सीएम योगी ने समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करने का दिया निर्देश
सारांश
Key Takeaways
- सीएम योगी ने समस्याओं के त्वरित समाधान का आश्वासन दिया।
- उद्यमियों की समस्याओं को प्राथमिकता दी जाएगी।
- समय सीमा के अंदर समस्याओं का निस्तारण सुनिश्चित करने का निर्देश।
- बच्चों को पढ़ाई पर ध्यान देने की सलाह।
- पारदर्शी व्यवस्थाओं के तहत निवेश को बढ़ावा दिया जाएगा।
लखनऊ, 9 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को ‘जनता दर्शन’ में विभिन्न समस्याओं का समाधान सुनने के लिए लोगों से मुलाकात की। इस अवसर पर, मुख्यमंत्री स्वयं प्रदेश भर से आए पीड़ितों के पास गए, उनका प्रार्थना पत्र लिया और आश्वस्त किया कि सरकार सभी की उचित समस्याओं के समाधान के प्रति गंभीर है। उन्होंने कहा, निश्चिंत होकर घर जाइए, आपकी समस्याओं का समाधान होगा।
मुख्यमंत्री ने जनपदों के प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि प्रत्येक समस्या का समय सीमा के अंदर समाधान सुनिश्चित किया जाए। ‘जनता दर्शन’ में मुख्यमंत्री से मिलने वाले दो उद्यमियों ने अपनी समस्याएं साझा कीं। मुख्यमंत्री ने उनके प्रार्थना पत्र को गंभीरता से लेते हुए संबंधित विभागों, विशेषकर उत्तर प्रदेश राज्य औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यूपीसीडा) और जिला प्रशासन को समय पर समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
उन्हें यह भी बताया कि प्रदेश में निवेश का एक बेहतरीन इकोसिस्टम विकसित किया गया है। सरकार ने सिंगल विंडो सिस्टम सहित कई पारदर्शी व्यवस्थाएं लागू की हैं। उद्यमियों की समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर हल किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने दो टूक कहा कि निवेश और उद्योग विकास में किसी भी प्रकार की देरी या लापरवाही सहन नहीं की जाएगी।
कासगंज से आए एक पीड़ित ने मुख्यमंत्री के समक्ष पुलिस से संबंधित शिकायत रखी। उन्होंने अपने मामले में कार्रवाई में देरी की शिकायत की। इस पर, सीएम योगी ने पुलिस अधीक्षक को निर्देश दिया कि मामले का संज्ञान लेते हुए समस्या का समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित किया जाए। एक अन्य प्रकरण पारिवारिक विवाद से जुड़ा था। अवैध कब्जे से संबंधित शिकायत पर सीएम ने सख्त रुख अपनाया और कहा कि ऐसे मामलों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने पीड़ित को आश्वस्त किया कि नियमानुसार जल्द कार्रवाई होगी।
‘जनता दर्शन’ में कुछ बच्चे भी अपने अभिभावकों के साथ आए थे। मुख्यमंत्री ने बच्चों को चॉकलेट दी और उनसे उनकी पढ़ाई के बारे में पूछा। एक बच्चे के पास जाकर मुख्यमंत्री ने कहा कि किताबें पढ़ो और सोशल मीडिया का उपयोग सिर्फ आवश्यकता अनुसार करो। इसका अत्यधिक उपयोग हानिकारक हो सकता है। उन्होंने बच्चों को मोबाइल का कम उपयोग करने की सलाह भी दी।