गाजा में मानवता की सहायता की कमी से लेबनान में स्वास्थ्य सुविधाओं पर हमलों में वृद्धि: यूएन
सारांश
Key Takeaways
- गाजा में मानवीय सहायता की कमी के कारण लेबनान में स्वास्थ्य सुविधाओं पर हमले बढ़ रहे हैं।
- संयुक्त राष्ट्र ने स्वास्थ्य कर्मियों की सुरक्षा की अपील की है।
- डब्ल्यूएचओ ने जरूरतमंद लोगों के लिए चिकित्सा सलाह और दवाएं उपलब्ध कराई हैं।
- अंतरराष्ट्रीय एनजीओ मानवीय सहायता में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
- सुरक्षा हालात में सुधार के लिए इजरायली अधिकारियों से अपील की गई है।
संयुक्त राष्ट्र, 31 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। मिडिल ईस्ट में चल रहे संघर्ष के बीच, संयुक्त राष्ट्र के मानवीय कार्यकर्ताओं ने लेबनान में स्वास्थ्य सुविधाओं पर हमलों में तेजी से वृद्धि और गाजा पट्टी में मानवीय सहायता में आ रही बाधाओं की ओर ध्यान आकर्षित किया। संयुक्त राष्ट्र मानवीय मामलों के समन्वय कार्यालय (ओसीएचए) ने बताया कि लेबनान में स्वास्थ्य सुविधाओं, एम्बुलेंस व मेडिकल स्टाफ पर हमलों में खतरनाक वृद्धि देखी गई है।
विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने केवल वीकेंड में सात हमलों की सूचना दी, जिसमें ड्यूटी पर तैनात कम से कम नौ स्वास्थ्यकर्मियों की जान चली गई।
दक्षिणी लेबनान में, ओसीएचए ने कहा कि हमलों में एम्बुलेंस को नुकसान हुआ, जिसमें नबातीह गवर्नरेट के कफर सर शहर में हुए हमले में घायल व्यक्तियों को ले जा रही गाड़ियां भी शामिल हैं। ओसीएचए ने बताया कि जब से तनाव बढ़ा है, तब से स्वास्थ्य सुविधाओं पर 87 हमले हुए हैं, जिसमें 52 स्वास्थ्यकर्मी मारे गए और 126 घायल हुए हैं।
हफ्ते के अंत में जारी एक संयुक्त बयान में, लेबनान के लिए यूएन के उप विशेष समन्वयक इमरान रिजा और डब्ल्यूएचओ के प्रतिनिधि अब्दिनासिर अबुबकर ने स्वास्थ्यकर्मियों और फर्स्ट रेस्पॉन्डर की सुरक्षा की अपील की, यह कहते हुए कि मेडिकल स्टाफ और सुविधाओं को लक्षित नहीं किया जाना चाहिए।
लेबनानी अधिकारियों ने बताया कि वीकेंड में कम से कम 96 लोग मारे गए, जिससे तनाव के बढ़ने के बाद से मरने वालों की कुल संख्या 1,238 हो गई, और 3,500 से अधिक घायल हुए हैं।
ओसीएचए ने कहा कि बिगड़ते सुरक्षा हालात के बावजूद, कार्यालय और उसके सहयोगी जरूरतमंद लोगों तक पहुंचने के लिए सरकार के साथ मिलकर काम कर रहे हैं। डब्ल्यूएचओ और स्वास्थ्य साझेदारों ने 33,500 से अधिक बेघर लोगों को चिकित्सा सलाह दी है और 22,500 से अधिक लोगों को आवश्यक दवाएं पहुंचाई हैं।
ओसीएचए ने आगे कहा कि कब्जे वाले फिलिस्तीनी क्षेत्रों में, गाजा और वेस्ट बैंक दोनों में आम लोगों पर जानलेवा हमले जारी हैं। मानवीय कार्यों पर पाबंदियां बढ़ती जा रही हैं।
गाजा के रिहायशी इलाकों में हवाई हमले और गोलाबारी हो रही है। एक अंतरराष्ट्रीय गैर सरकारी संगठन ने सोमवार को कहा कि वे इजरायली हाईकोर्ट में एक अपील दायर करने पर विचार कर रहे हैं, जिसमें इजरायल के नए एनजीओ रजिस्ट्रेशन सिस्टम को चुनौती दी जाएगी। उनका कहना है कि यह सिस्टम इजरायल और कब्जे वाले फिलिस्तीनी क्षेत्रों में उनके कार्यों को बाधित कर रहा है।
ओसीएचए ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय एनजीओ मानवीय सहायता में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, जो इन क्षेत्रों में हर साल लगभग 1 बिलियन डॉलर की सहायता प्रदान करते हैं। नई रजिस्ट्रेशन आवश्यकताएं मानवीय सेवाओं तक पहुंच को कमजोर कर रही हैं।
न्यूज एजेंसी सिन्हुआ की रिपोर्ट के अनुसार, ओसीएचए ने इजरायली अधिकारियों से मानवीय राहत को तेजी से और बिना किसी रुकावट के पहुंचाने में मदद करने की अपील की है, साथ ही उन नीतियों को बदलने का आग्रह किया है जो मानवीय कार्यों में बाधा डालती हैं।
ओसीएचए ने यह भी कहा कि आम लोगों की सुरक्षा हमेशा सर्वोपरि होनी चाहिए, और कानून प्रवर्तन में जानलेवा ताकत का उपयोग केवल अंतिम उपाय के रूप में किया जाना चाहिए। गैरकानूनी हमलों के लिए जिम्मेदार व्यक्तियों को जवाबदेह ठहराया जाना चाहिए।