ईरान का अमेरिका में मैच खेलने से इनकार, विश्व कप का बहिष्कार नहीं
सारांश
Key Takeaways
- ईरान ने अमेरिका में विश्व कप मैचों का बहिष्कार किया है।
- टीम तुर्की में प्रशिक्षण शिविर आयोजित करेगी।
- विश्व कप 2026 में ईरान की भागीदारी महत्वपूर्ण है।
- फीफा सभी टीमों के साथ संपर्क में है।
- ईरान ने सुरक्षा चिंताओं के चलते यह निर्णय लिया है।
तेहरान, 19 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। ईरान ने फीफा विश्व कप 2026 के बहिष्कार की धमकी को वापस ले लिया है। हालांकि, ईरान ने अमेरिका में होने वाले मैचों में भाग न लेने की अपनी मांग पर कायम रहने का फैसला किया है। ईरान के फुटबॉल प्रमुख मेहदी ताज ने कहा कि टीम टूर्नामेंट की तैयारियों को जारी रखेगी, भले ही पुरुष टीम अमेरिका में अपने मैच न खेले।
यह फुटबॉल विश्व कप 11 जून से 19 जुलाई तक अमेरिका, मेक्सिको और कनाडा में आयोजित होना है। पिछले महीने अमेरिका के साथ चल रहे विवाद के कारण ईरान की टीम की सुरक्षा और मैचों के स्थान को लेकर अनिश्चितता उत्पन्न हुई थी। इसीलिए ईरान ने अमेरिका में विश्व कप के दौरान अपने प्रस्तावित मैच खेलने से मना कर दिया है। उल्लेखनीय है कि ईरान विश्व कप में क्वालीफाई करने वाली पहली टीमों में से एक है।
फार्स न्यूज एजेंसी के अनुसार, मेहदी ताज ने कहा, "राष्ट्रीय टीम तुर्की में एक प्रशिक्षण शिविर आयोजित करेगी और वहां दो मैत्रीपूर्ण मैच खेलेगी। हम अमेरिका का बहिष्कार करेंगे, लेकिन विश्व कप का नहीं।"
ताज का यह बयान ईरान के खेल मंत्री अहमद डोनयामाली के उस बयान के बाद आया है जिसमें उन्होंने कहा था कि ईरान विश्व कप में भाग नहीं लेगा। ईरान की पुरुष टीम को जून में अमेरिका में बेल्जियम, मिस्र और न्यूजीलैंड के साथ मैच खेलने हैं।
मेक्सिको की राष्ट्रपति क्लाउडिया शीनबाम ने ईरान के अमेरिका में विश्व कप मैचों के बहिष्कार पर कहा कि अंतिम निर्णय फीफा के हाथ में है। फीफा ने भी पुष्टि की है कि वे ईरान फुटबॉल फेडरेशन के संपर्क में हैं और चाहते हैं कि सभी टीमें अपने निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार टूर्नामेंट में भाग लें।
ईरान ने इजरायल और अमेरिका की ओर से निरंतर हो रहे हमलों और बिना किसी कारण युद्ध छेड़ने की वजह से यह निर्णय लिया है। अब देखना होगा कि क्या फीफा ईरान के लिए विश्व कप के मैच अमेरिका से हटाकर किसी अन्य स्थान पर आयोजित करेगा या नहीं।