राजस्थान निकाय चुनाव री-पोलिंग: जयपुर के चारों वार्डों में कांग्रेस जीती, कोटा में BJP को बहुमत
सारांश
मुख्य बातें
राजस्थान नगर निकाय चुनाव में 17 सितंबर 2026 को री-पोलिंग वाले वार्डों के नतीजे घोषित हो गए। जयपुर नगर निगम के शेष चारों वार्डों में कांग्रेस ने एकतरफा जीत दर्ज की, जबकि कोटा नगर निगम में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने 57 सीटें जीतकर बहुमत हासिल कर लिया और अब वहाँ बोर्ड बनाएगी।
जयपुर में कांग्रेस का क्लीन स्वीप
जयपुर नगर निगम के चारों लंबित वार्डों में कांग्रेस उम्मीदवार विजयी रहे। वार्ड 9 से कैलाशी देवी, वार्ड 18 से बंदिता शर्मा, वार्ड 25 से रेखा देवी और वार्ड 34 से सुरेश ने जीत दर्ज की। इन चारों सीटों पर कांग्रेस का परचम लहराना पार्टी के लिए राजस्थान की राजधानी में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
कोटा में BJP को बहुमत, बोर्ड की राह साफ
कोटा नगर निगम के तीन वार्डों में हुए री-पोल में वार्ड 44 से BJP के प्रेम सिंह और वार्ड 87 से पुष्पा चौधरी ने जीत हासिल की। वार्ड 11 से कांग्रेस उम्मीदवार कमलेश कुमारी विजयी रहीं।
100 सदस्यीय कोटा नगर निगम में अब BJP के 57 पार्षद, कांग्रेस के 39 और निर्दलीय 4 हो गए हैं। 57 सीटों के साथ BJP को स्पष्ट बहुमत मिल गया है। पार्टी सूत्रों के अनुसार मेयर पद के उम्मीदवार को लेकर नेतृत्व स्तर पर विचार-विमर्श जारी है।
जोधपुर और सुकेत के नतीजे
जोधपुर नगर निगम के वार्ड 50 में BJP उम्मीदवार हेमाराम चौधरी ने कांग्रेस के युवराज सिंह को 83 वोटों के अंतर से हराया। हेमाराम चौधरी को 1,725 वोट मिले, जबकि युवराज सिंह को 1,642 वोट (1,641 EVM और 1 पोस्टल बैलेट) प्राप्त हुए। निर्दलीय रिंकू मेवाड़ा को 540, राष्ट्रीय लोक पार्टी (RLP) के दीपक जांगिड़ को 155 और निर्दलीय देशराज सिंह को 113 वोट मिले। कुल 82 मतदाताओं ने 'नोटा' का विकल्प चुना।
गौरतलब है कि बूथ नंबर 338 पर EVM में तकनीकी खराबी के कारण वार्ड 50 की मतगणना पहले रोकी गई थी। चुनाव आयोग ने उस बूथ पर दोबारा मतदान का आदेश दिया, जिसके बाद बुधवार को पुनर्मतदान हुआ और अंतिम नतीजा आया।
जोधपुर नगर निगम में अब BJP के 45 पार्षद, कांग्रेस के 44, RLP का 1 और निर्दलीय 10 पार्षद हैं — यहाँ सत्ता का गणित अभी भी उलझा हुआ है।
सुकेत नगर पालिका के वार्ड 4 में कांग्रेस उम्मीदवार मोहम्मद रफीक ने 117 वोटों के अंतर से जीत दर्ज की।
राजनीतिक समीकरणों पर असर
यह ऐसे समय में आया है जब राजस्थान में BJP राज्य सरकार का नेतृत्व कर रही है और स्थानीय निकाय चुनाव पार्टी की जमीनी पकड़ का पैमाना माने जाते हैं। कोटा में BJP का बहुमत उसके लिए बड़ा सांगठनिक संदेश है, वहीं जयपुर में कांग्रेस की चारों सीटें जीतना विपक्ष के मनोबल के लिए सकारात्मक संकेत है। जोधपुर में कड़े मुकाबले के बाद BJP को महज एक सीट की बढ़त मिली है, जिससे वहाँ गठबंधन की संभावनाएँ खुली रहेंगी।
आने वाले दिनों में कोटा में मेयर पद के उम्मीदवार की घोषणा और जोधपुर में बहुमत जुटाने की जोड़-तोड़ राजनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण रहेगी।