रॉब वाल्टर बोले: भारत के खिलाफ दोनों टी20 में 80% अच्छा खेले, पर जीत नहीं मिली
सारांश
मुख्य बातें
न्यूजीलैंड के हेड कोच रॉब वाल्टर ने स्वीकार किया कि क्राइस्टचर्च के हेगले ओवल में भारत के खिलाफ खेले गए दोनों टी20 मैचों में उनकी टीम जीत की दहलीज तक पहुँची, लेकिन हर बार मैच को जीत में तब्दील नहीं कर सकी। दोनों ही मुकाबलों में न्यूजीलैंड को चार विकेट से हार का सामना करना पड़ा, जो कि पाँच मैचों की सीरीज के शुरुआती दो नतीजे हैं।
वाल्टर का खुलासा: कहाँ चूके
न्यूजीलैंड क्रिकेट द्वारा रविवार को जारी एक वीडियो में वाल्टर ने कहा, 'यह वाकई मुश्किल है। टी20 क्रिकेट में जीत और हार का अंतर बहुत कम होता है। दोनों मैचों में हम आसानी से जीत सकते थे, लेकिन ऐसा नहीं हो सका।' उन्होंने स्वीकार किया कि कुछ अहम मौके हाथ से निकल गए जो परिणाम बदल सकते थे।
कोच ने फील्डिंग की खामियों और एक 'नो-बॉल' पर विकेट छूटने जैसी छोटी गलतियों का विशेष रूप से जिक्र किया। वाल्टर ने कहा, 'कोई भी जानबूझकर ऐसी गलतियाँ नहीं करना चाहता, लेकिन ये हो जाती हैं और इसका खामियाजा भुगतना पड़ सकता है।'
टीम प्रदर्शन पर संतोष
वाल्टर ने इस बात पर जोर दिया कि निराशा के बावजूद उन्हें टीम के खेल पर गर्व है। उनके अनुसार, 'मुझे लगता है कि हमने हर मैच के लगभग 80 प्रतिशत हिस्से में बहुत अच्छा खेल दिखाया।' उन्होंने यह भी कहा कि इस सीरीज से पहले टीम ने अधिक प्रतिस्पर्धी क्रिकेट नहीं खेला था, लिहाजा यह प्रदर्शन उत्साहजनक है।
विशेष तौर पर दूसरे टी20 में बेवन जैकब्स और ग्लेन फिलिप्स की बल्लेबाजी की सराहना करते हुए वाल्टर ने कहा कि पावरप्ले में तीन विकेट गिरने के बाद 180 रन तक पहुँचना कोई सामान्य बात नहीं थी। उनके मुताबिक यह एक ऐसा स्कोर था जिसे डिफेंड किया जा सकता था।
पिच और हालात पर टिप्पणी
कोच ने बताया कि दोनों मैचों के दौरान हेगले ओवल की पिच में बदलाव आया और दूसरे मैच में बल्लेबाजी करना अधिक कठिन हो गया। वाल्टर ने कहा, 'खेल की यही तो खूबसूरती है — कोई भी दिन एक जैसा नहीं होता। पिच की सतह थोड़ी अलग थी और बैटिंग के नजरिए से यह निश्चित रूप से थोड़ा ज्यादा मुश्किल था, जो स्कोर में भी दिखता है।'
उन्होंने यह भी माना कि दोनों टीमों के गेंदबाजों ने पहले मैच से सबक लेकर दूसरे मुकाबले में बेहतर गेंदबाजी की।
आगे की राह
वाल्टर ने भरोसा जताया कि अगर टीम इन छोटी-छोटी चूकों पर काबू पा ले, तो नतीजे बदल सकते हैं। सीरीज में अभी तीन मैच बाकी हैं और न्यूजीलैंड के पास वापसी का पूरा मौका है। उन्होंने कहा, 'बस कुछ मौकों को भुनाने की जरूरत है — जो हमें आम तौर पर करना चाहिए — और फिर सब कुछ ठीक हो जाएगा।'