गौतमबुद्धनगर में GAIL पाइपलाइन सुरक्षा: जिलाधिकारी ने बिना अनुमति खुदाई पर लगाई रोक
सारांश
मुख्य बातें
गौतमबुद्धनगर जिले से गुजरने वाली गेल (इंडिया) लिमिटेड की उच्च दाब प्राकृतिक गैस पाइपलाइनों की सुरक्षा को लेकर जिला प्रशासन ने 21 अगस्त 2026 को कड़े निर्देश जारी किए हैं। जिलाधिकारी ने सभी संबंधित विभागों, कार्यदायी संस्थाओं और आम नागरिकों को स्पष्ट आदेश दिया है कि गैस पाइपलाइन तथा उसके राइट ऑफ यूज़ (RoU) क्षेत्र में बिना पूर्व अनुमति के किसी भी प्रकार का निर्माण या उत्खनन कार्य न किया जाए।
क्यों जारी हुए ये निर्देश
प्रशासन के संज्ञान में हाल के दिनों में ऐसी कई घटनाएँ आई हैं जिनमें पाइपलाइन के ऊपर या उसके आसपास तीसरे पक्ष द्वारा गेल की पूर्व अनुमति और सुरक्षा समन्वय के बिना खुदाई एवं निर्माण कार्य किए गए। इस तरह की लापरवाही से भूमिगत गैस पाइपलाइन को नुकसान पहुँचने और गैस रिसाव जैसी गंभीर स्थिति उत्पन्न होने का खतरा बना रहता है।
जिलाधिकारी ने चेतावनी दी है कि किसी भी प्रकार की क्षति की स्थिति में जनहानि, संपत्ति का नुकसान और उत्तर भारत व राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) को होने वाली गैस आपूर्ति बाधित होने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।
किन प्रतिष्ठानों को होती है आपूर्ति
गेल की इन उच्च दाब पाइपलाइनों के माध्यम से उत्तर भारत और एनसीआर के कई महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों को प्राकृतिक गैस की आपूर्ति की जाती है। इनमें उर्वरक संयंत्र, पेट्रोकेमिकल उद्योग, गैस आधारित विद्युत संयंत्र तथा सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन (CGD) नेटवर्क प्रमुख रूप से शामिल हैं। यह ऐसे समय में आया है जब देश में ऊर्जा अवसंरचना की सुरक्षा को लेकर राष्ट्रीय स्तर पर जागरूकता बढ़ रही है।
किन विभागों को दिए निर्देश
जिलाधिकारी ने लोक निर्माण विभाग (PWD), सिंचाई विभाग, नगर निकायों, विद्युत विभाग, जलापूर्ति एजेंसियों और अन्य कार्यदायी संस्थाओं को निर्देश दिया है कि सड़क निर्माण, नाली या सीवर कार्य, जलापूर्ति अथवा विद्युत लाइन बिछाने, पाइलिंग, बोरिंग, उत्खनन या किसी भी अन्य निर्माण गतिविधि से पहले गेल से अनिवार्य रूप से अनुमति प्राप्त की जाए। साथ ही, कार्य स्थल का सत्यापन और सुरक्षा समन्वय सुनिश्चित किया जाना अनिवार्य बताया गया है।
आम जनता के लिए अपील
प्रशासन ने नागरिकों से भी अपील की है कि यदि किसी क्षेत्र में उच्च दाब प्राकृतिक गैस पाइपलाइन गुजर रही हो तो वहाँ स्वयं अथवा किसी निजी संस्था के माध्यम से बिना अनुमति के खुदाई, बोरिंग, पाइलिंग या निर्माण कार्य न कराया जाए।
आगे की कार्रवाई
जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया है कि जिले में चल रहे और प्रस्तावित सभी निर्माण कार्यों के दौरान गैस पाइपलाइनों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। गेल और संबंधित विभागों के बीच बेहतर समन्वय बनाए रखते हुए यह सुनिश्चित किया जाएगा कि विकास कार्यों के कारण देश की महत्वपूर्ण ऊर्जा अवसंरचना को कोई नुकसान न पहुँचे। बिना अनुमति के खुदाई या निर्माण पाए जाने पर गंभीर कार्रवाई की जाएगी।