बिहार: मुजफ्फरपुर में जिला स्तरीय नियोजन मेला, युवाओं के लिए नए अवसरों का सृजन
सारांश
Key Takeaways
- रोजगार के अवसर और स्वरोजगार के नए द्वार खोले गए हैं।
- कौशल विकास पर जोर दिया गया है।
- जिलाधिकारी ने सरकारी योजनाओं की जानकारी दी।
- प्रतिभागियों को नियुक्ति पत्र वितरित किए गए।
- महिलाओं के लिए स्वरोजगार के अवसर प्रदान किए गए।
मुजफ्फरपुर, 10 मार्च (राष्ट्र प्रेस) - बिहार के मुजफ्फरपुर स्थित आरडीएस कॉलेज परिसर में मंगलवार को जिला स्तरीय नियोजन-सह-व्यावसायिक मार्गदर्शन मेला का सफल आयोजन हुआ। इस कार्यक्रम का उद्घाटन जिलाधिकारी सुब्रत कुमार सेन ने दीप प्रज्वलित कर किया। इस अवसर पर जिले के विभिन्न प्रखंडों से बड़ी संख्या में युवक-युवतियों ने भाग लेकर रोजगार एवं कौशल विकास से संबंधित अवसरों की जानकारी प्राप्त की।
नियोजन सह व्यावसायिक मार्गदर्शन मेला का मुख्य उद्देश्य बेरोजगार युवक-युवतियों को निजी क्षेत्र में रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना और विभिन्न सरकारी विभागों, विशेषज्ञों और संस्थानों के माध्यम से उन्हें व्यावसायिक मार्गदर्शन प्रदान करना है। इसके साथ ही, युवाओं को कौशल उन्नयन, सरकारी योजनाओं की जानकारी और स्वरोजगार के अवसरों से भी अवगत कराना इस मेले का एक महत्वपूर्ण लक्ष्य है।
इस कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिलाधिकारी सुब्रत कुमार सेन ने कहा कि राज्य सरकार युवाओं के कौशल विकास, रोजगार उपलब्ध कराने और उद्यम स्थापित करने के लिए विभिन्न योजनाओं के माध्यम से निरंतर प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि आज के समय में कौशल आधारित शिक्षा और प्रशिक्षण युवाओं के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। यदि युवा अपने कौशल को निखारें और नई तकनीकों के साथ स्वयं को तैयार करें तो उनके लिए रोजगार के अनेक अवसर उपलब्ध हैं।
जिलाधिकारी ने युवाओं को प्रेरित करते हुए कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल रोजगार उपलब्ध कराना नहीं, बल्कि युवाओं को आत्मनिर्भर बनाना है। इसके लिए विभिन्न योजनाओं के माध्यम से प्रशिक्षण, ऋण और तकनीकी सहयोग प्रदान किया जा रहा है। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे इन योजनाओं का अधिकतम लाभ उठाएं और अपने भविष्य को सशक्त बनाएं।
इस अवसर पर जिलाधिकारी ने प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के बीच यूपीएससी स्टडी किट का वितरण किया। उन्होंने कहा कि इन स्टडी किट के माध्यम से यूपीएससी की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों को अध्ययन सामग्री उपलब्ध होगी, जिससे वे देश की सर्वोच्च सेवाओं में चयनित होने के लिए बेहतर तैयारी कर सकेंगे। जिलाधिकारी ने युवाओं को प्रेरित करते हुए कहा कि यदि दृढ़ संकल्प और नियमित अध्ययन के साथ तैयारी की जाए तो सफलता अवश्य प्राप्त होती है। इस अवसर पर जिलाधिकारी ने चयनित प्रतिभागियों को नियुक्ति पत्र भी वितरित किए।
इसके अलावा, जिलाधिकारी ने सिलाई प्रशिक्षण प्राप्त बालिकाओं को टूल किट के तहत सिलाई मशीन प्रदान की। उन्होंने कहा कि यह पहल महिलाओं और बालिकाओं को स्वरोजगार के लिए प्रेरित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इससे प्रशिक्षित बालिकाएं घर बैठे रोजगार के मौके प्राप्त कर सकती हैं और आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन सकती हैं।
जिलाधिकारी ने अपने संबोधन में प्रधानमंत्री रोजगार सृजन योजना, मुख्यमंत्री उद्यमी योजना, मुख्यमंत्री कन्या उत्थान योजना, मुख्यमंत्री स्वयं सहायता भत्ता योजना और कुशल युवा कार्यक्रम सहित कई महत्वपूर्ण सरकारी योजनाओं का उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि इन योजनाओं के माध्यम से युवाओं को रोजगार, कौशल प्रशिक्षण और आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। उन्होंने युवाओं से इन योजनाओं की जानकारी प्राप्त कर लाभ उठाने और अपने हुनर को विकसित कर रोजगार के नए अवसर तलाशने की अपील की।
उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में रोजगार के स्वरूप में भी तेजी से बदलाव आ रहा है। पारंपरिक नौकरियों के साथ-साथ स्वरोजगार और उद्यमिता के क्षेत्र में युवाओं के लिए व्यापक संभावनाएं मौजूद हैं। सरकार युवाओं को उद्यम स्थापित करने के लिए आसान ऋण सुविधा भी उपलब्ध करा रही है, जिससे वे अपना व्यवसाय शुरू कर सकते हैं और अन्य लोगों को भी रोजगार दे सकते हैं।
जिलाधिकारी ने कहा कि नियोजन सह व्यावसायिक मार्गदर्शन मेला युवाओं के लिए एक महत्वपूर्ण मंच है, जहां उन्हें विभिन्न कंपनियों और संस्थानों के प्रतिनिधियों से सीधे संवाद का अवसर मिलता है। इससे युवाओं को अपनी योग्यता और रुचि के अनुसार रोजगार के अवसर तलाशने में सहायता मिलती है।
रोजगार मेला में बताया गया कि वित्तीय वर्ष 2025–26 में अब तक जॉब कैंप के माध्यम से जिले के 1199 अभ्यर्थियों को रोजगार उपलब्ध कराया जा चुका है। जिले में सभी स्किल प्रशिक्षण संस्थानों के लिए प्रादेशिक नियोजनालय मुजफ्फरपुर नोडल कार्यालय के रूप में कार्य करता है। यहां से जिले में संचालित विभिन्न स्किल प्रशिक्षण केंद्रों की गतिविधियों का नियमित निरीक्षण और अनुश्रवण किया जाता है।