कोलकाता में दो थाई महिलाएं MDMA के साथ गिरफ्तार, बैंकॉक से तस्करी का आरोप
सारांश
मुख्य बातें
कोलकाता पुलिस के विशेष कार्य बल (एसटीएफ) ने मंगलवार को दक्षिण कोलकाता के भवानीपुर इलाके में एक होटल पर छापा मारकर थाईलैंड की दो महिला नागरिकों को प्रतिबंधित सिंथेटिक नशीले पदार्थ एमडीएमए (MDMA) के साथ गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, दोनों महिलाएं पर्यटक वीजा पर बैंकॉक से नेताजी सुभाष चंद्र बोस अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के रास्ते कोलकाता पहुंची थीं और यहाँ सक्रिय तस्करी गिरोह के एजेंटों को नशीला पदार्थ सौंपने वाली थीं।
गिरफ्तारी का विवरण
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार दोनों थाई महिलाओं के नाम सुपावादी सुकुलियत और सुथुवाना कुट हैं। वे मंगलवार सुबह एनएससीबीआई हवाई अड्डे पर उतरने के बाद सीधे भवानीपुर के एक होटल में ठहरने पहुंचीं। खुफिया सूचना के आधार पर एसटीएफ की टीम ने होटल में तलाशी ली, जिसमें दोनों के पास से 20 ग्राम 'मॉली' (क्रिस्टल रूप में एमडीएमए) बरामद हुई। पुलिस के अनुसार, बरामद नशीले पदार्थ की बाज़ार कीमत ₹1 लाख से अधिक आंकी गई है।
नशीले पदार्थ की प्रकृति
एमडीएमए एक सिंथेटिक ड्रग है जो गोली के रूप में 'एक्स्टसी' और क्रिस्टल रूप में 'मॉली' के नाम से जानी जाती है। जांचकर्ताओं के अनुसार, इस पदार्थ की मांग कोलकाता के कुछ इलाकों में सप्ताहांत पर आयोजित होने वाली रेव पार्टियों में शामिल युवाओं के बीच बढ़ रही है। एमडीएमए के अलावा एलएसडी और कोकीन जैसे विदेशी नशीले पदार्थ भी इन पार्टियों में कथित तौर पर प्रचलन में हैं।
तस्करी का नेटवर्क
एसटीएफ अधिकारियों को पिछले कुछ समय से खुफिया जानकारी मिल रही थी कि बैंकॉक से कोलकाता तक एक संगठित नशा तस्करी नेटवर्क सक्रिय है। जांचकर्ताओं के अनुसार, कोलकाता में मौजूद गिरोह के एजेंट इन महिलाओं के आने-जाने और ठहरने की व्यवस्था करते थे। तस्करों से आमतौर पर डार्क वेब या अन्य गुप्त माध्यमों के जरिए संपर्क किए जाने की बात सामने आई है।
पूछताछ में चौंकाने वाले खुलासे
पूछताछ के दौरान दोनों गिरफ्तार महिलाओं ने पुलिस को बताया कि उन्हें नशीले पदार्थों की तस्करी का विशेष प्रशिक्षण दिया गया था। उनका दावा था कि वे नशीले पदार्थों को इस तरह छिपाकर ले जाती थीं कि बैंकॉक और कोलकाता हवाई अड्डों पर स्कैनर से जांच के दौरान भी पकड़ में नहीं आता। जांचकर्ता अब यह पता लगाने में जुटे हैं कि क्या इन दोनों ने पहले भी कोलकाता या देश के अन्य शहरों में तस्करी की है।
आगे की जांच
पुलिस ने बताया कि दोनों महिलाओं से पूछताछ जारी है और कोलकाता में सक्रिय तस्करी गिरोह के सदस्यों की तलाश की जा रही है। यह मामला ऐसे समय में सामने आया है जब पश्चिम बंगाल में विदेशी सिंथेटिक नशीले पदार्थों की आवक पर सुरक्षा एजेंसियाँ पहले से सतर्क हैं।