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उदराकर्षणासन: पेट के रोगों से मुक्ति का सरल योगासन

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उदराकर्षणासन: पेट के रोगों से मुक्ति का सरल योगासन

सारांश

क्या आप पेट की समस्याओं से परेशान हैं? जानिए उदराकर्षणासन के चमत्कारी लाभ और कैसे यह आपको कब्ज, गैस, और अपच से राहत दिला सकता है। बस 5-10 मिनट का समय निकालें और अपने स्वास्थ्य में सुधार करें।

मुख्य बातें

उदराकर्षणासन पेट की समस्याओं के लिए लाभकारी है।
यह पाचन क्रिया को बेहतर बनाता है।
सिर्फ 5-10 मिनट का अभ्यास पर्याप्त है।
डॉक्टर की सलाह जरूरी है यदि स्वास्थ्य में गंभीर समस्या हो।
यह शरीर को डिटॉक्स करने में मदद करता है।

नई दिल्ली, 23 फरवरी (राष्ट्र प्रेस)। गलत खान-पान और अनियमित दिनचर्या के कारण स्वास्थ्य पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता है और पेट से जुड़ी समस्याएँ बढ़ने लगती हैं। ऐसे में योग और आसनों के माध्यम से शरीर को स्वस्थ रखने में मदद मिलती है। इनमें से एक प्रमुख आसन है उदराकर्षणासन, जो कब्ज, गैस, अपच, पेट फूलना, और एसिडिटी जैसी समस्याओं से राहत दिलाने में सहायक है।

उदराकर्षणासन एक महत्वपूर्ण योग मुद्रा है, जो विशेष रूप से पेट के निचले हिस्से, पाचन तंत्र और रीढ़ की हड्डी के स्वास्थ्य के लिए लाभकारी है। यह शरीर को डिटॉक्स करने में भी मदद करता है।

'उदर' का अर्थ 'पेट' और 'आकर्षण' का अर्थ 'खींचना' या 'संकुचन' है। यह एक पारंपरिक योग क्रिया है, जिसमें पेट को विशेष तरीके से दबाया और खींचा जाता है, जिससे पाचन तंत्र सक्रिय और सशक्त होता है।

आयुष मंत्रालय ने भी इसके महत्व को उजागर किया है। मंत्रालय के अनुसार, उदराकर्षण एक ऐसा आसन है जो मुख्यत: पेट की मांसपेशियों को मजबूत करने, कब्ज को ठीक करने और पाचन क्रिया को बेहतर बनाने में मददगार है। यह आसन अपान वायु को उत्तेजित करता है और पेट के निचले अंगों तथा पीठ के निचले हिस्से के दर्द से राहत प्रदान करता है।

इस आसन का अभ्यास करना बेहद सरल है। इसे करने के लिए सबसे पहले योगा मेट पर फर्श पर उकड़ू स्थिति में बैठें। अपने पैरों के बीच लगभग एक से डेढ़ फीट की दूरी रखें। अपनी हथेलियों को घुटनों पर रखें। अब गहरी सांस छोड़ते हुए दाएं घुटने को बाएं पैर के पंजे के पास जमीन पर टिकाएं और बाएं घुटने को खड़ा रखें। सिर को बाईं ओर जितना हो सके मोड़ें।

रोज़ाना केवल 5-10 मिनट इस आसन का अभ्यास करके आप अपने पेट को स्वस्थ और हल्का रख सकते हैं। यदि किसी व्यक्ति को पेट में अल्सर, हर्निया, गंभीर पीठ दर्द या हाल ही में सर्जरी हुई है, तो उन्हें इसे करने से पहले डॉक्टर से सलाह लेना आवश्यक है।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि शरीर को डिटॉक्स करने में भी सहायक है। इसकी नियमितता से व्यक्ति को कई स्वास्थ्य लाभ मिल सकते हैं।
RashtraPress
3 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

उदराकर्षणासन क्या है?
उदराकर्षणासन एक योग मुद्रा है जो पेट की मांसपेशियों को मजबूत करने और पाचन में सुधार करने के लिए जानी जाती है।
इस आसन का अभ्यास कैसे करें?
इस आसन को करने के लिए उकड़ू बैठें, पैरों के बीच दूरी रखें और घुटने को सही स्थिति में मोड़ें।
क्या रोजाना यह आसन करना सुरक्षित है?
हाँ, लेकिन यदि आपको पेट में अल्सर या गंभीर समस्याएँ हैं तो पहले डॉक्टर से सलाह लें।
उदराकर्षणासन के क्या लाभ हैं?
यह कब्ज, गैस, अपच, और अन्य पेट संबंधी समस्याओं में राहत देता है।
कितने समय तक इस आसन का अभ्यास करना चाहिए?
रोज़ाना 5-10 मिनट का अभ्यास प्रभावी होता है।
राष्ट्र प्रेस
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