तिलक वर्मा का धीमे स्ट्राइक-रेट पर जवाब: 'टीम की ज़रूरत के हिसाब से खेलता हूं', जिम्बाब्वे सीरीज से पहले बड़ा बयान
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय मिडिल-ऑर्डर बल्लेबाज तिलक वर्मा ने हरारे में जिम्बाब्वे के खिलाफ टी20 सीरीज की पूर्व संध्या पर अपने धीमे स्ट्राइक-रेट को लेकर उठ रहे सवालों का सीधा जवाब दिया। 23 जुलाई से शुरू हो रही तीन मैचों की इस सीरीज से पहले मंगलवार को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में 23 वर्षीय इस बाएं हाथ के बल्लेबाज ने स्पष्ट किया कि वह परिस्थितियों के अनुसार अपनी बल्लेबाजी शैली बदलते हैं, न कि किसी एक ढर्रे पर चलते हैं।
मुख्य घटनाक्रम
भारतीय टीम हाल के व्हाइट-बॉल अभियानों में लगातार निराशाजनक प्रदर्शन कर रही है। आयरलैंड के खिलाफ टी20 सीरीज 0-2 से गंवाने के बाद, इंग्लैंड के विरुद्ध पाँच मैचों की टी20 सीरीज 0-4 से हाथ से निकल गई। इसके अलावा वनडे सीरीज में भी 2-1 से हार झेलनी पड़ी। इन हारों ने टीम की बल्लेबाजी, खासकर मिडिल-ऑर्डर की स्कोरिंग दर, पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
तिलक वर्मा का प्रदर्शन और आलोचना
तिलक वर्मा आयरलैंड दौरे पर 37 की औसत से 74 रन बनाकर सर्वाधिक रन बनाने वाले भारतीय बल्लेबाज रहे। इंग्लैंड के खिलाफ पाँच टी20 मैचों में उन्होंने 26 की औसत से 104 रन जोड़े। हालांकि, आलोचकों का कहना है कि एक विशेषज्ञ मिडिल-ऑर्डर बल्लेबाज से जिस गति की अपेक्षा होती है, उसके मुकाबले वर्मा की स्कोरिंग दर काफी धीमी रही।
तिलक वर्मा का पक्ष
प्रेस कॉन्फ्रेंस में वर्मा ने अपनी रणनीति का बचाव करते हुए कहा, "इस फॉर्मेट में, आपको अलग-अलग नंबर पर बल्लेबाजी करनी पड़ती है, और खासकर अलग-अलग हालात में, यह आसान नहीं होता। मैं हमेशा कहता हूं कि मैं टीम की जरूरत के हिसाब से खेलता हूं। अगर मुझे रुककर टीम के लिए खेलना है, तो रुककर खेलता हूं। अगर मुझे हिट करना है, तो मैं हिट करके खेलता हूं।" उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि पावरप्ले में लगातार विकेट गिरने की स्थिति में उनकी भूमिका स्वाभाविक रूप से बदल जाती है — "अगर आप देखें, तो आयरलैंड से लेकर इंग्लैंड तक, पावरप्ले में हमेशा चार विकेट गिर जाते थे, और छह ओवरों में पाँच विकेट गिर जाते थे। अगर मुझे अंत तक टीम के लिए खेलना है, तो हमारी टीम की योजना बदलती रहती है।"
जिम्बाब्वे सीरीज पर नज़र
पिछली सीरीज से मिले सबक पर वर्मा ने कहा, "पिछली सीरीज से हमने बहुत कुछ सीखा है। हम बस आगे देख रहे हैं। हम बस अपनी बुनियादी चीजों पर ध्यान देना चाहते हैं और आगामी सीरीज में अच्छा प्रदर्शन करना चाहते हैं।" उन्होंने यह भी कहा कि दल के अधिकांश खिलाड़ी इस सीरीज से ठीक पहले घरेलू क्रिकेट और ए-सीरीज खेलकर आए हैं, इसलिए वे पूरी तरह तैयार हैं — "यह बात वही है, बस मंच बड़ा है।" तीन मैचों की यह टी20 सीरीज 23 जुलाई से हरारे में खेली जाएगी और भारतीय टीम के लिए यह फॉर्म और आत्मविश्वास वापस पाने का अवसर होगी।