एपीएल 2026 में मोईन अली और हेल्स समेत 8 इंग्लिश खिलाड़ी ड्राफ्ट में, खेलना आईसीसी की मंजूरी पर निर्भर
सारांश
मुख्य बातें
अफगानिस्तान प्रीमियर लीग टी20 (एपीएल) के लिए 5 नवंबर 2026 को आयोजित ड्राफ्ट में मोईन अली और एलेक्स हेल्स सहित इंग्लैंड के 8 खिलाड़ियों को साइन किया गया है। हालांकि, इन खिलाड़ियों का लीग में भाग लेना पूरी तरह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) की आधिकारिक मंजूरी पर निर्भर है, जो अभी तक मिली नहीं है।
ईसीबी का रुख और एनओसी की शर्त
इंग्लैंड और वेल्स क्रिकेट बोर्ड (ईसीबी) ने स्पष्ट किया है कि वह एपीएल के लिए खिलाड़ियों को 'अनापत्ति प्रमाण पत्र' (एनओसी) जारी करने को तैयार है, लेकिन यह सहमति अनिच्छुक है। ईसीबी का कहना है कि वह व्यापार प्रतिबंधों के संभावित कानूनी प्रभाव से बचने के लिए एनओसी देने पर विचार कर रहा है।
गौरतलब है कि कोई भी एनओसी तब तक प्रभावी नहीं होगी जब तक आईसीसी एपीएल को अपनी आधिकारिक स्वीकृति न दे दे। क्रिकइन्फो की रिपोर्टों के अनुसार, एपीएल को अब तक आईसीसी की मंजूरी नहीं मिली है और इस बारे में स्पष्टता भी नहीं है।
आईसीसी की मंजूरी का इतिहास
यह ऐसे समय में आया है जब आईसीसी अक्सर ऐसी लीगों को अंतिम समय में ही अनुमति देती है। उदाहरण के तौर पर, यूरोपियन टी20 प्रीमियर लीग को कुछ दिनों के नोटिस पर ही मंजूरी दी गई थी। ऐसे में एपीएल के लिए भी देरी से निर्णय की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।
एपीएल की पाँच में से केवल तीन फ्रेंचाइजी ही अब तक बिकी हैं। टीम पक्तिया और टीम बल्ख को मंगलवार के ड्राफ्ट में अस्थायी जेनेरिक नाम दिए गए थे।
ड्राफ्ट में शामिल और नाम वापस लेने वाले खिलाड़ी
मंगलवार की नीलामी में साइन किए गए आठ इंग्लिश खिलाड़ियों में एलेक्स हेल्स, मोईन अली, जो क्लार्क, टाइमल मिल्स, ओली स्टोन, ल्यूक वुड, टॉम मूर्स और क्रिस वुड शामिल हैं। ध्यान देने योग्य बात यह है कि इनमें से किसी भी खिलाड़ी के पास ईसीबी का सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट नहीं है।
वहीं ओली पोप, विल स्मीड और डेविड विली ने विरोध के चलते ड्राफ्ट से अपना नाम पहले ही वापस ले लिया था। ब्रिटिश नागरिक के तौर पर पाकिस्तान के पूर्व तेज गेंदबाज मोहम्मद आमिर को भी ड्राफ्ट में शामिल किया गया।
ईसीबी का तालिबान पर सख्त रुख
ईसीबी अफगानिस्तान के खिलाफ द्विपक्षीय क्रिकेट सीरीज आयोजित न करने की अपनी नीति पर कायम है। इसकी वजह तालिबान सरकार द्वारा महिलाओं और लड़कियों के साथ किया जाने वाला बुरा बर्ताव है। यह विरोधाभास उल्लेखनीय है — ईसीबी एक तरफ अफगानिस्तान के साथ द्विपक्षीय क्रिकेट नहीं खेलता, लेकिन दूसरी तरफ अपने खिलाड़ियों को एपीएल में जाने की सशर्त अनुमति देने पर विचार कर रहा है।
एपीएल के ड्राफ्ट आयोजन में इयोन मॉर्गन — जिन्होंने इंग्लैंड को 2019 का वनडे विश्व कप जीतवाया था — ब्रॉडकास्ट टीम का हिस्सा थे। मॉर्गन ने ड्राफ्ट को रोमांचक बताया।
कप्तानी में बदलाव और लीग की संरचना
मंगलवार को दो फ्रेंचाइजी ने अपने कप्तान बदले। रहमानुल्लाह गुरबाज नंगरहार कॉस्मिक से टीम पक्तिया में चले गए, जबकि रहमत शाह पक्तिया से नंगरहार कॉस्मिक (जरमाती नंगरहार) में स्थानांतरित हुए।
अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड (एसीबी) ने अपने सोशल मीडिया पर जानकारी देते हुए कहा, "एपीएल तकनीकी कमेटी के फैसले और संबंधित फ्रेंचाइजी मालिकों और कप्तान के बीच आपसी सहमति के बाद, रहमानुल्लाह गुरबाज पक्तिया को लीड करेंगे, जबकि रहमत शाह जरमाती नंगरहार की कमान संभालेंगे।"
एसीबी संचालित इस लीग को ट्रांस ग्रुप और आईटीडब्ल्यू यूनिवर्स मिलकर चलाएंगे। एपीएल का आगाज 27 दिसंबर 2026 को होने वाला है — बशर्ते आईसीसी की मंजूरी समय पर मिल जाए।