21 अगस्त 2026
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पप्पू यादव का BJP पर हमला: वंदे मातरम विवाद से शिक्षा-रोजगार के असली मुद्दे दब रहे

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पप्पू यादव का BJP पर हमला: वंदे मातरम विवाद से शिक्षा-रोजगार के असली मुद्दे दब रहे

सारांश

वंदे मातरम विवाद पर पप्पू यादव का BJP पर सीधा हमला — लेकिन असली निशाना टीआरई-4, बीपीएससी और छात्रों पर बढ़ते बोझ पर था। झारखंड हाईकोर्ट की रोक और मंदिर चोरी विवाद को जोड़कर उन्होंने सरकार से जवाबदेही की माँग की।

मुख्य बातें

पूर्णिया सांसद पप्पू यादव ने 20 अगस्त 2026 को पटना में वंदे मातरम विवाद को 'नफरत और बांटने वाली राजनीति' बताया।
उन्होंने कहा कि असली मुद्दे टीआरई-4, बीपीएससी, स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड (₹4 लाख बंद), महंगाई और रोजगार हैं।
झारखंड उच्च न्यायालय ने परीक्षा प्रक्रिया पर रोक लगाई; पप्पू यादव ने ब्लैकलिस्टेड कंपनी और अधिकारियों की जाँच की माँग की।
उन्होंने BJP से चंपत राय, अनिल मिश्रा और गोविंद गिरि को क्लीन चिट देने और मंदिर में कथित चोरी पर जवाब माँगा।
टीआरई-4 आंदोलन कर रहे अभ्यर्थियों को पप्पू यादव ने पूर्ण समर्थन देने की घोषणा की।

पूर्णिया के सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव ने 20 अगस्त 2026 को पटना में वंदे मातरम विवाद पर भारतीय जनता पार्टी (BJP) को आड़े हाथों लिया और कहा कि यह विवाद जानबूझकर टीआरई-4, बीपीएससी, महंगाई, रोजगार और शिक्षा जैसे ज़मीनी मुद्दों से ध्यान भटकाने की कोशिश है। उन्होंने इसे 'नफरत और बांटने वाली राजनीति' करार दिया।

वंदे मातरम पर पप्पू यादव का तंज

सांसद पप्पू यादव ने वंदे मातरम के छंद को लेकर उठे विवाद पर कहा, 'सावरकर ने तो भगवान के अस्तित्व पर ही सवाल खड़ा किया। आजादी में जिनकी कोई भूमिका नहीं, वो वंदे मातरम के बारे में क्या जानेंगे!' उन्होंने आरोप लगाया कि जो दल मनुस्मृति से आगे नहीं सोचता, वह भारत माता की बात करने का नैतिक अधिकार नहीं रखता।

यह ऐसे समय में आया है जब वंदे मातरम के कुछ छंदों को लेकर देशभर में राजनीतिक बहस तेज़ हो गई है और विभिन्न दलों के नेता एक-दूसरे पर राष्ट्रीय भावनाओं का दुरुपयोग करने का आरोप लगा रहे हैं।

शिक्षा और रोजगार के असली मुद्दे

पप्पू यादव ने टीआरई-4 परीक्षा और बीपीएससी प्रक्रिया पर सरकार को घेरते हुए कहा कि गलत नीतियों के चलते अब स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड से ₹4 लाख की सुविधा भी बंद हो गई है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब एसटीईटी की एक प्रतियोगिता हो चुकी है, तो बार-बार नई परीक्षाओं का बोझ छात्रों पर क्यों डाला जा रहा है।

उन्होंने कहा, 'इस देश में जेन-जी और जेन अल्फा के लिए मुद्दा है उनका रोजगार, उनकी नौकरी, उनकी शिक्षा, उनका स्वास्थ्य। कौन सुनने को बैठा हुआ है?' उनके अनुसार, शिक्षा मंत्री को इन समस्याओं की कोई जानकारी नहीं है और वे युवाओं पर तंज कसने में व्यस्त हैं।

