स्वतंत्रता दिवस पर CM डीके शिवकुमार का संकल्प: समाज के हर वर्ग को साथ लेकर चलेगी कर्नाटक सरकार
सारांश
मुख्य बातें
कर्नाटक के मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार ने 15 अगस्त 2026 को 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर राज्यवासियों को शुभकामनाएं देते हुए समावेशी विकास, शांति और सांप्रदायिक सद्भाव बनाए रखने की प्रतिबद्धता जताई। बेंगलुरु स्थित अपने सदाशिवनगर आवास पर राष्ट्रीय ध्वज फहराने के बाद उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार किसी एक वर्ग की नहीं, बल्कि समाज के सभी तबकों की सरकार है।
मुख्यमंत्री का संबोधन और प्रतिबद्धता
ध्वजारोहण के बाद पत्रकारों से बात करते हुए मुख्यमंत्री शिवकुमार ने कहा, 'मुझे मुख्यमंत्री और जनसेवक के रूप में राष्ट्रीय ध्वज फहराने का अवसर मिला है। मैं समाज के सभी वर्गों को साथ लेकर चलूंगा और आने वाले दिनों में राज्य में शांति, सद्भाव और सांप्रदायिक सद्भाव सुनिश्चित करने का प्रयास करूंगा।' उन्होंने उन स्वतंत्रता सेनानियों को भी श्रद्धांजलि अर्पित की जिनके बलिदानों ने राष्ट्र की एकता, अखंडता और लोकतांत्रिक मूल्यों की नींव रखी।
उपमुख्यमंत्री और मंत्रियों की भागीदारी
उपमुख्यमंत्री जी. परमेश्वर ने तुमकुरु स्थित श्री सिद्धगंगा मठ का दौरा किया, श्री सिद्धलिंग स्वामीजी का आशीर्वाद लिया और मठ परिसर में राष्ट्रीय ध्वज फहराया। वहीं मांड्या में जल संसाधन मंत्री और जिला प्रभारी एन. चेलुवरायस्वामी ने नागरिकों से स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदानों को याद करते हुए सद्भाव, भाईचारा और सामाजिक न्याय के मार्ग पर चलने का आह्वान किया।
स्वतंत्रता सेनानियों को श्रद्धांजलि
मंत्री चेलुवरायस्वामी ने अपने संबोधन में कहा कि भारत ने महात्मा गांधी, जवाहरलाल नेहरू, नेताजी सुभाष चंद्र बोस, भगत सिंह और चंद्रशेखर आजाद सहित अनगिनत देशभक्तों के बलिदानों से स्वतंत्रता प्राप्त की। उन्होंने कर्नाटक के गौरवशाली स्वतंत्रता सेनानियों — किट्टूर रानी चेन्नम्मा, संगोली रायन्ना, गंगाधर राव देशपांडे, आर.आर. दिवाकर, एन.एस. हार्डीकर, आलूरु वेंकट राव और एस. निजलिंगप्पा — के योगदान को विशेष रूप से याद किया। यह ऐसे समय में महत्वपूर्ण है जब राज्य सरकार अपनी क्षेत्रीय पहचान और विरासत को नई पीढ़ी तक पहुंचाने पर ज़ोर दे रही है।
मांड्या और शिवपुरा ध्वज सत्याग्रह की विरासत
मंत्री चेलुवरायस्वामी ने स्वतंत्रता संग्राम में मांड्या जिले की भूमिका को रेखांकित करते हुए शिवपुरा ध्वज सत्याग्रह को भारत के आजादी आंदोलन का एक अविस्मरणीय अध्याय बताया। उन्होंने कहा कि इस विरासत को संरक्षित रखना और आने वाली पीढ़ियों को राष्ट्रीय एवं क्षेत्रीय नायकों से परिचित कराना हर नागरिक की जिम्मेदारी है।
पाँच गारंटी योजनाएं और समावेशी विकास
राज्य सरकार की जनकल्याणकारी पहलों का उल्लेख करते हुए मंत्री ने बताया कि कांग्रेस सरकार ने समावेशी विकास, आर्थिक सशक्तीकरण और सामाजिक न्याय को प्राथमिकता देते हुए पाँच गारंटी योजनाएं लागू की हैं। मांड्या जिले में शक्ति, अन्न भाग्य, गृह ज्योति, गृह लक्ष्मी और युवा निधि योजनाओं का सफल क्रियान्वयन इस बात का प्रमाण है कि सरकार जनता से किए गए वादों को निभाने के लिए प्रतिबद्ध है। गौरतलब है कि ये योजनाएं राज्य में कांग्रेस की राजनीतिक पहचान का अहम हिस्सा बन चुकी हैं और आगामी चुनावी समीकरणों पर भी इनका असर दिखेगा।