16 सितंबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

रविचंद्रन अश्विन: 500+ विकेट और 6 टेस्ट शतक, भारत के लिए 11 बार 'प्लेयर ऑफ द सीरीज'

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
रविचंद्रन अश्विन: 500+ विकेट और 6 टेस्ट शतक, भारत के लिए 11 बार 'प्लेयर ऑफ द सीरीज'

सारांश

500 से अधिक टेस्ट विकेट और 6 शतक — यह संयोजन विश्व क्रिकेट में केवल अश्विन के नाम है। चेन्नई में जन्मे इस स्पिनर ने माँ की सलाह पर गेंदबाज़ी अपनाई, और फिर 11 बार 'प्लेयर ऑफ द सीरीज' जीतकर भारतीय क्रिकेट की विरासत को नई ऊँचाई दी।

मुख्य बातें

रविचंद्रन अश्विन टेस्ट क्रिकेट में 500+ विकेट और 6 शतक का दोहरा कीर्तिमान रखने वाले विश्व के इकलौते खिलाड़ी हैं।
उन्होंने 106 टेस्ट मैचों में 537 विकेट लिए और 37 बार एक पारी में 5 या अधिक विकेट हासिल किए।
भारत की ओर से सर्वाधिक — 11 बार — 'प्लेयर ऑफ द सीरीज' जीतने का रिकॉर्ड अश्विन के नाम है।
अश्विन का जन्म 17 सितंबर 1986 को चेन्नई में हुआ; अंतरराष्ट्रीय पदार्पण 2010 में जिम्बाब्वे के खिलाफ हुआ।
भारत सरकार ने उन्हें 2005 में पद्म श्री और 2015 में अर्जुन पुरस्कार से सम्मानित किया।

रविचंद्रन अश्विन भारतीय क्रिकेट इतिहास के उन चुनिंदा खिलाड़ियों में शामिल हैं, जिन्होंने गेंद और बल्ले — दोनों से असाधारण योगदान दिया। टेस्ट क्रिकेट में 500 से अधिक विकेट लेने के साथ-साथ 6 शतक लगाने का अनोखा कीर्तिमान उनके नाम दर्ज है — विश्व क्रिकेट में आज तक कोई अन्य खिलाड़ी यह उपलब्धि हासिल नहीं कर पाया है। भारत की ओर से सर्वाधिक — 11 बार — 'प्लेयर ऑफ द सीरीज' जीतने का रिकॉर्ड भी उन्हीं के नाम है।

प्रारंभिक जीवन और क्रिकेट की शुरुआत

रविचंद्रन अश्विन का जन्म 17 सितंबर 1986 को चेन्नई में हुआ। उनके पिता स्वयं एक मध्यम गति के गेंदबाज थे और उन्हीं की प्रेरणा से अश्विन ने क्रिकेट से पहली पहचान बनाई। करियर की शुरुआत में वे सलामी बल्लेबाज की भूमिका निभाते थे।

14 वर्ष की उम्र में एक गंभीर चोट ने उन्हें लंबे समय तक मैदान से दूर रखा। मैदान पर वापसी के समय सलामी बल्लेबाज की जगह भर चुकी थी। तब उनकी माँ की सलाह पर उन्होंने स्पिन गेंदबाज़ी में हाथ आज़माया और जल्द ही इसमें इस कदर रम गए कि पूरे विश्व क्रिकेट ने उनका लोहा माना।

अंतरराष्ट्रीय करियर की शुरुआत

घरेलू क्रिकेट में लगातार उम्दा प्रदर्शन के बाद 2010 में अश्विन को भारतीय टीम का बुलावा मिला। उन्होंने जिम्बाब्वे के खिलाफ वनडे फॉर्मेट में अंतरराष्ट्रीय पदार्पण किया और उसी वर्ष टी20 इंटरनेशनल में भी कदम रखा। टेस्ट क्रिकेट में उनका डेब्यू 2011 में वेस्टइंडीज के खिलाफ हुआ।

अश्विन विश्व कप 2011 में चैंपियन भारतीय टीम का अभिन्न हिस्सा रहे। इसके अलावा 2013 में एम.एस. धोनी की कप्तानी में टीम इंडिया को चैंपियंस ट्रॉफी का खिताब दिलाने में भी उन्होंने अहम भूमिका निभाई। यह ऐसे समय की बात है जब भारत का स्पिन आक्रमण विश्व में सर्वश्रेष्ठ माना जाता था।

