3 नवंबर 2026
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गिरिराज सिंह का राहुल गांधी पर हमला: 'देश में सिविल वॉर कराना चाहते थे, चेहरा बेनकाब हुआ'

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गिरिराज सिंह का राहुल गांधी पर हमला: 'देश में सिविल वॉर कराना चाहते थे, चेहरा बेनकाब हुआ'

सारांश

केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने पटना में राहुल गांधी पर सीधा हमला बोला — आरोप लगाया कि वे देश में सिविल वॉर करवाना चाहते थे और बाहरी ताकतों के 'टूल' बन गए थे। नागरिकता, मतदाता सूची और कानूनी मामलों पर भी निशाना साधा।

मुख्य बातें

केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने 3 नवंबर 2026 को पटना में राहुल गांधी पर सिविल वॉर भड़काने की साजिश का आरोप लगाया।
उन्होंने दावा किया कि इस साजिश में बाहरी ताकतें, कट्टरपंथी तत्व और शाहीन बाग के लोग शामिल थे।
मुंबई से गैर-मुसलमानों की दुकानें लूटने-जलाने की कथित योजना का हवाला दिया गया।
पूरे देश में लगभग 13 करोड़ संदिग्ध मतदाता नामों का मुद्दा उठाया; बांग्लादेशी व रोहिंग्या घुसपैठियों का आरोप।
सोनिया गांधी पर 12 वर्षों तक भारतीय नागरिकता न लेने का आरोप; राहुल गांधी पर दोहरी नागरिकता के मामले का उल्लेख।
राष्ट्रपति को ज्ञापन देने की बात के बाद पौने छह सौ घंटे में कोई ठोस सबूत न देने पर विपक्ष को घेरा।

केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने 3 नवंबर 2026 को पटना में लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि राहुल गांधी देश में सिविल वॉर कराना चाहते थे और उनका मकसद था कि पुलिस गोली चलाए तथा सरकार गिर जाए। उन्होंने दावा किया कि यह साजिश अब बेनकाब हो चुकी है और इसमें बाहरी ताकतें, कट्टरपंथी तत्व तथा कई संगठन शामिल थे।

मुख्य आरोप और बयान

गिरिराज सिंह ने कहा, 'एक कॉकरोच था और उसका भी चेहरा बेनकाब हो गया। ये लोग देश के अंदर अराजकता का माहौल बनाना चाहते थे।' उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी के बयानों — जैसे 'मोदी तीन महीने में हट जाएगा' — से यह जाहिर होता था कि उनके मन में किसी बड़े आंदोलन या सत्ता-परिवर्तन की उम्मीद थी।

उन्होंने यह भी कहा कि मुंबई से एक ऐसा मामला सामने आया जिसमें कथित तौर पर गैर-मुसलमानों की दुकानों को लूटने और आग लगाने की बात थी। उनके अनुसार इस पूरे घटनाक्रम में कट्टरपंथी तत्व भी सक्रिय थे।

साजिश में बाहरी ताकतों का आरोप

गिरिराज सिंह ने दावा किया कि दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुई पहली घटना में शाहीन बाग के लोग भी शामिल थे और कट्टरपंथी विचारधारा से प्रभावित कुछ मुस्लिम युवकों की भी भूमिका रही। उन्होंने कहा कि देश में फ्रांस, श्रीलंका, बांग्लादेश और नेपाल जैसी अस्थिर स्थिति पैदा करने की साजिश थी, जिसका खुलासा कथित तौर पर एक प्रतिष्ठित अमेरिकी न्यूज संस्थान ने भी किया।

नागरिकता और कानूनी मामलों पर हमला

केंद्रीय मंत्री ने सोनिया गांधी पर आरोप लगाते हुए कहा कि उन्होंने 12 वर्षों तक भारत की नागरिकता नहीं ली। उन्होंने यह भी कहा कि राहुल गांधी पर दोहरी नागरिकता का मामला लंबित है। गिरिराज सिंह ने व्यंग्यात्मक लहजे में कहा, 'जो खुद बेल पर हों, वे दूसरे को जेल क्या भेजेंगे? खुद बेल पर हैं, पूरा परिवार बेल पर है।'

