चारधाम यात्रा 2025: ऋषिकेश में भारी ट्रैफिक जाम, प्रशासन ने अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया
सारांश
मुख्य बातें
उत्तराखंड के ऋषिकेश में 7 जून 2025 को चारधाम यात्रा के श्रद्धालुओं और वीकेंड पर्यटकों की एकसाथ आमद से यातायात व्यवस्था चरमरा गई। शहर के प्रमुख मार्गों पर घंटों जाम की स्थिति बनी रही, जिसके बाद प्रशासन ने पुलिस, होमगार्ड और सीपीयू की अतिरिक्त टीमें तैनात कर डायवर्जन लागू किए।
मुख्य घटनाक्रम
सर्कल ऑफिसर तुषार बोरा ने बताया कि पिछले वर्ष की तुलना में इस बार चारधाम यात्रा के लिए ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से काफी अधिक श्रद्धालुओं ने पंजीकरण कराया है। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक भागीदारी में उल्लेखनीय बढ़ोतरी हुई है, जिससे यात्रा व्यवस्थाओं पर दबाव बढ़ा है।
शनिवार को कई स्थानों पर जाम की स्थिति बनी रही, जहाँ वाहनों को रोटेशन के आधार पर धीरे-धीरे आगे बढ़ाया गया। रविवार सुबह से ही यातायात का दबाव लगातार बना रहा।
दोहरा दबाव: श्रद्धालु और पर्यटक एकसाथ
बोरा के अनुसार वीकेंड के दौरान स्थिति विशेष रूप से चुनौतीपूर्ण हो जाती है। एक ओर चारधाम यात्रा पर जाने वाले श्रद्धालु ऋषिकेश पहुँचते हैं, तो दूसरी ओर दिल्ली, एनसीआर और हरियाणा से आने वाले वीकेंड पर्यटक भी बड़ी संख्या में यहाँ उमड़ते हैं। यह संयोग हर शनिवार-रविवार को शहर की यातायात क्षमता पर भारी पड़ता है।
प्रशासन की प्रतिक्रिया
ट्रैफिक नियंत्रण के लिए पुलिस, होमगार्ड और सीपीयू की अतिरिक्त टीमें सड़कों पर उतारी गई हैं। जगह-जगह डायवर्जन लागू किए गए हैं और स्थानीय पुलिस बल पूरी मुस्तैदी के साथ तैनात है।
तुषार बोरा ने यात्रियों से अपील की कि वे प्रशासन द्वारा निर्धारित पार्किंग स्थलों का ही उपयोग करें और सड़कों पर वाहन बेतरतीब तरीके से न खड़े करें। उन्होंने कहा कि एक भी वाहन गलत जगह खड़ा होने पर पीछे लंबा जाम लग जाता है और पूरी व्यवस्था प्रभावित होती है।
आम जनता पर असर
यह ऐसे समय में आया है जब चारधाम यात्रा का सीजन अपने चरम पर है और उत्तराखंड में पर्यटन की आमद साल-दर-साल बढ़ रही है। गौरतलब है कि ऋषिकेश एक संकरे भौगोलिक क्षेत्र में बसा है, जिससे बड़े पैमाने पर वाहन-प्रबंधन स्वाभाविक रूप से जटिल हो जाता है। स्थानीय निवासियों के दैनिक आवागमन पर भी इसका सीधा असर पड़ता है।
क्या होगा आगे
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि चारधाम यात्रा के शेष सीजन में यातायात प्रबंधन को और सुदृढ़ किया जाएगा। बोरा ने सभी श्रद्धालुओं और पर्यटकों से धैर्य बनाए रखने, नियमों का पालन करने और पुलिस का सहयोग करने की अपील की है, ताकि यात्रा सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से संचालित हो सके।