रिकॉर्ड और उपलब्धियाँ

अश्विन ने भारत के लिए खेले 106 टेस्ट मैचों में कुल 537 विकेट झटके। इस दौरान उन्होंने 37 बार एक पारी में 5 या अधिक विकेट लेने का कारनामा किया — एक अभूतपूर्व उपलब्धि। वे टेस्ट क्रिकेट में सबसे तेज 250 और 300 विकेट पूरे करने वाले गेंदबाज़ भी रहे।

116 वनडे मैचों में उन्होंने 156 विकेट लिए, जबकि 65 टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में 72 विकेट उनके खाते में आए। बल्ले से भी अश्विन का योगदान उल्लेखनीय रहा — टेस्ट में 3,503 रन और 6 शतक, जबकि वनडे में 707 रन500 से अधिक टेस्ट विकेट और 6 टेस्ट शतकों का दोहरा कीर्तिमान विश्व क्रिकेट में आज तक किसी अन्य खिलाड़ी ने नहीं बनाया।

सम्मान और पुरस्कार

भारतीय टीम की ओर से टेस्ट सीरीज में सर्वाधिक बार 'प्लेयर ऑफ द सीरीज' जीतने का रिकॉर्ड अश्विन के नाम है — उन्होंने यह पुरस्कार अपने करियर में कुल 11 बार हासिल किया। भारत सरकार ने उन्हें 2015 में अर्जुन पुरस्कार से सम्मानित किया। इससे पूर्व 2005 में उन्हें पद्म श्री से भी नवाज़ा गया था।

गौरतलब है कि अश्विन ने इन उपलब्धियों का आधार केवल घरेलू पिचों पर नहीं, बल्कि विदेशी परिस्थितियों में भी अपनी गेंदबाज़ी की विविधता से तैयार किया। आने वाली पीढ़ी के स्पिनरों के लिए अश्विन का करियर एक संपूर्ण पाठ्यक्रम की तरह है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन 37 बार एक पारी में 5 विकेट का आँकड़ा यह बहस खत्म करता है। सबसे महत्वपूर्ण यह है कि 500 विकेट और 6 शतकों का संयोजन खेल के किसी भी युग में दोहराया नहीं गया — यह बताता है कि अश्विन महज़ एक विशेषज्ञ गेंदबाज नहीं, बल्कि एक पूर्ण टेस्ट क्रिकेटर थे।
RashtraPress
16 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

रविचंद्रन अश्विन का वह कौन-सा रिकॉर्ड है जो विश्व क्रिकेट में अनोखा है?
अश्विन टेस्ट क्रिकेट में 500 से अधिक विकेट लेने के साथ-साथ 6 शतक लगाने वाले दुनिया के इकलौते खिलाड़ी हैं। यह संयोजन आज तक कोई अन्य क्रिकेटर हासिल नहीं कर पाया है।
अश्विन ने टेस्ट क्रिकेट में कितने विकेट लिए?
अश्विन ने भारत के लिए 106 टेस्ट मैचों में कुल 537 विकेट लिए। इस दौरान उन्होंने 37 बार एक पारी में 5 या अधिक विकेट लेने का कारनामा किया।
अश्विन ने 'प्लेयर ऑफ द सीरीज' अवॉर्ड कितनी बार जीता?
रविचंद्रन अश्विन ने अपने करियर में 11 बार 'प्लेयर ऑफ द सीरीज' अवॉर्ड जीता, जो भारत की ओर से किसी भी खिलाड़ी द्वारा सर्वाधिक है।
अश्विन ने क्रिकेट में स्पिन गेंदबाज़ी कैसे अपनाई?
करियर की शुरुआत में अश्विन सलामी बल्लेबाज थे, लेकिन 14 वर्ष की उम्र में चोट के कारण लंबे समय तक बाहर रहने के बाद जब वापसी हुई तो वह जगह भर चुकी थी। अपनी माँ की सलाह पर उन्होंने स्पिन गेंदबाज़ी अपनाई और जल्द ही भारतीय क्रिकेट के स्तंभ बन गए।
रविचंद्रन अश्विन को सरकारी पुरस्कार कब मिले?
भारत सरकार ने अश्विन को 2005 में 'पद्म श्री' और 2015 में 'अर्जुन पुरस्कार' से सम्मानित किया। ये पुरस्कार उनके खेल में असाधारण योगदान की आधिकारिक मान्यता हैं।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 53 मिनट पहले
  2. 1 महीना पहले
  3. 8 महीने पहले
  4. 10 महीने पहले
  5. 1 साल पहले
  6. 1 साल पहले
  7. 1 साल पहले
  8. 1 साल पहले