13 सितंबर 2026
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भारत-बांग्लादेश संबंध मजबूत करने की पहल: उच्चायुक्त दिनेश त्रिवेदी ने ढाका में कई शीर्ष सलाहकारों से की मुलाकात

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भारत-बांग्लादेश संबंध मजबूत करने की पहल: उच्चायुक्त दिनेश त्रिवेदी ने ढाका में कई शीर्ष सलाहकारों से की मुलाकात

सारांश

भारत के उच्चायुक्त दिनेश त्रिवेदी ने ढाका में एक ही दिन बांग्लादेश के नीति सलाहकार और जल संसाधन मंत्री से मुलाकात की, और इससे पहले रक्षा सलाहकार से भी वार्ता की — यह राजनयिक सक्रियता दोनों देशों के बहुआयामी संबंधों को नई दिशा देने की कोशिश का हिस्सा है।

मुख्य बातें

उच्चायुक्त दिनेश त्रिवेदी ने 13 सितंबर 2026 को ढाका में बांग्लादेश के पीएम के नीति सलाहकार डॉ.
जाहेद उर रहमान से भारत-बांग्लादेश संबंधों पर व्यापक चर्चा की।
इसी दिन जल संसाधन मंत्री मोहम्मद शाहिदुद्दीन चौधरी एनी और राज्य मंत्री फोरहाद हुसैन आजाद से भी बैठक हुई।
बुधवार को रक्षा सलाहकार ए.के.एम.
शमसुल इस्लाम से मुलाकात में दोनों देशों की सशस्त्र सेनाओं के बीच सहयोग गहरा करने पर सहमति बनी।
दोनों पक्षों ने दो जीवंत लोकतंत्रों के रूप में आपसी संपर्क और साझा आकांक्षाओं को पूरा करने की प्रतिबद्धता दोहराई।
यह कूटनीतिक सक्रियता भारत-बांग्लादेश संबंधों में व्यापार, जल, सीमा प्रबंधन और रक्षा जैसे बहुआयामी मुद्दों के संदर्भ में महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

बांग्लादेश में भारत के उच्चायुक्त दिनेश त्रिवेदी ने 13 सितंबर 2026 को ढाका में कई उच्च-स्तरीय बैठकें कीं, जिनमें भारत-बांग्लादेश द्विपक्षीय संबंधों को और प्रगाढ़ बनाने के उपायों पर विस्तृत चर्चा हुई। बांग्लादेश के प्रधानमंत्री के नीति एवं रणनीति सलाहकार डॉ. जाहेद उर रहमान के साथ हुई बैठक इन वार्ताओं में केंद्रबिंदु रही।

मुख्य बैठकें और एजेंडा

उच्चायुक्त त्रिवेदी ने रविवार को डॉ. जाहेद उर रहमान से मुलाकात की, जो बांग्लादेश के प्रधानमंत्री के नीति एवं रणनीति सलाहकार होने के साथ-साथ सूचना एवं प्रसारण तथा सांस्कृतिक मामलों के मंत्रालयों के सलाहकार भी हैं। भारतीय उच्चायोग ने बताया कि इस बैठक में भारत-बांग्लादेश संबंधों से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर व्यापक विचार-विमर्श हुआ।

दोनों पक्षों ने उम्मीद जताई कि दोनों देश — जो दो जीवंत लोकतंत्र हैं — आपसी सहयोग के जरिये लोगों के बीच संपर्क और रिश्तों को और मजबूत बनाने की दिशा में मिलकर काम करते रहेंगे।

जल संसाधन मंत्री से मुलाकात

इसी दिन उच्चायुक्त त्रिवेदी ने बांग्लादेश के जल संसाधन मंत्री मोहम्मद शाहिदुद्दीन चौधरी एनी से भी मुलाकात की। इस बैठक में राज्य मंत्री फोरहाद हुसैन आजाद भी उपस्थित रहे। उच्चायोग के अनुसार, चर्चा का केंद्र दोनों पड़ोसी देशों के लोगों की साझा आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए द्विपक्षीय सहयोग को और सुदृढ़ बनाने की आवश्यकता पर रहा। यह उल्लेखनीय है कि भारत और बांग्लादेश के बीच साझा नदियों के जल बँटवारे का मसला दशकों से एक संवेदनशील विषय रहा है।

रक्षा सहयोग पर भी चर्चा

इससे पहले बुधवार को उच्चायुक्त त्रिवेदी ने बांग्लादेश के प्रधानमंत्री के रक्षा मंत्रालय और सशस्त्र बल प्रभाग के सलाहकार ए.के.एम. शमसुल इस्लाम से मुलाकात की थी। दोनों पक्षों ने रक्षा सहयोग बढ़ाने और दोनों देशों की सेनाओं के बीच संपर्क को और गहरा करने के उपायों पर विचार-विमर्श किया।

