कर्नाटक: सीएलपी बैठक आज शाम 4 बजे, डी.के. शिवकुमार के मुख्यमंत्री बनने का रास्ता साफ
सारांश
मुख्य बातें
कर्नाटक में कांग्रेस विधायक दल (सीएलपी) की एक अहम बैठक शनिवार, 31 मई को शाम 4 बजे विधान सौध के कॉन्फ्रेंस हॉल में बुलाई गई है। मुख्यमंत्री सिद्दारमैया के इस्तीफे के बाद यह बैठक कांग्रेस विधायक दल का नया नेता चुनने के लिए आहूत की गई है, जो पार्टी की ओर से मुख्यमंत्री पद का दावेदार होगा। बैठक की घोषणा सीएलपी सचिव एवं विधायक अल्लामप्रभु पाटिल ने की।
बैठक में कौन-कौन होगा शामिल
बैठक की अध्यक्षता वर्तमान सीएलपी नेता सिद्दारमैया करेंगे। कर्नाटक प्रदेश कांग्रेस कमेटी (केपीसीसी) के अध्यक्ष डी.के. शिवकुमार, एआईसीसी के महासचिव एवं कर्नाटक प्रभारी रणदीप सिंह सुरजेवाला, विधान परिषद में सदन के नेता एन.एस. बोस राजू तथा पार्टी के सभी कार्यकारी अध्यक्ष इसमें उपस्थित रहेंगे। विधानसभा के सभी सदस्य (एमएलए), विधान परिषद के सदस्य (एमएलसी), लोकसभा सांसद और राज्यसभा सांसद — सभी को बैठक में शामिल होने के लिए बुलाया गया है।
दिल्ली में हुई बड़ी बैठकें, सिद्दारमैया बेंगलुरु रवाना
बैठक से पहले सिद्दारमैया ने नई दिल्ली में कांग्रेस नेता राहुल गांधी और एआईसीसी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे से मुलाकात की। इसके अलावा उन्होंने एआईसीसी के महासचिव (संगठन) के.सी. वेणुगोपाल से भी चर्चा की। दिल्ली रवाना होने से पहले सिद्दारमैया, डी.के. शिवकुमार, कांग्रेस एमएलसी यतींद्र सिद्दारमैया और पूर्व मंत्री के.एच. मुनियप्पा ने साथ दोपहर का भोजन किया। बाद में सिद्दारमैया ने के.जे. जॉर्ज के साथ भी चर्चा की। सिद्दारमैया के शुक्रवार शाम 5.30 बजे बेंगलुरु के एचएएल हवाई अड्डे पहुँचने की उम्मीद थी।
शिवकुमार के नाम पर मुहर, दो दिन में शपथ संभव
कर्नाटक के मंत्री एच.के. पाटिल ने शुक्रवार को स्पष्ट किया कि डी.के. शिवकुमार अगले मुख्यमंत्री बनने जा रहे हैं और संभवतः अगले दो दिनों के भीतर शपथ ले सकते हैं। पाटिल ने कहा, 'शिवकुमार पहले से ही मुख्यमंत्री पद के लिए नामित हैं। जब पूर्व मुख्यमंत्री सिद्दारमैया ने दिल्ली में हुई बातचीत के बारे में बताया, तो उन्होंने साफ कहा कि उन्हें इस्तीफा देने की सलाह दी गई थी और यह तय हुआ है कि शिवकुमार अगले मुख्यमंत्री होंगे। उसी समय यह पूरी तरह स्पष्ट हो गया था कि अब शिवकुमार ही हमारे अगले मुख्यमंत्री बनेंगे।'
राजनीतिक पृष्ठभूमि
गौरतलब है कि सिद्दारमैया और शिवकुमार के बीच मुख्यमंत्री पद को लेकर खींचतान 2023 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की जीत के बाद से ही चली आ रही थी। उस समय दोनों नेताओं के बीच कार्यकाल बँटवारे की अनौपचारिक सहमति की चर्चाएँ थीं। यह ऐसे समय में आया है जब कर्नाटक में कांग्रेस सरकार को विभिन्न मोर्चों पर विपक्षी दबाव का सामना करना पड़ रहा है। सीएलपी बैठक के नतीजे पर पूरे राज्य की निगाहें टिकी हैं।