रांची में राजस्वकर्मी लक्ष्मीकांत मुंडा की हत्या: सभी अंचल कार्यालयों में कामकाज ठप, 12 से अधिक हिरासत में
सारांश
मुख्य बातें
रांची के नामकुम स्थित बालाजी नगर में राजस्वकर्मी लक्ष्मीकांत मुंडा की हत्या के विरोध में सोमवार, 26 अक्टूबर 2026 को झारखंड की राजधानी के सभी अंचल कार्यालयों में कामकाज पूरी तरह ठप रहा। आक्रोशित राजस्व कर्मचारियों ने हत्याकांड का शीघ्र खुलासा करने और सभी आरोपियों को तत्काल गिरफ्तार करने की माँग की।
कर्मचारियों का प्रशासन को ज्ञापन
राजस्व कर्मचारियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री से मुलाकात कर अपनी माँगों का ज्ञापन सौंपा। कर्मचारियों ने इस हत्या को सरकारी कर्मियों की सुरक्षा से जुड़ा अत्यंत गंभीर मामला करार दिया। उनका कहना है कि ड्यूटी के दौरान अपने दायित्वों का निर्वहन करने वाले कर्मचारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना प्रशासन की बुनियादी जिम्मेदारी है।
जिले के विभिन्न अंचलों में शोकसभाएँ आयोजित कर दिवंगत सहकर्मी लक्ष्मीकांत मुंडा को श्रद्धांजलि दी गई। कर्मचारियों के काम से दूर रहने के चलते सोमवार को राजस्व संबंधी सभी सेवाएँ बाधित रहीं।
अंतिम संस्कार और पोस्टमार्टम
लक्ष्मीकांत मुंडा के शव का रविवार को पोस्टमार्टम कराने के बाद परिजनों को सौंप दिया गया। देर शाम बुंडू स्थित उनके पैतृक गाँव दलकीडीह में उनका अंतिम संस्कार किया गया।
पुलिस जाँच का ब्यौरा
ग्रामीण एसपी गौरव गोस्वामी, नामकुम थाना प्रभारी रामनारायण सिंह और फॉरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला (FSL) की टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने मामले में 12 से अधिक लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की है। जाँच में प्रेम प्रसंग, लूटपाट और जमीन विवाद समेत कई संभावित पहलुओं को ध्यान में रखा जा रहा है।
पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगालकर घटना से जुड़े सुराग जुटाने में जुटी है। हालाँकि, अब तक हत्या की वजह और इसमें शामिल लोगों की पहचान को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं हो पाई है।
कर्मचारियों में असुरक्षा की भावना
यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब सरकारी कर्मचारियों की कार्यस्थल सुरक्षा को लेकर पहले से सवाल उठते रहे हैं। राजस्व कर्मचारियों ने कहा कि इस हत्या से उनके बीच असुरक्षा की भावना गहरी हुई है। उन्होंने पुलिस से निष्पक्ष जाँच, दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए ठोस कदम उठाने की माँग दोहराई है।
आगे क्या होगा
राजस्व कर्मचारियों ने प्रशासन को स्पष्ट संकेत दिया है कि जाँच में तेजी नहीं आई तो आंदोलन और तेज हो सकता है। पुलिस का कहना है कि सभी संभावित कोणों की जाँच जारी है और जल्द ही मामले का खुलासा किया जाएगा।