एशियन बॉक्सिंग चैंपियनशिप 2025: भारत की अंडर-19 और अंडर-23 टीमें घोषित, विश्वनाथ सुरेश और चंद्रिका पुजारी करेंगे अगुवाई
सारांश
मुख्य बातें
बॉक्सिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया (BFI) ने 2 जुलाई को अंडर-19 और अंडर-23 एशियन बॉक्सिंग चैंपियनशिप के लिए भारतीय दलों की आधिकारिक घोषणा की, जो 3 से 16 जुलाई के बीच इंडोनेशिया के जकार्ता में आयोजित होगी। मौजूदा एशियन चैंपियन विश्वनाथ सुरेश (50 किग्रा, अंडर-23 पुरुष) और वर्ल्ड बॉक्सिंग फ्यूचर्स कप स्वर्ण पदक विजेता चंद्रिका पुजारी (51 किग्रा, अंडर-19 महिला) इस महाद्वीपीय प्रतियोगिता में भारत का नेतृत्व करेंगी। दोनों आयु वर्गों में अनुभवी और उभरते खिलाड़ियों का संतुलित संयोजन बनाया गया है।
अंडर-23 पुरुष टीम
पुरुषों के अंडर-23 वर्ग में विश्वनाथ सुरेश 50 किग्रा कैटेगरी में टीम की कमान संभालेंगे। उनके साथ गंगा (55 किग्रा), सागर जाखड़ (60 किग्रा), वंशज (65 किग्रा), हितेश (70 किग्रा), नीरज (75 किग्रा), आर्यन मलिक (80 किग्रा), रॉकी चौधरी (85 किग्रा), हेमंत सांगवान (90 किग्रा) और ईशान कटारिया (90+ किग्रा) शामिल हैं। यह टीम भार वर्गों की व्यापक रेंज को कवर करती है, जो भारतीय युवा मुक्केबाज़ी की बढ़ती गहराई को दर्शाती है।
अंडर-23 महिला टीम
महिलाओं के अंडर-23 दल में निधि (48 किग्रा), तनु (51 किग्रा), निशा (54 किग्रा), प्राची (57 किग्रा), निकिता चंद (60 किग्रा), काजल (65 किग्रा), शिवानी (70 किग्रा), मुस्कान (75 किग्रा), नैना (80 किग्रा) और प्रियंका (80+ किग्रा) को जगह मिली है। गौरतलब है कि महिला वर्ग में भी सभी 10 भार कैटेगरी में खिलाड़ी उतारे जा रहे हैं।
अंडर-19 महिला और पुरुष टीम
अंडर-19 महिला वर्ग में चंद्रिका पुजारी 51 किग्रा में टीम का नेतृत्व करेंगी। उनके साथ गुंजन (48 किग्रा), चिरोम जॉयश्री देवी (54 किग्रा), प्राची (57 किग्रा), चाहत (60 किग्रा), वंशिका (65 किग्रा), लक्षु (70 किग्रा), अंशिका (75 किग्रा), मेघा श्योकंद (80 किग्रा) और प्राची टोकस (80+ किग्रा) शामिल हैं।
अंडर-19 पुरुष दल में लैरेनलाकपाम अंबेकर मीतेई (50 किग्रा), आदित्य (55 किग्रा), सिकंदर (60 किग्रा), मौसम सुहाग (65 किग्रा), प्रशांत (70 किग्रा), देवेंद्र चौधरी (75 किग्रा), लोकेश (80 किग्रा), सागर (85 किग्रा), शुभम राजपूत (90 किग्रा) और लोवेन गुलिया (90+ किग्रा) को चुना गया है।
तैयारी और राष्ट्रीय कैंप
चुने गए सभी मुक्केबाज़ राष्ट्रीय कैंप में प्रशिक्षण ले रहे हैं, जहाँ तकनीकी परिष्कार, रणनीतिक अमल और शारीरिक कंडीशनिंग पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। हाल के महाद्वीपीय और वैश्विक आयोजनों में भारत के उत्साहजनक प्रदर्शन को देखते हुए इस बार पदक तालिका में बेहतर स्थान की उम्मीद है। यह चैंपियनशिप युवा मुक्केबाज़ों के लिए अंतरराष्ट्रीय मंच पर खुद को साबित करने का अहम अवसर है।