मतदाता सूची विवाद पर बयान

गिरिराज सिंह ने मतदाता सूची से नाम काटे जाने के मुद्दे पर विपक्ष को घेरते हुए कहा कि पूरे देश में लगभग 13 करोड़ संदिग्ध नामों की बात हुई, जिनमें बांग्लादेशी और रोहिंग्या घुसपैठिए भी शामिल थे। उनका आरोप था कि राहुल गांधी, अखिलेश यादव और तेजस्वी यादव ऐसे लोगों को संरक्षण देते थे और उनके वोट लेते थे।

उन्होंने कहा कि विपक्ष ने राष्ट्रपति को ज्ञापन देने की बात की, लेकिन लगभग पौने छह सौ घंटे बीत जाने के बाद भी कोई ठोस सबूत नहीं दिया गया। उन्होंने चेताया कि झूठी बयानबाजी के लिए भी कानून में प्रावधान हैं।

विपक्ष की प्रतिक्रिया और आगे की स्थिति

गिरिराज सिंह के इन आरोपों पर कांग्रेस की ओर से तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया उपलब्ध नहीं हुई। यह ऐसे समय में आया है जब मतदाता सूची संशोधन और नेता प्रतिपक्ष की भूमिका को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तनाव बढ़ा हुआ है। गौरतलब है कि इस तरह के राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप आगामी चुनावी मौसम की गर्मी को और तीखा कर सकते हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन इनकी असली अहमियत यह है कि सत्ता पक्ष मतदाता सूची विवाद और नेता प्रतिपक्ष की सक्रियता को एक साथ एक बड़ी 'विदेशी साजिश' के कथानक में पिरोने की कोशिश कर रहा है। 'सिविल वॉर' और 'कॉकरोच' जैसी भाषा संसदीय मर्यादा की सीमाओं को धकेलती है और मुख्यधारा की कवरेज इस पहलू को अक्सर नज़रअंदाज़ करती है। यह भी गौर करने वाली बात है कि ये आरोप तब आए हैं जब विपक्ष मतदाता सूची संशोधन प्रक्रिया पर सवाल उठा रहा है — इस रणनीतिक टाइमिंग को परखे बिना इन बयानों की पूरी तस्वीर नहीं बनती।
RashtraPress
3 नवंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

गिरिराज सिंह ने राहुल गांधी पर क्या आरोप लगाए?
केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने 3 नवंबर 2026 को पटना में आरोप लगाया कि राहुल गांधी देश में सिविल वॉर कराना चाहते थे और चाहते थे कि पुलिस गोली चलाए व सरकार गिर जाए। उन्होंने यह भी कहा कि इस साजिश में बाहरी ताकतें और कट्टरपंथी तत्व शामिल थे।
गिरिराज सिंह ने मतदाता सूची विवाद पर क्या कहा?
उन्होंने कहा कि पूरे देश में लगभग 13 करोड़ संदिग्ध नामों की पहचान हुई, जिनमें बांग्लादेशी और रोहिंग्या घुसपैठिए भी थे। उनका आरोप था कि राहुल गांधी, अखिलेश यादव और तेजस्वी यादव ऐसे लोगों को संरक्षण देते थे।
गिरिराज सिंह ने सोनिया गांधी और राहुल गांधी की नागरिकता पर क्या कहा?
उन्होंने आरोप लगाया कि सोनिया गांधी ने 12 वर्षों तक भारत की नागरिकता नहीं ली और राहुल गांधी पर दोहरी नागरिकता का मामला लंबित है। उन्होंने इसे देशप्रेम के सवाल से जोड़ा।
राष्ट्रपति को ज्ञापन देने पर गिरिराज सिंह ने क्या कहा?
गिरिराज सिंह ने कहा कि विपक्ष राष्ट्रपति को ज्ञापन देने की बात करता रहा, लेकिन लगभग पौने छह सौ घंटे बीत जाने के बाद भी कोई ठोस सबूत नहीं दिया गया। उन्होंने चेताया कि झूठी बयानबाजी के लिए भी कानून में प्रावधान हैं।
गिरिराज सिंह के अनुसार विदेशी साजिश का खुलासा कैसे हुआ?
उन्होंने दावा किया कि देश में अस्थिरता पैदा करने की साजिश का खुलासा कथित तौर पर एक प्रतिष्ठित अमेरिकी न्यूज संस्थान ने किया। उनके अनुसार फ्रांस, श्रीलंका, बांग्लादेश और नेपाल जैसी अशांत स्थिति भारत में पैदा करने की योजना थी।
राष्ट्र प्रेस
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