दिल्ली 2027 में ISF वर्ल्ड स्कूल रेसलिंग व बैडमिंटन चैंपियनशिप की मेजबानी करेगा, 50+ देशों के 1,000 एथलीट लेंगे भाग
सारांश
मुख्य बातें
दिल्ली के शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने शुक्रवार, 26 जून 2026 को दिल्ली सरकार, स्कूल गेम्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (SGFI) और इंटरनेशनल स्कूल स्पोर्ट फेडरेशन (ISF) के बीच एक ऐतिहासिक त्रिपक्षीय समझौते पर हस्ताक्षर किए। इस समझौते के तहत 2027 में ISF वर्ल्ड स्कूल रेसलिंग चैंपियनशिप और ISF वर्ल्ड स्कूल बैडमिंटन चैंपियनशिप की मेजबानी नई दिल्ली करेगी — यह पहली बार होगा जब राष्ट्रीय राजधानी को ISF वर्ल्ड स्कूल चैंपियनशिप की मेजबानी का अवसर मिला है।
समझौते का विवरण और भागीदारी
शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने बताया कि इन दोनों प्रतियोगिताओं में 50 से अधिक देशों के 1,000 से अधिक एथलीट हिस्सा लेंगे। उन्होंने कहा, 'दिल्ली में आयोजित होने वाले इन लोकप्रिय खेल आयोजनों में दुनिया भर से हजारों एथलीट, कोच, तकनीकी अधिकारी और डेलीगेट एक साथ आएंगे। इससे शहर की वैश्विक खेल पहचान और मजबूत होगी।' इन आयोजनों की तैयारियाँ पहले से ही शुरू हो चुकी हैं।
युवा एथलीटों को मिलेगा अंतरराष्ट्रीय मंच
सूद ने कहा कि यह समझौता युवा एथलीटों का हौसला बढ़ाएगा, उनका प्रदर्शन बेहतर करेगा और उन्हें विश्व-स्तरीय खेल सुविधाओं तथा अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भाग लेने का अमूल्य अवसर प्रदान करेगा। उन्होंने कहा, 'यह इवेंट भारतीय स्कूल एथलीटों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मुकाबला करने का एक बहुत कीमती मौका देगा और एक जीवंत खेल संस्कृति को बढ़ावा देगा।' यह आयोजन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 'खेलो इंडिया' और 'फिट इंडिया' अभियानों को नई गति देने की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
दिल्ली सरकार की खेल रणनीति
सूद ने बताया कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में दिल्ली सरकार राष्ट्रीय राजधानी को अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजनों के लिए एक प्रमुख केंद्र बनाने की दिशा में लगातार काम कर रही है। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि आगामी समय में कॉमनवेल्थ टेबल टेनिस चैंपियनशिप की मेजबानी भी दिल्ली करेगी, जो शहर की बढ़ती खेल क्षमता को दर्शाता है। सूद के अनुसार, 'यह दिल्ली के खेल इकोसिस्टम को मजबूत करेगा और शहर को भविष्य के राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजनों के लिए और सक्षम बनाएगा।'
वैश्विक खेल पहचान की ओर बड़ा कदम
गौरतलब है कि यह समझौता ऐसे समय में हुआ है जब भारत वैश्विक खेल महाशक्ति बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। 2036 ओलंपिक की मेजबानी की दावेदारी और विभिन्न अंतरराष्ट्रीय आयोजनों की मेजबानी के बीच दिल्ली का यह कदम देश की खेल कूटनीति को नई ऊँचाई देता है। सूद ने कहा कि यह चैंपियनशिप 'भारत के वैश्विक खेल पावरहाउस बनने के सपने को पूरा करने की दिशा में एक और बड़ा कदम होगी।' आने वाले महीनों में आयोजन की विस्तृत रूपरेखा सार्वजनिक किए जाने की संभावना है।