कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 ग्लासगो: 4 वेन्यू पर होंगे 10 खेल, जानें हर स्टेडियम का इतिहास
सारांश
मुख्य बातें
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 का आयोजन 23 जुलाई से 2 अगस्त 2026 के बीच ग्लासगो, स्कॉटलैंड में होगा। यह शहर दूसरी बार इन प्रतिष्ठित खेलों की मेज़बानी कर रहा है — इससे पहले 2014 में ग्लासगो ने कॉमनवेल्थ गेम्स की अगवानी की थी। उस बार 14 वेन्यू पर 17 खेल प्रतियोगिताएँ हुई थीं, जबकि इस बार केवल 4 वेन्यू पर 10 खेल आयोजित किए जाएंगे — यह एक उल्लेखनीय बदलाव है जो आयोजन को अधिक केंद्रित और किफ़ायती बनाता है।
ग्लासगो इंटरनेशनल एरिना: जिमनास्टिक और साइकिलिंग का केंद्र
ग्लासगो के ईस्ट एंड में डालमार्नॉक क्षेत्र में स्थित इस परिसर का उद्घाटन अक्टूबर 2012 में हुआ था। इस खेल परिसर में एक बहुउद्देश्यीय मुख्य एरिना के साथ-साथ प्रसिद्ध 'सर क्रिस होय वेलोड्रोम' भी है। वेलोड्रोम का नाम स्कॉटलैंड के सबसे सफल ओलंपियन सर क्रिस होय के नाम पर रखा गया है, जिन्होंने अपने ट्रैक साइकिलिंग करियर में 6 ओलंपिक स्वर्ण पदक, 11 विश्व खिताब और 2 कॉमनवेल्थ गेम्स स्वर्ण पदक जीते।
इस वेन्यू पर मुख्य एरिना में 24 से 28 जुलाई के बीच जिमनास्टिक प्रतियोगिताएँ होंगी, जबकि सर क्रिस होय वेलोड्रोम में 30 जुलाई से 2 अगस्त के बीच साइकिलिंग के मुकाबले आयोजित किए जाएंगे।
स्कॉटिश इवेंट कैंपस: छह खेलों का सबसे बड़ा केंद्र
क्लाइड नदी के उत्तरी तट पर स्थित स्कॉटिश इवेंट कैंपस (SEC) इस बार के कॉमनवेल्थ गेम्स का सबसे महत्वपूर्ण केंद्र होगा। इसके तीन प्रमुख हिस्सों — 'द हाइड्रो', 'एसईसी आर्माडिलो' और 'एसईसी सेंटर' — में 3x3 बास्केटबॉल, बॉक्सिंग, जूडो, बॉल्स, वेटलिफ्टिंग, 3x3 व्हीलचेयर बास्केटबॉल, पैरा बॉल्स और पैरा पावरलिफ्टिंग के मुकाबले होंगे।
इस कैंपस की शुरुआत 1985 में 'स्कॉटिश एग्जीबिशन एंड कॉन्फ्रेंस सेंटर' के रूप में हुई थी, जिसके बाद क्रमशः एसईसी आर्माडिलो और द हाइड्रो को इसके साथ जोड़ा गया। 14,000 दर्शकों की क्षमता वाले 'द हाइड्रो' का उद्घाटन 2013 में हुआ था और इस बार यहाँ नेटबॉल के मुकाबले होंगे। 1997 में बना 'एसईसी आर्माडिलो' अपनी घुमावदार एल्युमिनियम छत के लिए जाना जाता है और इसमें 3,000 दर्शक बैठ सकते हैं — यहाँ वेटलिफ्टिंग और पैरा पावरलिफ्टिंग होगी। 2,41,000 वर्ग फुट में फैला 'एसईसी सेंटर' (पूर्व में 'एसईसीसी') 3x3 बास्केटबॉल, बॉल्स, बॉक्सिंग और जूडो की मेज़बानी करेगा।
स्कॉटस्टाउन स्टेडियम: एथलेटिक्स का ऐतिहासिक अखाड़ा
ग्लासगो के पश्चिमी हिस्से में स्थित स्कॉटस्टाउन स्टेडियम की नींव 1915 में 'स्कॉटस्टाउन शोग्राउंड्स' के रूप में रखी गई थी। 2008 से 2010 के बीच इसका व्यापक पुनर्विकास किया गया। कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में यहाँ एथलेटिक्स और पैरा-एथलेटिक्स के मुकाबले आयोजित होंगे। यह स्टेडियम एक सदी से भी अधिक पुराने खेल इतिहास का गवाह है।
टोलक्रॉस इंटरनेशनल स्विमिंग सेंटर: यूके का प्रमुख जलक्रीड़ा केंद्र
टोलक्रॉस इंटरनेशनल स्विमिंग सेंटर यूनाइटेड किंगडम के प्रमुख अंतरराष्ट्रीय तैराकी केंद्रों में गिना जाता है। इसकी स्थापना 1997 में हुई थी। यहाँ तैराकों के वार्म-अप और प्रशिक्षण के लिए अतिरिक्त स्विमिंग पूल की सुविधा भी उपलब्ध है, जो इसे विश्वस्तरीय प्रतियोगिताओं के लिए आदर्श बनाती है।
2014 से 2026: कैसे बदला ग्लासगो का कॉमनवेल्थ स्वरूप
गौरतलब है कि 2014 के कॉमनवेल्थ गेम्स की तुलना में 2026 का संस्करण काफी सुगठित है — वेन्यू की संख्या 14 से घटकर 4 और खेलों की संख्या 17 से घटकर 10 रह गई है। यह बदलाव आयोजन की लागत और जटिलता को कम करने की दिशा में एक सोचा-समझा कदम माना जा रहा है। 23 जुलाई 2026 से शुरू होने वाले इन खेलों में भारत सहित कॉमनवेल्थ देशों के एथलीट ग्लासगो के इन चार ऐतिहासिक वेन्यू पर अपना दमखम दिखाएंगे।