TMC की विश्वसनीयता खत्म, नेता इधर-उधर भाग रहे हैं: BJP प्रवक्ता शाहनवाज हुसैन
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के प्रवक्ता शाहनवाज हुसैन ने 12 जून 2026 को कहा कि पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस (TMC) की राजनीतिक साख पूरी तरह समाप्त हो चुकी है और पार्टी के नेता अब दिशाहीन हो चुके हैं। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि राज्य की जनता का आक्रोश TMC के विरुद्ध अपने चरम पर पहुँच चुका है।
TMC पर हुसैन का तीखा हमला
हुसैन ने कहा, 'पश्चिम बंगाल में TMC पहले थी, अब नहीं है। सच्चाई यह है कि इस पार्टी को अब कोई पूछने वाला नहीं।' उनके अनुसार, TMC के रवैये से राज्य का कोई भी वर्ग संतुष्ट नहीं है, क्योंकि इस पार्टी ने अपने कार्यकाल में जनहित में कोई ठोस काम नहीं किया।
उन्होंने ऐतिहासिक संदर्भ देते हुए याद दिलाया कि TMC का गठन ही कांग्रेस को तोड़कर हुआ था। उनके मुताबिक, TMC कार्यकर्ताओं ने कभी कांग्रेस कार्यालयों में तोड़फोड़ की थी और कार्यकर्ताओं को भी पीटा था। हुसैन ने कहा कि इतिहास अब अलग रूप में दोहरा रहा है — आज TMC खुद टूट की कगार पर है।
अभिषेक बनर्जी पर सीधा निशाना
हुसैन ने तृणमूल कांग्रेस नेता अभिषेक बनर्जी पर भी कड़ा प्रहार किया। उन्होंने कहा कि अभिषेक बनर्जी को अपने कार्यों का हिसाब जनता के सामने देना होगा। उनके अनुसार, अभिषेक बनर्जी खुद को पश्चिम बंगाल का 'युवराज' और 'राजा' समझते थे, लेकिन अब CID ने उन्हें तलब किया है।
हुसैन ने दावा किया कि आने वाले दिनों में कई जाँच एजेंसियाँ अभिषेक बनर्जी को समन जारी करेंगी और विभिन्न मुद्दों पर पूछताछ होगी। उन्होंने कहा, 'उम्मीद है कि अब उनका यह भ्रम दूर हो गया होगा कि वे पश्चिम बंगाल के राजा या युवराज हैं।'
प्रधानमंत्री मोदी के बयान का समर्थन
हुसैन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हालिया बयान का भी समर्थन किया। उन्होंने कहा कि जब दुनिया के अधिकांश देश आर्थिक उथल-पुथल से गुज़र रहे हैं, तब भारत की विकास दर 7.8 फीसद के करीब बनी हुई है — जबकि कई देशों की विकास दर ऋणात्मक है।
उनके अनुसार, यह उपलब्धि प्रधानमंत्री मोदी की कार्यशैली और नीतियों का प्रत्यक्ष परिणाम है। हुसैन ने कहा कि आने वाले दिनों में इसके और अधिक सकारात्मक परिणाम देखने को मिलेंगे।
क्या होगा आगे
राजनीतिक विश्लेषकों की नज़र अब इस बात पर है कि पश्चिम बंगाल में TMC की आंतरिक टूट किस दिशा में जाती है और अभिषेक बनर्जी से जुड़ी जाँच एजेंसियों की कार्रवाई क्या रुख अख्तियार करती है। BJP का यह आक्रामक रुख राज्य में अपनी पकड़ मज़बूत करने की व्यापक रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है।