यूपी डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक का दावा: 2027 में प्रचंड बहुमत से फिर बनेगी एनडीए सरकार
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने 1 अक्टूबर 2026 को लखनऊ में दावा किया कि 2027 के विधानसभा चुनाव में एनडीए एक बार फिर प्रचंड बहुमत के साथ उत्तर प्रदेश में सरकार बनाएगा। उन्होंने यह बयान इंडिया गठबंधन की आंतरिक कलह और समाजवादी पार्टी के रुख पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए दिया।
इंडिया गठबंधन पर तंज
डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने सपा मुखिया अखिलेश यादव के इंडिया ब्लॉक की बैठक में शामिल न होने पर कटाक्ष करते हुए कहा कि इंडिया गठबंधन में आधे लोग एक तरफ हैं और आधे दूसरी तरफ, और उनके बीच जबरदस्त खींचतान चल रही है। उनके अनुसार, 'अब इसका कोई मतलब या अहमियत नहीं रह गई है।' उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारतीय जनता पार्टी (BJP) दुनिया की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी बन चुकी है।
राहुल गांधी के बयान पर पलटवार
चुनाव आयोग और एसआईआर को लेकर कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के बयान पर राज्य के मंत्री नरेंद्र कश्यप ने कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग के खिलाफ आंदोलन करना, सीबीआई और ईडी के खिलाफ आवाज उठाना तथा संविधान, संसद और न्यायालय पर सवाल खड़े करना 'भारत के लोकतंत्र को कमज़ोर करने की साजिश' है। कश्यप के अनुसार, कांग्रेस लगातार हार का ठीकरा चुनाव आयोग पर फोड़कर जनता को गुमराह करने का प्रयास कर रही है।
इंडी गठबंधन 'अस्तित्व के संकट' में
मंत्री नरेंद्र कश्यप ने आगे कहा कि इंडी गठबंधन अस्तित्व के संकट से जूझ रहा है। उनका तर्क था कि सपा का इंडी बैठक में शामिल न होना गठबंधन के प्रति अविश्वसनीयता का प्रमाण है। यह ऐसे समय में आया है जब विधानसभा और संसदीय चुनावों में इंडिया गठबंधन के अधिकांश घटक दल अलग-अलग चुनाव लड़ते रहे हैं।
अखिलेश के पीडीए नारे पर निशाना
अखिलेश यादव के 'पीडीए' (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) नारे पर कटाक्ष करते हुए मंत्री ने कहा कि यादव ने एक राज्यसभा सीट अपने चाचा को और दूसरी 'पैसे वाले शख्स' को दी। उनके अनुसार, परिवार और धन को प्राथमिकता देकर अखिलेश ने पीडीए समुदाय के अरमानों को कुचलने का काम किया है। गौरतलब है कि यूपी में 2027 के चुनाव से पहले पीडीए बनाम एनडीए की राजनीतिक लड़ाई तेज़ होती जा रही है। आने वाले महीनों में इस विमर्श को और धार मिलने की संभावना है।