राजस्थान नगर निकाय चुनाव: हर्ष मल्होत्रा बोले — 4,200 सीटें जीतकर भाजपा ने रचा इतिहास
सारांश
मुख्य बातें
दिल्ली भारतीय जनता पार्टी (BJP) के अध्यक्ष हर्ष मल्होत्रा ने मंगलवार, 15 सितंबर 2026 को कहा कि राजस्थान नगर निकाय चुनावों में पार्टी की जीत एक बार फिर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नीतियों में मतदाताओं के गहरे भरोसे को रेखांकित करती है। उनके अनुसार, इस बार राजस्थान के मतदाताओं ने करीब 4,200 भाजपा उम्मीदवारों को जिताकर एक नया इतिहास लिख दिया है।
मुख्य घटनाक्रम
मल्होत्रा ने बताया कि राजस्थान में परंपरागत रूप से नगर निकाय चुनावों में बड़ी संख्या में निर्दलीय उम्मीदवार चुने जाते रहे हैं। इस बार का चुनावी रुझान उस परंपरा से स्पष्ट विचलन को दर्शाता है। कोटा नगर निगम में भाजपा को बहुमत मिलना और राज्य की राजधानी जयपुर में पार्टी की जीत को उन्होंने विशेष रूप से रेखांकित किया।
उन्होंने कहा, 'चाहे वह युवा आबादी वाले उभरते शहर कोटा में नगर निगम में भाजपा को बहुमत मिलना हो या राज्य की राजधानी जयपुर में भाजपा की जीत, नतीजे साफ दिखाते हैं कि सभी विपक्षी राजनीतिक दलों की मिली-जुली साजिशों के बावजूद, देश के युवा, पढ़े-लिखे वर्ग, कारोबारी समुदाय और खासकर महिलाएं पार्टी के साथ मजबूती से खड़े हैं और आगे भी खड़े रहेंगे।'
दिल्ली भाजपा में अनुशासनात्मक कार्रवाई
मल्होत्रा ने एक अलग घटनाक्रम में खुलासा किया कि दिल्ली भाजपा ने उत्तर-पश्चिम संसदीय क्षेत्र में पार्टी के मंडल अध्यक्ष और कुछ अन्य कार्यकर्ताओं से जुड़ी एक 'अप्रिय और अवांछित घटना' का संज्ञान लिया है। उन्होंने कहा कि राज्य नेतृत्व इस मामले को अत्यंत गंभीरता से ले रहा है।
उनके अनुसार, संबंधित सांसद और जिला अध्यक्ष से चर्चा के बाद सोमवार शाम को संबंधित विधायक और मंडल अध्यक्ष को पत्र जारी किया गया। इस पत्र में उन्हें बुधवार दोपहर 3 बजे तक दिल्ली भाजपा अनुशासन समिति के समक्ष अपना स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है।
अनुशासन समिति को सौंपा गया मामला
मल्होत्रा ने स्पष्ट किया, 'मामला दिल्ली भाजपा अनुशासन समिति को सौंप दिया गया है और उसकी रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।' उन्होंने यह भी कहा कि दोनों पक्ष पुलिस या कानूनी कार्रवाई का विकल्प चुनने के लिए स्वतंत्र हैं, जबकि पार्टी अपने संगठनात्मक नियमों के तहत उचित अनुशासनात्मक कदम उठाएगी।
क्या होगा आगे
राजस्थान निकाय चुनाव परिणाम भाजपा के लिए राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण हैं, क्योंकि ये राज्य सरकार की स्थानीय स्तर पर स्वीकार्यता का संकेत देते हैं। वहीं, दिल्ली भाजपा में अनुशासन समिति की रिपोर्ट का इंतजार है, जिसके आधार पर पार्टी के भीतर आगे की कार्रवाई तय होगी।