योगी सरकार ने बढ़ाया महंगाई भत्ता: UP के 16 लाख कर्मचारियों-पेंशनर्स को मिलेगा 2% अधिक DA
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य के 16 लाख सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स के महंगाई भत्ते (डीए) में 2 प्रतिशत की वृद्धि को मंजूरी दे दी है। 21 अप्रैल 2026 को जारी सरकारी आदेश के अनुसार, यह बढ़ोतरी 1 जनवरी 2026 से प्रभावी मानी जाएगी और बढ़ा हुआ डीए मई 2026 के वेतन के साथ लागू होगा। इस निर्णय के बाद राज्य कर्मचारियों का कुल महंगाई भत्ता 58 प्रतिशत से बढ़कर 60 प्रतिशत हो गया है।
मुख्य घटनाक्रम
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सरकार द्वारा जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि बढ़ा हुआ डीए मई 2026 के वेतन के साथ देय होगा। चूँकि मई माह का वेतन जून की शुरुआत में कर्मचारियों के खातों में पहुँचता है, इसलिए कर्मचारियों और पेंशनर्स को बढ़ी हुई राशि जून 2026 में प्राप्त होगी। इसके अतिरिक्त, जनवरी 2026 से अप्रैल 2026 तक के चार महीनों का एरियर भी अलग से दिया जाएगा।
किसे मिलेगा लाभ
सरकारी आदेश के अनुसार, इस बढ़ोतरी का लाभ नियमित कर्मचारियों के साथ-साथ शिक्षकों और पेंशनर्स को भी मिलने की संभावना है। राज्य के तकरीबन 16 लाख सरकारी कर्मचारी और पेंशनर्स इस फैसले से सीधे लाभान्वित होंगे, जिससे उन्हें महँगाई के बोझ से कुछ राहत मिलने की उम्मीद है।
केंद्र और अन्य राज्यों की पहल के बाद UP का कदम
यह ऐसे समय में आया है जब वित्त मंत्रालय ने 22 अप्रैल 2026 को केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों के डीए में 2 प्रतिशत की वृद्धि की घोषणा की थी, जिसे 1 जनवरी 2026 से प्रभावी किया गया। बताया जा रहा है कि केंद्र के इस फैसले के बाद ही उत्तर प्रदेश सरकार ने यह कदम उठाया। गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश से पहले तमिलनाडु, ओडिशा और बिहार सहित कई राज्य अपने कर्मचारियों के डीए में बढ़ोतरी कर चुके हैं।
बैंक और रेलवे कर्मचारियों को भी राहत
इंडियन बैंक्स एसोसिएशन (IBA) ने मई, जून और जुलाई 2026 के लिए बैंक कर्मचारियों के महंगाई भत्ते की दरों में संशोधन किया है। इसी क्रम में भारतीय रेलवे ने भी 13 मई को महंगाई भत्ते और महंगाई राहत दरों में 2 प्रतिशत की वृद्धि की घोषणा की। इस प्रकार केंद्र से लेकर राज्यों तक, सरकारी कर्मचारियों के लिए डीए वृद्धि की एक व्यापक लहर देखी जा रही है।
आगे क्या
बढ़े हुए एरियर और संशोधित वेतन के साथ, कर्मचारी संगठनों को उम्मीद है कि इससे उपभोक्ता खर्च में भी कुछ इज़ाफा होगा। विशेषज्ञों के अनुसार, डीए में यह बढ़ोतरी तत्काल वित्तीय राहत तो देती है, लेकिन दीर्घकालिक वेतन संरचना सुधार की माँग अभी भी बनी हुई है।