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महाराष्ट्र मानसून सत्र 2026: उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार बोलीं — महायुति जन कल्याण और विकास के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध

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महाराष्ट्र मानसून सत्र 2026: उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार बोलीं — महायुति जन कल्याण और विकास के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध

सारांश

महाराष्ट्र विधानसभा के मानसून सत्र से ठीक पहले उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार ने महायुति सरकार की विकास-प्रतिबद्धता दोहराई। साथ ही अल नीनो से प्रभावित किसानों को सतर्क रहने की सलाह दी और PM किसान योजना की 23वीं किस्त के तहत ₹1,817 करोड़ के वितरण की जानकारी दी।

मुख्य बातें

उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार ने 21 जून को मुंबई में मानसून सत्र की पूर्व संध्या पर प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित किया।
महायुति सरकार ने जन कल्याण, लोकतांत्रिक संवाद और राज्य के समग्र विकास के प्रति प्रतिबद्धता दोहराई।
अल नीनो के प्रभाव से महाराष्ट्र में मानसून की प्रगति धीमी; किसानों को IMD पूर्वानुमान देखकर बुवाई करने की सलाह।
PM किसान सम्मान निधि की 23वीं किस्त के तहत महाराष्ट्र के 91 लाख किसान परिवारों को ₹1,817 करोड़ सीधे खातों में हस्तांतरित।
सत्र की पूर्व संध्या की हाई टी पार्टी को सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच संवाद का माध्यम बताया गया।

उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार ने रविवार, 21 जून को मुंबई में महाराष्ट्र विधानसभा के मानसून सत्र की पूर्व संध्या पर आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में स्पष्ट किया कि महायुति सरकार जन कल्याण, लोकतांत्रिक संवाद और राज्य के समग्र विकास के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि आगामी सत्र में जनहित और राज्य की प्रगति से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर व्यापक विचार-विमर्श होगा।

विधानसभा सत्र का महत्व

उपमुख्यमंत्री पवार ने इस बात पर जोर दिया कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में विधानसभा जनता की अपेक्षाओं, प्रश्नों और आकांक्षाओं को संबोधित करने का सर्वोच्च मंच है। उन्होंने विश्वास जताया कि यह मानसून सत्र जनता की उम्मीदों पर खरा उतरेगा, विकास को नई गति देगा और राज्य के सर्वोत्तम हित में निर्णय लेने का मार्ग प्रशस्त करेगा।

यह ऐसे समय में आया है जब महाराष्ट्र में अल नीनो के प्रभाव के कारण मानसून की प्रगति धीमी बनी हुई है और कृषि क्षेत्र पर दबाव बढ़ रहा है। गौरतलब है कि राज्य में अब तक अपेक्षित वर्षा नहीं हुई है, जिससे किसानों में चिंता का माहौल है।

सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच संवाद

सत्र की पूर्व संध्या पर आयोजित पारंपरिक हाई टी पार्टी का उल्लेख करते हुए उपमुख्यमंत्री पवार ने कहा कि यह कार्यक्रम महज एक औपचारिकता नहीं, बल्कि सत्ताधारी गठबंधन और विपक्ष के बीच प्रभावी संवाद को बढ़ावा देने की एक सकारात्मक परंपरा है। उन्होंने कहा, 'मतभेद हो सकते हैं, लेकिन लोकतंत्र में संवाद अत्यंत महत्वपूर्ण है। जनता के कल्याण के लिए रचनात्मक चर्चा और सकारात्मक सहयोग आवश्यक है।'

पवार ने यह भी स्पष्ट किया कि राज्य सरकार जनता के मुद्दों के सार्थक समाधान के लिए विपक्ष के हर रचनात्मक सुझाव का स्वागत करने को तैयार है और सभी मुद्दों का हल संवाद के माध्यम से निकाला जा सकता है।

किसानों के लिए राहत और कृषि स्थिति

अल नीनो के प्रभाव से मानसून में देरी को देखते हुए किसानों को सलाह दी गई है कि वे बुवाई में जल्दबाजी न करें और भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के आधिकारिक पूर्वानुमानों पर भरोसा करते हुए ही कोई निर्णय लें।

किसानों को राहत देने के संदर्भ में उपमुख्यमंत्री पवार ने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की 23वीं किस्त के हालिया वितरण की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा दो दिन पूर्व ऑनलाइन जारी की गई इस किस्त के माध्यम से महाराष्ट्र भर में लगभग 91 लाख किसान परिवारों के बैंक खातों में सीधे ₹1,817 करोड़ हस्तांतरित किए गए।

महायुति सरकार का रुख

उपमुख्यमंत्री पवार ने दोहराया कि महायुति सरकार महाराष्ट्र के समग्र विकास के लिए प्रतिबद्ध है और यह सुनिश्चित करेगी कि जनता के मुद्दे सदन में प्रभावी ढंग से उठाए जाएं और उनका समाधान हो। आगामी मानसून सत्र इस दिशा में एक महत्वपूर्ण अवसर माना जा रहा है, जहाँ विकास कार्यों और कृषि संकट पर केंद्रित चर्चा अपेक्षित है।

संपादकीय दृष्टिकोण

सूखे की आशंका और बुवाई की देरी को केंद्र में रखेगा, और तब महायुति की 'प्रतिबद्धता' की असली परीक्षा होगी।
RashtraPress
10 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

महाराष्ट्र विधानसभा का मानसून सत्र 2026 किन मुद्दों पर केंद्रित रहेगा?
उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार के अनुसार इस सत्र में जनहित, विकास कार्यों और राज्य की प्रगति से जुड़े महत्वपूर्ण मामलों पर व्यापक चर्चा होने की उम्मीद है। अल नीनो के कारण धीमे मानसून की पृष्ठभूमि में कृषि संकट भी प्रमुख मुद्दा रह सकता है।
PM किसान सम्मान निधि की 23वीं किस्त से महाराष्ट्र के कितने किसानों को फायदा मिला?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा ऑनलाइन जारी की गई 23वीं किस्त के तहत महाराष्ट्र के लगभग 91 लाख किसान परिवारों के बैंक खातों में सीधे ₹1,817 करोड़ हस्तांतरित किए गए।
अल नीनो के कारण महाराष्ट्र के किसानों को क्या सलाह दी गई है?
अल नीनो के प्रभाव से राज्य में मानसून की प्रगति धीमी होने के कारण किसानों को बुवाई में जल्दबाजी न करने और भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के आधिकारिक पूर्वानुमानों के आधार पर ही निर्णय लेने की सलाह दी गई है।
महायुति सरकार और विपक्ष के बीच संवाद को लेकर उपमुख्यमंत्री पवार ने क्या कहा?
उपमुख्यमंत्री पवार ने कहा कि मतभेद हो सकते हैं, लेकिन लोकतंत्र में संवाद अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार विपक्ष के हर रचनात्मक सुझाव का स्वागत करने को तैयार है और सभी मुद्दों का हल संवाद के माध्यम से निकाला जा सकता है।
मानसून सत्र की पूर्व संध्या पर हाई टी पार्टी का क्या उद्देश्य है?
उपमुख्यमंत्री पवार ने इसे एक पुरानी और सकारात्मक परंपरा बताया, जिसका उद्देश्य सत्ताधारी गठबंधन और विपक्ष के बीच प्रभावी संवाद को बढ़ावा देना है। उन्होंने कहा कि यह महज एक औपचारिकता नहीं, बल्कि रचनात्मक सहयोग की नींव है।
राष्ट्र प्रेस
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