गुजरात: कच्छ के खडीर बेट में ‘रोड टू इनफिनिटी’ का निर्माण, विकास की नई संभावनाएं

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गुजरात: कच्छ के खडीर बेट में ‘रोड टू इनफिनिटी’ का निर्माण, विकास की नई संभावनाएं

सारांश

गुजरात के कच्छ में 'रोड टू इनफिनिटी' का निर्माण, 12 गांवों के विकास में मदद करेगा। यह सड़क दूरी कम करके पर्यटन को भी बढ़ावा देगी, जिससे क्षेत्र में सामाजिक-आर्थिक प्रगति होगी।

Key Takeaways

  • रोड टू इनफिनिटी से खडीर बेट के निवासियों को यात्रा में सुविधा मिलेगी।
  • यह सड़क सामाजिक-आर्थिक विकास को बढ़ावा देगी।
  • पर्यटकों के लिए धोलावीरा तक पहुंच आसान होगी।
  • इस परियोजना से पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा।
  • सड़क निर्माण स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूत करेगी।

कच्छ, 22 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। गुजरात का खडीर बेट क्षेत्र अब एक नए परिवर्तन का गवाह बन रहा है। मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल के दूरदर्शी दृष्टिकोण के अंतर्गत, इस क्षेत्र में सफेद रेगिस्तान और समुद्र के बीच से गुजरने वाली 22 किलोमीटर लंबी पक्की सड़क का निर्माण किया जा रहा है, जो एकला से बम्भंका तक फैलेगी। इस ‘रोड टू इनफिनिटी’ पर 140 करोड़ रुपए की लागत आएगी और इससे खडीर बेट के 12 गांवों की 12,000 से अधिक जनसंख्या को लाभ होगा, जिससे विकास की नई किरणें चमकेंगी।

पहले इस क्षेत्र के निवासियों को भचाऊ तालुका मुख्यालय पहुंचने के लिए 150 किलोमीटर से अधिक की यात्रा करनी पड़ती थी, लेकिन अब यह दूरी मात्र 75 से 80 किलोमीटर रह जाएगी।

स्थानीय निवासी हरदीप सिंह जाडेजा ने बताया कि खडीर विस्तार में 11 गांव शामिल हैं। पहले रापर या भचाऊ जाने के लिए 180 किलोमीटर की दूरी तय करनी पड़ती थी, लेकिन नए मार्ग के बनने से यह 70 किलोमीटर रह गई है, जिससे समय और ईंधन की बचत होगी।

इस मार्ग पर कच्छ का ऐतिहासिक हनुमान बेट है, जो कछुए के आकार में है और यहां प्राचीन रणेश्वर हनुमान मंदिर स्थित है। यह सड़क फ्लेमिंगो सिटी के पास से भी गुजरती है, जो एशिया का सबसे बड़ा फ्लेमिंगो प्रजनन स्थल है। इस पक्की सड़क के निर्माण से श्रद्धालुओं को रणेश्वर हनुमान मंदिर तक पहुंचने में आसानी होगी, और पर्यटक सर्दियों में यहां आने वाले प्रवासी पक्षियों फ्लेमिंगो का दीदार कर सकेंगे।

रणेश्वर हनुमान मंदिर के महंत योगी देवनाथ ने कहा कि इस एकल-बम्भंका रोड के बनने से पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा और खडीर बेट क्षेत्र की प्रगति होगी। साथ ही, यह मार्ग सेना को सीमा तक जल्दी पहुंचने में मदद करेगा।

पर्यटक अनीस शेख ने बताया कि यहां प्रवासी पक्षियों का आगमन होता है। हम उन्हें देखने के लिए आते हैं, और नया मार्ग बहुत उपयोगी है। पहले यहां आने के लिए 300 किलोमीटर की यात्रा करनी पड़ती थी, जो अब मात्र 150 किलोमीटर रह गई है।

‘रोड टू इनफिनिटी’ न केवल खडीर बेट में निवासियों के सामाजिक-आर्थिक विकास को गति देने वाली साबित होगी, बल्कि यह पर्यटकों को आर्कियोलॉजिकल साइट धोलावीरा तक जाने का एक वैकल्पिक मार्ग भी प्रदान करेगी।

भुज के जिला पंचायत के कार्यपालक इंजीनियर इकबाल टोपीवाला ने कहा कि खडीर बेट और उसके आस-पास के निवासियों को अक्सर काम के लिए भचाऊ तालुका जाना पड़ता है। इस नए मार्ग के निर्माण से यहां के निवासियों का सामाजिक विकास होगा और पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा। पहले से मौजूद ‘रोड टू हेवन’ के साथ ‘रोड टू इनफिनिटी’ का निर्माण खडीर बेट को धोलावीरा जाने वालों के लिए अधिक सुगम बनाएगा।

खडीर बेट के लोग पिछले पांच दशकों से भी अधिक समय से इस क्षेत्र में सड़क कनेक्टिविटी की मांग कर रहे थे। ‘रोड टू इनफिनिटी’ खडीर बेट के लिए नर्मदा और अन्य जल स्रोतों तक पहुंच को बेहतर बनाएगी। कुल मिलाकर, ‘रोड टू इनफिनिटी’ न केवल कच्छ के खडीर बेट में समग्र विकास को बढ़ावा देगी, बल्कि पर्यटकों की आवाजाही से स्थानीय अर्थव्यवस्था भी मजबूत होगी।

Point of View

बल्कि यह क्षेत्रीय पर्यटन को भी बढ़ावा देने का एक महत्वपूर्ण कदम है। यह विकास, सामाजिक और आर्थिक दोनों दृष्टियों से कच्छ के खडीर बेट के लिए लाभकारी साबित होगा।
NationPress
23/03/2026

Frequently Asked Questions

रोड टू इनफिनिटी का निर्माण कब शुरू हुआ?
यह सड़क निर्माण मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल के नेतृत्व में चल रहा है और यह परियोजना हाल ही में शुरू हुई है।
इस सड़क का मुख्य लाभ क्या है?
इस सड़क का मुख्य लाभ स्थानीय निवासियों को यात्रा की दूरी कम करने और पर्यटन को बढ़ावा देने में है।
क्या यह सड़क पर्यटकों के लिए भी लाभकारी होगी?
हाँ, यह सड़क पर्यटकों को आर्कियोलॉजिकल साइट धोलावीरा और फ्लेमिंगो सिटी तक पहुंचने में मदद करेगी।
इस सड़क का निर्माण किस लागत से किया जा रहा है?
इस ‘रोड टू इनफिनिटी’ का निर्माण 140 करोड़ रुपए की लागत से किया जा रहा है।
क्या यह सड़क क्षेत्रीय विकास में सहायक होगी?
हाँ, यह सड़क न केवल सामाजिक विकास को बढ़ावा देगी, बल्कि स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूत करेगी।
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