आजम खान को गृह मंत्री बनाने की बात पर शाइना एनसी का तीखा पलटवार, सपा पर साधा निशाना
सारांश
मुख्य बातें
शिवसेना नेता शाइना एनसी ने गुरुवार, 13 अगस्त को समाजवादी पार्टी (सपा) विधायक शिवपाल सिंह यादव के उस बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया दी, जिसमें उन्होंने दावा किया था कि उत्तर प्रदेश में सपा की सरकार बनने पर वरिष्ठ सपा नेता आजम खान को गृह मंत्री बनाया जाएगा। शाइना एनसी ने कहा कि ऐसे बयान देने से पहले सोच-विचार करना ज़रूरी है।
आजम खान पर सीधा तंज
मुंबई में मीडिया से बातचीत में शाइना एनसी ने व्यंग्यात्मक लहजे में कहा, 'क्या आप आजम खान को गृह मंत्री बनाना चाहते हैं? उनका आचरण, चरित्र और छवि सभी को भली-भाँति पता है।' उन्होंने आगे कहा कि यह बहुत दूर की बात है और सपा 'अवास्तविक सपने' देखती रह सकती है, लेकिन लोकतंत्र में अंततः सच की जीत होती है। उन्होंने दावा किया कि उत्तर प्रदेश में आगामी चुनाव में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) की ही जीत होगी।
कांग्रेस पर भ्रष्टाचार के आरोप
हिमाचल प्रदेश में कांग्रेस सरकार पर भारतीय जनता पार्टी (BJP) सांसद कंगना रनौत द्वारा लगाए गए भ्रष्टाचार के आरोपों पर शाइना एनसी ने कहा कि सांसद कंगना द्वारा उठाया गया सवाल जायज़ है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकारों में भ्रष्टाचार आम बात रही है और कांग्रेस नेता राहुल गांधी को इस मुद्दे पर जवाब देना चाहिए।
FCRA और विदेशी फंडिंग पर कड़ा रुख
विदेशी अंशदान विनियमन अधिनियम (FCRA) में संशोधन के मुद्दे पर शाइना एनसी ने स्पष्ट कहा कि भारत को स्थिर बनाए रखने के लिए इस कानून को मजबूत करना ज़रूरी है। उन्होंने सवाल उठाया कि उन विदेशी ताकतों को क्यों बढ़ावा दिया जाए, जो भारत को अस्थिर करने के लिए धन का दुरुपयोग करती हैं। उन्होंने कहा कि FCRA के मामले में किसी भी तरह का समझौता स्वीकार्य नहीं है और इसे संयुक्त संसदीय समिति के पास भेजने की माँग को उन्होंने अनुचित बताया।
संसद की कार्यवाही और विपक्ष पर निशाना
संसद की कार्यवाही बाधित होने के मुद्दे पर शाइना एनसी ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह बातचीत और सवालों के जवाब देने के लिए पूरी तरह तैयार हैं, जबकि विपक्ष केवल कामकाज में बाधा डालने की राजनीति कर रहा है। उन्होंने कहा कि यदि किसी सवाल का जवाब चाहिए तो चर्चा संसद के अंदर होनी चाहिए, सदन के बाहर नहीं। उन्होंने विपक्ष पर मीडिया के ज़रिए भ्रामक जानकारी फैलाने का आरोप भी लगाया और कहा कि करदाताओं के पैसे की बर्बादी पर भी विपक्ष को सोचना चाहिए।
झारखंड और मराठी अस्मिता पर बयान
झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री रघुबर दास द्वारा रांची में छात्र आंदोलन के दौरान छात्रों से मुलाकात को शाइना एनसी ने उचित बताया। उन्होंने कहा कि वे जमीनी स्तर के नेता हैं और छात्रों से संवाद करना उनका अधिकार है। महाराष्ट्र में ऑटो और टैक्सी चालकों के लिए मराठी भाषा अनिवार्य किए जाने के मुद्दे पर उन्होंने दो-टूक कहा कि मराठी अभिमान और स्वाभिमान से कोई समझौता नहीं होगा और सेवा प्रदाताओं को स्थानीय भाषा आनी ही चाहिए। यह बयान ऐसे समय में आया है जब महाराष्ट्र में भाषाई पहचान का मुद्दा एक बार फिर राजनीतिक केंद्र में है।