उच्चायोग के मुताबिक, उस बैठक में दोनों देशों की सशस्त्र सेनाओं के बीच मौजूद मजबूत संबंधों को रेखांकित किया गया और आपसी हितों के क्षेत्रों में सहयोग जारी रखने की प्रतिबद्धता दोहराई गई। गौरतलब है कि भारत-बांग्लादेश रक्षा साझेदारी हाल के वर्षों में काफी विस्तृत हुई है, जिसमें संयुक्त सैन्य अभ्यास और क्षमता-निर्माण कार्यक्रम शामिल हैं।

व्यापक संदर्भ और महत्व

यह कूटनीतिक सक्रियता ऐसे समय में आई है जब भारत और बांग्लादेश के बीच व्यापार, जल-साझाकरण, सीमा प्रबंधन और कनेक्टिविटी जैसे मुद्दों पर नियमित उच्च-स्तरीय संवाद की ज़रूरत महसूस की जा रही है। ढाका में भारतीय उच्चायोग की इस त्वरित राजनयिक पहल से दोनों देशों के बीच बहुआयामी संबंधों को नई गति मिलने की उम्मीद है।

आने वाले हफ्तों में इन बैठकों के आधार पर ठोस कार्ययोजना और संभावित समझौतों का आकार लेना संभव है, जो दोनों देशों के आम नागरिकों के जीवन को प्रत्यक्ष रूप से प्रभावित कर सकते हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

जल और रक्षा — तीन अलग-अलग क्षेत्रों में बैठकें यह संकेत देती हैं कि भारत बांग्लादेश के साथ संबंधों को एक व्यापक और संस्थागत ढाँचे में सक्रिय रूप से पुनर्परिभाषित करना चाहता है। हालाँकि इन बैठकों की कूटनीतिक सफलता का आकलन तब होगा जब ठोस समझौते सामने आएँगे — क्योंकि भारत-बांग्लादेश संबंधों में तीस्ता जल-साझाकरण जैसे संवेदनशील मुद्दे दशकों से अनसुलझे हैं। रक्षा सहयोग पर बातचीत क्षेत्रीय सुरक्षा ढाँचे में बांग्लादेश की बढ़ती भूमिका को रेखांकित करती है, जो मुख्यधारा की कवरेज में अक्सर नज़रअंदाज़ होती है।
RashtraPress
13 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

उच्चायुक्त दिनेश त्रिवेदी ने ढाका में किन-किन अधिकारियों से मुलाकात की?
उच्चायुक्त दिनेश त्रिवेदी ने 13 सितंबर 2026 को बांग्लादेश के पीएम के नीति सलाहकार डॉ. जाहेद उर रहमान और जल संसाधन मंत्री मोहम्मद शाहिदुद्दीन चौधरी एनी से मुलाकात की। इसी सप्ताह उन्होंने रक्षा सलाहकार ए.के.एम. शमसुल इस्लाम से भी वार्ता की थी।
भारत-बांग्लादेश इन बैठकों में किन मुद्दों पर चर्चा हुई?
बैठकों में द्विपक्षीय संबंध, लोगों के बीच संपर्क, जल संसाधन सहयोग और रक्षा साझेदारी को गहरा करने जैसे मुद्दों पर चर्चा हुई। दोनों पक्षों ने आपसी हितों के क्षेत्रों में सहयोग जारी रखने की प्रतिबद्धता दोहराई।
भारत-बांग्लादेश रक्षा सहयोग पर क्या प्रगति हुई?
बुधवार को हुई बैठक में दोनों देशों की सशस्त्र सेनाओं के बीच मौजूद मजबूत संबंधों को रेखांकित किया गया और सेनाओं के बीच संपर्क को और गहरा करने के उपायों पर विचार-विमर्श हुआ। दोनों पक्षों ने रक्षा सहयोग बढ़ाने की प्रतिबद्धता जताई।
डॉ. जाहेद उर रहमान कौन हैं?
डॉ. जाहेद उर रहमान बांग्लादेश के प्रधानमंत्री के नीति एवं रणनीति सलाहकार हैं। वे सूचना एवं प्रसारण तथा सांस्कृतिक मामलों के मंत्रालयों के सलाहकार की भूमिका भी निभाते हैं।
इन बैठकों का भारत-बांग्लादेश संबंधों पर क्या असर होगा?
इन उच्च-स्तरीय बैठकों से दोनों देशों के बीच नीति, जल और रक्षा क्षेत्रों में संवाद को संस्थागत रूप मिलने की उम्मीद है। आने वाले हफ्तों में ठोस कार्ययोजना और संभावित समझौतों के सामने आने की संभावना जताई जा रही है।
राष्ट्र प्रेस
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