहले, बाड़मेर कलेक्ट्रेट को 25 दिसंबर, 2025 को भी बम की धमकी मिली थी। इस बीच, नागौर जिले के मेड़ता जिला न्यायाधीश (डीजे) न्यायालय परिसर को रविवार रात इसी तरह का धमकी भरा ईमेल मिलने के बाद खाली कराया गया।
अधिकारियों के अनुसार, ईमेल रात करीब 10:20 बजे न्यायालय पहुंचा। सूचना मिलते ही बम निरोधक दल और पुलिस टीमें घटनास्थल पर पहुंचीं और परिसर का गहन निरीक्षण किया।
खुफिया ब्यूरो (आईबी) समेत अन्य खुफिया एजेंसियों ने भी इस धमकी की जांच आरंभ कर दी है। अदालत परिसर को अस्थायी रूप से सील कर दिया गया है और आसपास के क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को काफी बढ़ा दिया गया है।
अधिकारियों ने बताया कि जिले में बम से संबंधित यह दूसरी धमकी है। दोनों जिलों की पुलिस ने हाई अलर्ट जारी कर अदालत परिसरों में सुरक्षा को और मजबूत किया है।
खोजी कुत्तों की टुकड़ियां, बम निरोधक दल और अतिरिक्त पुलिस कर्मियों को तैनात किया गया है, जबकि आस-पास के क्षेत्रों में निगरानी बढ़ा दी गई है।
अधिकारियों ने कहा कि किसी भी अप्रत्याशित घटना को रोकने और अदालत के कर्मचारियों, वकीलों और आगंतुकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी एहतियाती उपाय किए जा रहे हैं।