24 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

सीएम स्टालिन का केंद्र के परिसीमन प्रस्ताव पर आक्रोश, दक्षिण के हितों पर खतरा

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
सीएम स्टालिन का केंद्र के परिसीमन प्रस्ताव पर आक्रोश, दक्षिण के हितों पर खतरा

सारांश

तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने केंद्र के परिसीमन प्रस्ताव पर कड़ी आपत्ति जताई है। उनका कहना है कि इससे दक्षिणी राज्यों को नुकसान होगा, खासकर उन क्षेत्रों को जिन्होंने जनसंख्या नियंत्रण में सफलता पाई है।

मुख्य बातें

डीएमके ने केंद्र के परिसीमन अभ्यास के खिलाफ आवाज उठाई है।
1971 की जनगणना के समय से लोकसभा की संख्या में कोई वृद्धि नहीं हुई है।
केंद्र का प्रस्ताव 543 सांसदों की संख्या को बढ़ाकर 850 करने का है।
दक्षिणी राज्यों को परिसीमन से नुकसान हो सकता है।
महिला आरक्षण विधेयक 2029 के चुनावों में लागू होगा।

चेन्नई, 15 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। तमिलनाडु का प्रमुख राजनीतिक दल डीएमके ने केंद्र सरकार के प्रस्तावित परिसीमन अभ्यास के खिलाफ अपनी आवाज उठाई है। परिसीमन का उद्देश्य जनसंख्या वृद्धि के आधार पर लोकसभा सीटों की संख्या में वृद्धि करना है, जिससे दक्षिणी राज्यों में चिंता की लहर दौड़ गई है।

1971 की जनगणना के अनुसार, जब भारत की जनसंख्या लगभग 550 मिलियन थी, तब से लोकसभा की वर्तमान संख्या 543 सदस्य है।

अब, जब जनसंख्या 1.4 अरब से अधिक हो गई है, केंद्र सरकार एक नई परिसीमन प्रक्रिया के माध्यम से संसदीय प्रतिनिधित्व को बढ़ाने की योजना बना रही है।

रिपोर्टों के अनुसार, प्रस्तावित परिसीमन संशोधन विधेयक का उद्देश्य लोकसभा सांसदों की संख्या 543 से बढ़ाकर लगभग 850 करना है, जबकि केंद्रशासित प्रदेशों के लिए प्रतिनिधित्व को 20 से बढ़ाकर 35 करने का भी विचार है।

आगामी तीन दिनों में होने वाले संसद के विशेष सत्र के दौरान इस विधेयक को पेश करने की संभावना है। तमिलनाडु, केरल, आंध्र प्रदेश, और कर्नाटक जैसे दक्षिणी राज्यों ने इस कदम का विरोध किया है, उनका कहना है कि इससे उन क्षेत्रों को नुकसान होगा जिन्होंने जनसंख्या नियंत्रण उपायों को सफलतापूर्वक लागू किया है।

उन्हें चिंता है कि जनसंख्या के आधार पर सीटों का पुनर्वितरण करने से उत्तर प्रदेश जैसे उत्तरी राज्यों को असमान लाभ होगा, जहां जनसंख्या वृद्धि दर अधिक है।

खबरों के अनुसार, केंद्र सरकार 2002 के परिसीमन संशोधन अधिनियम के तहत अनिवार्य रूप से 2026 के बाद की जनगणना का इंतजार करने के बजाय 2011 की जनगणना या उससे पहले के आंकड़ों के आधार पर परिसीमन करने पर विचार कर रही है, जिससे विवाद और भी बढ़ गया है।

तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने इस प्रस्ताव की कड़ी आलोचना की है, यह चेतावनी देते हुए कि इससे संसद में राज्य का प्रतिनिधित्व कम हो जाएगा और संघीय सिद्धांतों को नुकसान पहुंचेगा।

उन्होंने कहा कि यदि केंद्र सरकार इस योजना को आगे बढ़ाती है, तो उनकी पार्टी एक बड़ा आंदोलन शुरू करेगी और उन्हें पुरानी डीएमके फिर से देखने को मिलेगी। दूसरी ओर, एडप्पाडी के. पलानीस्वामी ने चिंताओं को कम करते हुए कहा कि परिसीमन प्रक्रिया से तमिलनाडु पर कोई प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ेगा।

अनुमानों के अनुसार, तमिलनाडु की लोकसभा सीटें वर्तमान 39 से बढ़कर लगभग 50 हो सकती हैं, जबकि उत्तर प्रदेश का प्रतिनिधित्व 80 से बढ़कर लगभग 143 हो सकता है, जिससे संसद में सत्ता का संतुलन काफी हद तक बदल जाएगा।

इस बीच, केंद्र सरकार परिसीमन प्रस्ताव के साथ-साथ महिला आरक्षण विधेयक पेश करने की भी योजना बना रही है, जिसका उद्देश्य 2029 के आम चुनावों में महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण लागू करना है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

परिसीमन का क्या अर्थ है?
परिसीमन का अर्थ है जनसंख्या के आधार पर निर्वाचन क्षेत्रों का पुनर्विभाजन या पुनर्निर्धारण करना।
केंद्र सरकार का परिसीमन प्रस्ताव क्या है?
केंद्र सरकार का प्रस्ताव लोकसभा सांसदों की संख्या को 543 से बढ़ाकर लगभग 850 करने का है।
दक्षिणी राज्यों को परिसीमन से क्या नुकसान होगा?
दक्षिणी राज्यों का मानना है कि जनसंख्या के आधार पर सीटें पुनर्वितरित करने से उन्हें नुकसान होगा, खासकर उन क्षेत्रों को जिन्होंने जनसंख्या नियंत्रण में सफलता पाई है।
मुख्यमंत्री एमके स्टालिन का इस मामले में क्या कहना है?
मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने इस प्रस्ताव की कड़ी आलोचना की है और चेतावनी दी है कि इससे राज्य का संसद में प्रतिनिधित्व कम होगा।
महिला आरक्षण विधेयक का उद्देश्य क्या है?
महिला आरक्षण विधेयक का उद्देश्य 2029 के आम चुनावों में महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण लागू करना है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 3 महीने पहले
  2. 3 महीने पहले
  3. 3 महीने पहले
  4. 3 महीने पहले
  5. 3 महीने पहले
  6. 3 महीने पहले
  7. 3 महीने पहले
  8. 3 महीने पहले