अखिलेश यादव के शासन में अतीक अहमद जैसे अपराधियों को मिला संरक्षण: तरुण चुघ
सारांश
Key Takeaways
- अतीक अहमद जैसे अपराधियों को सपा शासन में मिला संरक्षण।
- कानून-व्यवस्था में गिरावट का जिक्र।
- ममता बनर्जी की सरकार पर अन्याय के आरोप।
- केजरीवाल पर जनता के धन के दुरुपयोग का आरोप।
- कांग्रेस पर मुस्लिम लीग के हितों को आगे बढ़ाने का आरोप।
नई दिल्ली, 26 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव तरुण चुघ ने सपा प्रमुख अखिलेश यादव पर तीखा प्रहार करते हुए कहा कि सपा के शासनकाल में अतीक अहमद जैसे अपराधियों को संरक्षण मिला। उन्होंने कहा कि इस दौरान उत्तर प्रदेश माफियाओं का अड्डा बन गया था। माफिया राज में रंगदारी और अवैध वसूली का तांडव था, जिससे राज्य में 'अपराध की राजधानी' का उदय हुआ। अखिलेश यादव को अपने शासनकाल की आपराधिक गतिविधियों पर गौर करना चाहिए। जब यूपी में कानून-व्यवस्था का कोई अस्तित्व नहीं था, तब माफियाओं का बोलबाला था। सपा सरकार के दौरान, सत्ता के संरक्षण में कई अपराधी पनपे, जिनमें अतीक अहमद भी शामिल था। इसके डर से यूपी की आम जनता भय के साए में जी रही थी। हमारी सरकार ने प्रदेश को अपराध मुक्त शासन प्रदान किया है।
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव पर तरुण चुघ ने सीएम ममता बनर्जी पर हमला करते हुए कहा कि ममता की क्रूर टीएमसी सरकार ने आरजी कर मेडिकल कॉलेज की पीड़ित बेटी के साथ अन्याय किया। ममता की सरकार ने दोषियों को बचाने के लिए हर संभव प्रयास किया और इस मामले को दबाने के लिए हर संभव उपाय किए। दूसरी ओर, भाजपा ने यह सुनिश्चित किया कि पीड़ित की आवाज बंगाल की सबसे बड़ी पंचायत में सुनी जाए, जिससे उसे न्याय मिल सके। हमने पीड़िता की मां को बंगाल विधानसभा में ले जाने का रास्ता दिखाया है। 4 मई को ममता दीदी सत्ता से गईं।
आम आदमी पार्टी के प्रमुख अरविंद केजरीवाल पर तरुण चुघ ने कहा कि कोविड के दौरान दिल्ली की जनता के टैक्स का पैसा केजरीवाल ने शीशमहल बनाने में खर्च किया। करोड़ों रुपये इंटीरियर्स पर खर्च किए गए। केजरीवाल के शासन में जनता के पैसे की लूट हुई।
कांग्रेस के बारे में तरुण चुघ ने कहा कि राहुल गांधी के नेतृत्व में, चाहे वह कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे हों या अन्य नेता, पूरी कांग्रेस पार्टी ने वोट बैंक को खुश करने पर ध्यान केंद्रित करते हुए मुस्लिम लीग का नया रूप धारण कर लिया है। कांग्रेस पार्टी ने मुस्लिम लीग और जमात-ए-इस्लामी के हितों को आगे बढ़ाने के लिए अपना एजेंडा उनके हवाले कर दिया है। हर विषय पर कांग्रेस ने हमेशा सनातन विरोधी रुख अपनाया है।