बीसीसीआई सचिव सैकिया आज बेंगलुरु में लक्ष्मण से मिलेंगे, बुमराह-सुदर्शन की चोट पर होगी समीक्षा
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) के सचिव देवजीत सैकिया रविवार, 8 अगस्त को बेंगलुरु स्थित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (सीओई) में क्रिकेट हेड वीवीएस लक्ष्मण से मुलाकात करेंगे और भारतीय टीम में लगातार बढ़ रही चोटों की स्थिति की समीक्षा करेंगे। इस हाई-लेवल बैठक में हेड कोच गौतम गंभीर और मुख्य चयनकर्ता अजीत अगरकर के वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के ज़रिए शामिल होने की संभावना अभी अनिश्चित बनी हुई है।
मुख्य घटनाक्रम
सैकिया पहले से ही बेंगलुरु में मौजूद हैं। बैठक का प्राथमिक उद्देश्य आगामी अंतरराष्ट्रीय दौरों से पहले प्रमुख खिलाड़ियों की रिकवरी की समयसीमा तय करना है। सूत्रों के अनुसार, सीओई में रविवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस भी आयोजित की जा सकती है, जिसमें पुरुष क्रिकेट में बार-बार होने वाली चोटों की चिंताओं पर आधिकारिक स्थिति स्पष्ट की जाएगी।
बुमराह और सुदर्शन की स्थिति
तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह चोट के कारण श्रीलंका के खिलाफ दोनों टेस्ट मैचों से बाहर हो चुके हैं। शुरुआत में उम्मीद थी कि वे कम से कम एक टेस्ट के लिए फिट हो जाएंगे, लेकिन ताज़ा मेडिकल जाँच में पता चला है कि उनकी रिकवरी में अभी और समय लगेगा। बाएं हाथ के बल्लेबाज साई सुदर्शन के दाहिने पैर के अंगूठे में दर्द बना हुआ है — वे पहले टेस्ट से बाहर हैं और दूसरे टेस्ट में उनकी भागीदारी की संभावना भी न के बराबर बताई जा रही है।
सीओई में रिहैब कर रहे खिलाड़ी
हर्षित राणा, नितीश कुमार रेड्डी, वाशिंगटन सुंदर और आकाश दीप — ये चारों अलग-अलग चोटों के कारण सीओई में पुनर्वास कार्यक्रम से गुज़र रहे हैं। इसके अलावा हार्दिक पांड्या और वरुण चक्रवर्ती भी चोट के चलते सीओई में हैं। यह ऐसे समय में आया है जब सीओई की स्पोर्ट्स साइंस टीम पहले से ही भारी दबाव में काम कर रही है।
स्पोर्ट्स साइंस नेतृत्व का संकट
गौरतलब है कि 2025 की शुरुआत में नितिन पटेल के जाने के बाद से बीसीसीआई के पास कोई स्थायी स्पोर्ट्स साइंस हेड नहीं है। आलोचकों का कहना है कि यह नेतृत्व शून्य भारतीय टीम में बढ़ती चोटों की समस्या को और जटिल बना रहा है। यह पहली बार नहीं है जब एक साथ इतने वरिष्ठ खिलाड़ी चोटिल हुए हों — ऑस्ट्रेलिया दौरे के दौरान भी टीम प्रबंधन को इसी तरह की स्थिति का सामना करना पड़ा था।
आगे क्या होगा
रविवार की बैठक के नतीजे तय करेंगे कि श्रीलंका सीरीज और उसके बाद के दौरों के लिए टीम का ढाँचा कैसा रहेगा। बीसीसीआई से अपेक्षा है कि वह जल्द ही एक स्थायी स्पोर्ट्स साइंस हेड की नियुक्ति पर भी फैसला करे, ताकि रिहैबिलिटेशन प्रक्रिया को दीर्घकालिक और व्यवस्थित रूप दिया जा सके।