अहमदाबाद में फाइव-स्टार होटलों की बाढ़: कॉमनवेल्थ 2030 और ओलंपिक 2036 की दावेदारी से निर्माण में तेज़ी
सारांश
मुख्य बातें
अहमदाबाद में कॉमनवेल्थ गेम्स 2030 की मेज़बानी और 2036 ओलंपिक के लिए भारत की दावेदारी ने शहर के हॉस्पिटैलिटी क्षेत्र में निर्माण गतिविधि को नई ऊँचाई पर पहुँचा दिया है। अहमदाबाद म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन (AMC) के आँकड़ों के अनुसार, 2025 में 9 होटलों को निर्माण मंजूरी मिल चुकी है और 2026 में 4 और होटलों को स्वीकृति दी गई है।
मुख्य घटनाक्रम
सिंधु भवन रोड और आसपास के इलाकों में 5 नए फाइव-स्टार होटल परियोजनाएँ प्रस्तावित हैं, जिनमें से 3 का निर्माण कार्य पहले से शुरू हो चुका है। साबरमती नदी के पश्चिमी किनारे पर 200 से 300 कमरों वाले एक 16-मंजिला फाइव-स्टार होटल के साथ-साथ एक बड़े कन्वेंशन और एग्जिबिशन सेंटर के निर्माण की भी योजना है।
इसके अलावा, हवाई अड्डे के निकट एक या दो नए होटल भी विकसित किए जा रहे हैं। होटल एसोसिएशन, अहमदाबाद के अध्यक्ष नरेंद्र सोमानी के अनुसार, 'दो या तीन और होटलों की योजना मंजूरी के लिए नगर निगम को भेजी गई है और उन पर काम जल्द ही शुरू होने वाला है।'
नगर निगम की प्रतिक्रिया
अहमदाबाद म्युनिसिपल कमिश्नर बंछानिधि पाणी ने कहा, '2025 में अहमदाबाद म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन एरिया में हमने लगभग नौ होटलों को मंजूरी दी है जिनका निर्माण अभी चल रहा है। 2026 में चार और होटलों को स्वीकृति दी गई है जिनका निर्माण कार्य भी जारी है।' उन्होंने यह भी जोड़ा कि शहर के अलग-अलग हिस्सों में बड़ी संख्या में होटल एक साथ निर्माणाधीन हैं।
बुनियादी ढाँचे का व्यापक विस्तार
केवल होटल ही नहीं, अहमदाबाद में सड़क, पुल, जल आपूर्ति, ड्रेनेज, रेलवे और सार्वजनिक परिवहन से जुड़ी कई बड़ी परियोजनाएँ एक साथ चल रही हैं। यह ऐसे समय में आया है जब शहर एक साथ दो वैश्विक खेल आयोजनों की मेज़बानी के लिए खुद को तैयार कर रहा है। कॉमनवेल्थ गेम्स 2030 का आयोजन अहमदाबाद में होना निर्धारित है, जबकि 2036 ओलंपिक के लिए भारत सरकार की आधिकारिक दावेदारी में अहमदाबाद प्रस्तावित मेज़बान शहर है।
आम जनता और उद्योग पर असर
होटल एसोसिएशन, अहमदाबाद के अध्यक्ष नरेंद्र सोमानी ने कहा कि शहर में हॉस्पिटैलिटी और इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाएँ 'हर जगह' बन रही हैं। रिवर फ्रंट पर एक बड़े कन्वेंशन सेंटर और फाइव-स्टार होटल का विकास न केवल वैश्विक खेल आयोजनों बल्कि व्यापार पर्यटन और MICE (मीटिंग्स, इंसेंटिव, कॉन्फ्रेंस, एग्जिबिशन) उद्योग के लिए भी शहर की क्षमता को बढ़ाएगा।
क्या होगा आगे
गौरतलब है कि 2036 ओलंपिक की मेज़बानी अभी भारत को औपचारिक रूप से मिली नहीं है, और अंतिम निर्णय अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति (IOC) द्वारा लिया जाएगा। बावजूद इसके, अहमदाबाद में निर्माण की गति यह स्पष्ट करती है कि शहर और राज्य सरकार इस दावेदारी को लेकर पूरी तरह आश्वस्त है। आने वाले वर्षों में अहमदाबाद एक विश्वस्तरीय महानगर के रूप में उभरने की दिशा में तेज़ी से बढ़ रहा है।