28 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

सीएम योगी ने नोएडा में ई-बस सेवा को हरी झंडी दिखाई, NCR में 200 इलेक्ट्रिक बसें चलाने का लक्ष्य

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
सीएम योगी ने नोएडा में ई-बस सेवा को हरी झंडी दिखाई, NCR में 200 इलेक्ट्रिक बसें चलाने का लक्ष्य

सारांश

सीएम योगी ने नोएडा के शिल्प हाट से ई-बस सेवा का शुभारंभ किया — पहले चरण में तीन प्राधिकरणों में 10-10 बसें, किराया ₹20 से ₹50। साल के अंत तक 200 इलेक्ट्रिक बसें NCR की सड़कों पर उतरेंगी और जेवर एयरपोर्ट को भी इस नेटवर्क से जोड़ा जाएगा।

मुख्य बातें

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 12 जून को नोएडा सेक्टर-33ए, शिल्प हाट से ई-बस सेवा को हरी झंडी दिखाई।
पहले चरण में नोएडा , ग्रेटर नोएडा और यमुना अथॉरिटी — तीनों में 10-10 इलेक्ट्रिक बसें संचालित होंगी।
यात्री किराया न्यूनतम ₹20 और अधिकतम ₹50 तय किया गया है।
मार्गों में जेवर एयरपोर्ट , बॉटनिकल गार्डन , सराय काले खां , आनंद विहार और गाजियाबाद शामिल हैं।
कुल योजना में 100 ई-बसें ; उत्तर प्रदेश कैबिनेट ने 100 अतिरिक्त बसों को मंजूरी दी — वर्ष अंत तक 200 बसें सड़क पर।

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार, 12 जून को नोएडा के सेक्टर-33ए स्थित शिल्प हाट से बहुप्रतीक्षित ई-बस सेवा को हरी झंडी दिखाई। इस सेवा का उद्देश्य नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना अथॉरिटी क्षेत्रों में सार्वजनिक परिवहन को पर्यावरण अनुकूल और अधिक सुलभ बनाना है।

उद्घाटन समारोह का विवरण

शिल्प हाट कॉम्प्लेक्स में आयोजित उद्घाटन कार्यक्रम में लगभग 300 लोगों के शामिल होने की उम्मीद थी। समारोह में 10 इलेक्ट्रिक बसों को औपचारिक रूप से हरी झंडी दिखाई गई, जबकि शेष बसें सेक्टर-90 के बस डिपो से अपने निर्धारित मार्गों पर रवाना हुईं।

पहले चरण की योजना

पहले चरण में तीनों प्राधिकरण — नोएडा अथॉरिटी, ग्रेटर नोएडा अथॉरिटी और यमुना अथॉरिटी — अपने-अपने क्षेत्रों में 10-10 इलेक्ट्रिक बसें संचालित करेंगी। नोएडा अथॉरिटी की एसीईसी वंदना त्रिपाठी के अनुसार, तीनों प्राधिकरणों ने अपने-अपने क्षेत्रों के लिए मार्गों का विस्तृत खाका तैयार किया है। यात्रियों के लिए किराया न्यूनतम ₹20 और अधिकतम ₹50 निर्धारित किया गया है, जो इसे मेट्रो के मुकाबले एक किफायती विकल्प बनाता है।

प्रमुख मार्ग और कनेक्टिविटी

ई-बस सेवा का सबसे अहम लक्ष्य आगामी नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (जेवर) को नोएडा, ग्रेटर नोएडा और आसपास के इलाकों से जोड़ना है। कई मार्ग सीधे एयरपोर्ट तक जाएंगे, जबकि अन्य बसें बॉटनिकल गार्डन, सेक्टर-62, ग्रेटर नोएडा वेस्ट, सूरजपुर और परी चौक जैसे प्रमुख स्थानों को जोड़ेंगी।

इसके अतिरिक्त, सराय काले खां, आनंद विहार, गाजियाबाद और आईएसबीटी के लिए भी कनेक्टिविटी प्रदान की जाएगी। यमुना अथॉरिटी क्षेत्र में ग्रामीण और शहरी इलाकों को जोड़ने के लिए कई लंबी दूरी के मार्ग भी निर्धारित किए गए हैं।

