तमिलनाडु चुनाव: एनडीए ने सीट बंटवारे की योजना बनाई, एआईएडीएमके 170 सीटों पर लड़ेगी

Click to start listening
तमिलनाडु चुनाव: एनडीए ने सीट बंटवारे की योजना बनाई, एआईएडीएमके 170 सीटों पर लड़ेगी

सारांश

तमिलनाडु विधानसभा चुनावों की तैयारी जोर-शोर से चल रही है। एआईएडीएमके के नेतृत्व में एनडीए ने सीट बंटवारे की योजना तैयार की है, जिसमें एआईएडीएमके 170 सीटों पर लड़ने का इरादा रखती है।

Key Takeaways

  • एनडीए ने सीट बंटवारे की योजना बनाई है।
  • एआईएडीएमके 170 सीटों पर चुनाव लड़ने का इरादा रखती है।
  • भाजपा को 30 सीटें मिल सकती हैं।
  • पीएमके को 17 और एएमएमके को 9 सीटें मिल सकती हैं।
  • चुनाव रणनीति में नए दलों का प्रवेश महत्वपूर्ण है।

चेन्नई, 22 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। तमिलनाडु विधानसभा चुनावों की तैयारियों में सभी राजनीतिक दल जुट गए हैं। एआईएडीएमके के नेतृत्व वाला राष्ट्रीय लोकतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) नामांकन प्रक्रिया शुरू होने से पहले ही सीट बंटवारे की व्यवस्था को अंतिम रूप देने में जुटा है।

नामांकन दाखिल करने की प्रक्रिया 30 मार्च से शुरू होकर 6 अप्रैल को समाप्त होगी। हाल ही में हुई गुप्त चर्चाओं ने इस बातचीत को अंतिम चरण में पहुंचा दिया है।

गठबंधन के सूत्रों के अनुसार, एआईएडीएमके नेतृत्व अधिकांश सीटों पर चुनाव लडऩे की योजना बना रहा है ताकि वह स्वयं बहुमत प्राप्त कर सके।

इस दृष्टिकोण से पार्टी की चुनावी रणनीति स्पष्ट है, जो अपने मुख्य मतदाता आधार को मजबूत करने और सहयोगी दलों को समायोजित करने का प्रयास कर रही है।

इस व्यवस्था की नींव एआईएडीएमके के महासचिव एडप्पाडी के. पलानीस्वामी की हालिया दिल्ली यात्रा के दौरान रखी गई थी, जहां उन्होंने भाजपा के वरिष्ठ नेताओं के साथ चर्चा की। इन चर्चाओं से गठबंधन सहयोगियों के बीच मतभेद कम करने में मदद मिली है।

पार्टी के अंदरूनी सूत्रों के अनुसार, एआईएडीएमके कुल 234 निर्वाचन क्षेत्रों में से लगभग 160 से 170 सीटों पर चुनाव लडऩे की योजना बना रही है।

सीट बंटवारे के नए फॉर्मूले के तहत, भाजपा को लगभग 30 सीटें मिल सकती हैं, जो 2021 के विधानसभा चुनावों में लड़ी गई 20 सीटों से अधिक है।

अंबुमणि रामदास की पीएमके को लगभग 17 सीटें मिलने की संभावना है। एएमएमके जिसे हाल ही में गठबंधन में शामिल किया गया है, को लगभग नौ सीटें मिल सकती हैं।

पूर्व केंद्रीय मंत्री जीके वासन की तमिल मानिला कांग्रेस (टीएमसी) को तीन सीटें मिलने की संभावना है।

सूत्रों ने यह भी संकेत दिया है कि अंतिम समझौते के आधार पर छोटे गठबंधन सहयोगी एआईएडीएमके के 'दो पत्ती' चिन्ह या भाजपा के 'कमल' चिन्ह पर चुनाव लड़ सकते हैं।

भाजपा के वरिष्ठ नेताओं ने बताया कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सहयोगी दलों के बीच सहमति सुनिश्चित करने के लिए निरंतर वार्ता की निगरानी कर रहे हैं।

नई दिल्ली में प्रमुख हितधारकों के साथ चर्चा के बाद, अब ध्यान चेन्नई पर केंद्रित हो गया है, जहां गठबंधन की अंतिम रूपरेखा तैयार की जाने की उम्मीद है।

2021 के विधानसभा चुनाव परिणाम गठबंधन की वर्तमान रणनीति के लिए एक महत्वपूर्ण संदर्भ बिंदु बने हुए हैं। एआईएडीएमके इस बार अधिक आक्रामक सीट-बंटवारे के दृष्टिकोण को अपनाने के लिए प्रेरित हुई है।

इस बीच, पीएमके के भीतर हुए बदलावों और एएमएमके जैसे नए दलों का प्रवेश चुनावी मुकाबले में नई गतिशीलता ला रहा है, जिससे आगामी चुनावी मुकाबला और जटिल होता जा रहा है।

Point of View

भाजपा के साथ सीटों की बातचीत, और नए दलों का प्रवेश इस चुनाव को और भी रोचक बना रहा है।
NationPress
22/03/2026

Frequently Asked Questions

एआईएडीएमके कितनी सीटों पर चुनाव लड़ेगी?
एआईएडीएमके लगभग 160 से 170 सीटों पर चुनाव लड़ेगी।
भाजपा को कितनी सीटें मिल सकती हैं?
भाजपा को लगभग 30 सीटों पर चुनाव लड़ने की संभावना है।
पीएमके को कितनी सीटें मिल सकती हैं?
पीएमके को लगभग 17 सीटें मिलने की संभावना है।
एएमएमके को कितनी सीटें मिल सकती हैं?
एएमएमके को लगभग 9 सीटें मिलने की संभावना है।
क्या छोटे गठबंधन सहयोगी भी चुनाव लड़ेंगे?
हाँ, छोटे गठबंधन सहयोगी एआईएडीएमके या भाजपा के चिन्ह पर चुनाव लड़ सकते हैं.
Nation Press