उमर अहमद के काफिले की दो लग्जरी कारें जब्त, टोल प्लाजा पर हत्या के प्रयास का मुकदमा दर्ज
सारांश
मुख्य बातें
प्रतापगढ़ पुलिस ने 13 अगस्त 2026 को माफिया अतीक अहमद के बेटे उमर अहमद के निजी काफिले के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए प्रयागराज से दो लग्जरी कारें जब्त कर लीं। हथिगवां थाना क्षेत्र के अख्तयारी कोटिला टोल प्लाजा पर टोल न देने को लेकर हुए विवाद में काफिले के लोगों पर टोल कर्मचारियों से गाली-गलौज, बैरियर तोड़ने और कर्मचारियों पर गाड़ी चढ़ाने के प्रयास का आरोप है।
घटनाक्रम: क्या हुआ टोल प्लाजा पर
उमर अहमद अपने भाई अबान के सुपुर्द-ए-खाक में शामिल होने के लिए लखनऊ से पुलिस कस्टडी में प्रयागराज जा रहा था। सरकारी वाहनों के काफिले के पीछे उमर के समर्थकों का एक निजी काफिला भी चल रहा था। हथिगवां थाना क्षेत्र में स्थित अख्तयारी कोटिला टोल प्लाजा पर इस निजी काफिले ने टोल देने से इनकार कर दिया।
आरोप है कि काफिले में सवार लोगों ने टोल कर्मचारियों के साथ गाली-गलौज की, टोल बैरियर तोड़ा और कर्मचारियों पर गाड़ी चढ़ाने का प्रयास किया। टोल प्लाजा के मैनेजर की शिकायत के आधार पर हथिगवां थाने में मुकदमा अपराध संख्या 166/2026 दर्ज किया गया।
पुलिस की कार्रवाई और जब्त वाहन
पुलिस ने हत्या का प्रयास, गाली-गलौज और सरकारी कार्य में बाधा सहित अन्य संगीन धाराओं में मामला पंजीकृत किया। जाँच के दौरान पता चला कि विवाद में शामिल दो लग्जरी कारें प्रयागराज में हैं। हथिगवां पुलिस की टीम ने दोनों वाहनों को ट्रेस कर सीज कर लिया।
जब्त वाहनों के नंबर यूपी 70 जीक्यू 4834 और यूपी 70 जीवी 2915 हैं। पुलिस अब इन गाड़ियों में सवार अन्य लोगों की पहचान सीसीटीवी फुटेज और टोल प्लाजा के रिकॉर्ड के आधार पर कर रही है।
सीओ सिटी का बयान
सीओ सिटी आशुतोष मिश्रा ने कहा, 'इस प्रकरण में दो वाहनों को पुलिस ने सीज किया है। आरोपियों की तलाश की जा रही है। अभी तक इस मामले में कोई पकड़ा नहीं गया है।' पुलिस का कहना है कि जल्द ही अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार किया जाएगा।
आम जनता और कानून-व्यवस्था पर असर
यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब उत्तर प्रदेश पुलिस माफिया नेटवर्क से जुड़े तत्वों पर लगातार शिकंजा कस रही है। गौरतलब है कि अतीक अहमद की मृत्यु के बाद उनके परिवार से जुड़े लोगों की गतिविधियों पर प्रशासन की कड़ी नज़र बनी हुई है। सार्वजनिक स्थान पर टोल कर्मचारियों के साथ कथित दुर्व्यवहार और हत्या के प्रयास जैसे गंभीर आरोपों ने इस मामले को और संवेदनशील बना दिया है।
आगे क्या होगा
पुलिस के अनुसार, सीसीटीवी फुटेज और टोल रिकॉर्ड के आधार पर शेष आरोपियों की पहचान की जा रही है और जल्द गिरफ्तारियाँ संभव हैं। दोनों जब्त वाहन अभी पुलिस की अभिरक्षा में हैं और मामले की विवेचना जारी है।