विस्तार की रूपरेखा

नोएडा अथॉरिटी के मुताबिक, मौजूदा योजना में कुल 100 ई-बसें चलाना शामिल है — जिनमें से 50 बसें नोएडा के लिए और 25-25 बसें ग्रेटर नोएडा तथा यमुना अथॉरिटी क्षेत्रों के लिए आवंटित हैं। उत्तर प्रदेश कैबिनेट ने इसके अतिरिक्त 100 और ई-बसों को भी मंजूरी दे दी है। इस प्रकार वर्ष के अंत तक सड़कों पर लगभग 200 इलेक्ट्रिक बसें चलने की संभावना है, जो NCR के सार्वजनिक परिवहन ढाँचे को एक नई दिशा देगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली कसौटी क्रियान्वयन की गति होगी — NCR में पहले भी कई परिवहन योजनाएँ घोषणाओं तक सिमट कर रह गई हैं। जेवर एयरपोर्ट से कनेक्टिविटी का वादा तभी सार्थक होगा जब एयरपोर्ट के परिचालन से पहले बस नेटवर्क पूरी तरह तैयार हो। यह भी ध्यान देने योग्य है कि ₹20–₹50 का किराया मेट्रो की तुलना में सस्ता है, पर बसों की नियमितता और रूट कवरेज पर यात्रियों का भरोसा बनाना ज़रूरी होगा। 200 बसों का लक्ष्य महत्वाकांक्षी है, लेकिन बिना मज़बूत संचालन ढाँचे के यह संख्या भी अपर्याप्त साबित हो सकती है।
RashtraPress
28 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

नोएडा ई-बस सेवा की शुरुआत कब और कहाँ से हुई?
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 12 जून को नोएडा के सेक्टर-33ए स्थित शिल्प हाट से ई-बस सेवा को हरी झंडी दिखाई। शेष बसें सेक्टर-90 के बस डिपो से अपने तय मार्गों पर रवाना हुईं।
नोएडा ई-बस सेवा का किराया कितना है?
इस सेवा में न्यूनतम किराया ₹20 और अधिकतम किराया ₹50 निर्धारित किया गया है। यह किराया यात्रियों को सस्ता और सुविधाजनक परिवहन विकल्प देने के उद्देश्य से तय किया गया है।
ई-बस सेवा किन-किन इलाकों को जोड़ेगी?
ई-बस सेवा नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना अथॉरिटी क्षेत्रों को आपस में जोड़ेगी। प्रमुख मार्गों में जेवर एयरपोर्ट, बॉटनिकल गार्डन, सेक्टर-62, ग्रेटर नोएडा वेस्ट, सूरजपुर, परी चौक, सराय काले खां, आनंद विहार, गाजियाबाद और आईएसबीटी शामिल हैं।
कुल कितनी ई-बसें चलाई जाएंगी?
पहले चरण में तीनों प्राधिकरणों में 10-10 बसें चलेंगी। मौजूदा योजना में 100 बसें हैं, और उत्तर प्रदेश कैबिनेट ने 100 अतिरिक्त बसों को भी मंजूरी दी है — इस प्रकार वर्ष के अंत तक NCR में लगभग 200 इलेक्ट्रिक बसें संचालित होने की उम्मीद है।
जेवर एयरपोर्ट को ई-बस नेटवर्क से कब जोड़ा जाएगा?
ई-बस सेवा का एक प्रमुख उद्देश्य आगामी नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (जेवर) को नोएडा और ग्रेटर नोएडा से जोड़ना है। कई मार्ग सीधे एयरपोर्ट तक जाने के लिए निर्धारित किए गए हैं, हालाँकि एयरपोर्ट के परिचालन की तिथि के अनुसार इन मार्गों की सक्रियता तय होगी।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 महीना पहले
  2. 1 महीना पहले
  3. 1 महीना पहले
  4. 1 महीना पहले
  5. 1 महीना पहले
  6. 1 महीना पहले
  7. 1 महीना पहले
  8. 2 महीने पहले