झारखंड हाईकोर्ट के फैसले पर प्रतिक्रिया

सांसद ने झारखंड उच्च न्यायालय द्वारा परीक्षा प्रक्रिया पर लगाई गई रोक का स्वागत करते हुए कहा कि गलती छात्रों की नहीं, बल्कि ब्लैकलिस्टेड कंपनी और संबंधित अधिकारियों की है। उन्होंने माँग की कि सरकार हाईकोर्ट की निगरानी में जाँच कराए और दोषी अधिकारियों को सज़ा दे, न कि छात्रों को।

उन्होंने कहा, 'बदमाशी किया ब्लैकलिस्टेड कंपनी, बदमाशी किया पदाधिकारी — आप उनकी जांच कराइए। दोनों तरफ से बच्चे बर्बाद हो रहे हैं।' उन्होंने आंदोलन कर रहे अभ्यर्थियों को अपना पूर्ण समर्थन देने की घोषणा की।

महंगाई और मंदिर विवाद पर BJP को घेरा

पप्पू यादव ने डीजल, पेट्रोल और इथेनॉल की बढ़ती कीमतों को लेकर BJP सरकार पर निशाना साधा और कहा कि आम आदमी की जिंदगी तबाह हो चुकी है। उन्होंने BJP से चंपत राय, अनिल मिश्रा और गोविंद गिरि को क्लीन चिट देने और मंदिर में कथित चोरी के मामले में जवाब माँगा।

गौरतलब है कि यह पहली बार नहीं है जब पप्पू यादव ने BJP पर इन मुद्दों को लेकर हमला बोला हो — वे लगातार शिक्षा, रोजगार और महंगाई को अपनी राजनीति का केंद्र बनाते रहे हैं। आगे देखना होगा कि सरकार इन सवालों का जवाब देती है या विवाद और गहरा होता है।

संपादकीय दृष्टिकोण

पर मीडिया कवरेज अब भी वंदे मातरम की बहस में उलझी है — यही वह विरोधाभास है जिसे पप्पू यादव उजागर करना चाहते हैं।
RashtraPress
21 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

पप्पू यादव ने वंदे मातरम विवाद पर क्या कहा?
पूर्णिया सांसद पप्पू यादव ने कहा कि आजादी में जिनकी कोई भूमिका नहीं थी, वे वंदे मातरम पर सवाल उठाने के अधिकारी नहीं हैं। उन्होंने इस विवाद को 'नफरत और बांटने वाली राजनीति' बताया और कहा कि यह असली मुद्दों से ध्यान भटकाने की कोशिश है।
पप्पू यादव के अनुसार बिहार के युवाओं के असली मुद्दे क्या हैं?
उनके अनुसार असली मुद्दे टीआरई-4, बीपीएससी, बीएसएससी परीक्षाएँ, स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड से ₹4 लाख की सुविधा बंद होना, महंगाई और युवाओं का रोजगार हैं। उन्होंने कहा कि जेन-जी और जेन अल्फा पीढ़ी के लिए शिक्षा, नौकरी और स्वास्थ्य सबसे बड़े सवाल हैं।
झारखंड हाईकोर्ट के फैसले पर पप्पू यादव की क्या राय है?
पप्पू यादव ने झारखंड उच्च न्यायालय की रोक का स्वागत किया और कहा कि गलती छात्रों की नहीं, बल्कि ब्लैकलिस्टेड कंपनी और संबंधित अधिकारियों की है। उन्होंने माँग की कि सरकार हाईकोर्ट की निगरानी में जाँच कराए और दोषियों को सज़ा दे।
पप्पू यादव ने BJP से मंदिर विवाद पर क्या जवाब माँगा?
उन्होंने BJP से चंपत राय, अनिल मिश्रा और गोविंद गिरि को क्लीन चिट देने का कारण पूछा और मंदिर में कथित चोरी के मामले में स्पष्टीकरण माँगा। उन्होंने कहा कि महंगाई, डीजल-पेट्रोल और इथेनॉल की कीमतों ने आम आदमी की जिंदगी तबाह कर दी है।
टीआरई-4 आंदोलन पर पप्पू यादव का क्या रुख है?
पप्पू यादव ने टीआरई-4 के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे अभ्यर्थियों को अपना पूर्ण समर्थन देने की घोषणा की। उन्होंने नेगेटिव मार्किंग के फैसले को गलत बताया और शिक्षा मंत्री से इस निर्णय का आधार पूछा।
राष्ट्र प्रेस
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