चंद्रशेखर बावनकुले का आरोप: पीएम मोदी ने 350 महिलाओं के संसद में प्रवेश का रास्ता बनाया, विपक्ष ने रोका
सारांश
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नागपुर, 21 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। महाराष्ट्र के नागपुर में महिला आरक्षण बिल को लेकर राजनीतिक बयानबाजी में तेजी आ गई है। राज्य सरकार में मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने कांग्रेस और इंडी गठबंधन पर तीखा हमला करते हुए यह आरोप लगाया कि उन्होंने महिलाओं के अधिकारों से जुड़े एक महत्वपूर्ण विधेयक को रोकने का प्रयास किया है।
मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संसद में 350 से अधिक महिलाओं के प्रवेश का मार्ग प्रशस्त किया था, लेकिन विपक्षी दलों ने इस महत्वपूर्ण पहल को आगे बढ़ने से रोक दिया।
उन्होंने बताया कि महाराष्ट्र विधानसभा में 100 से अधिक महिला विधायक हैं, जो महिलाओं के सशक्तीकरण की दिशा में एक सकारात्मक संकेत है।
बावनकुले ने यह भी कहा कि कांग्रेस और उसके सहयोगी दलों का मुख्य उद्देश्य महिलाओं के अधिकारों को मजबूत करना नहीं, बल्कि केवल वोट हासिल करना है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस विधेयक को रोककर महिलाओं के लिए एक बड़ा अवसर समाप्त कर दिया गया है।
मंत्री ने यह भी कहा कि महिलाओं में इस मुद्दे को लेकर नाराजगी है और भारतीय जनता पार्टी द्वारा एक मार्च भी आयोजित किया जाएगा। उनका दावा है कि आने वाले चुनावों में महिलाएं कांग्रेस और उसके सहयोगियों को इसका सही जवाब देंगी।
इस बीच, बावनकुले ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि ममता बनर्जी की हालिया प्रतिक्रियाएं और उनका गुस्से भरा रवैया दर्शाते हैं कि राज्य में उनकी स्थिति कमजोर हो रही है। उनके अनुसार, पश्चिम बंगाल की जनता आगामी चुनावों में उन्हें सत्ता से बाहर कर सकती है।
उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल में भाजपा की सरकार बनने का रास्ता तैयार है। जनता ने तय कर लिया है कि टीएमसी को हटाकर भाजपा को लाना है, क्योंकि वही राज्य का विकास कर सकती है।
गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल में पहले चरण का मतदान 23 अप्रैल को होना है। इस चरण को लेकर राजनीतिक गतिविधियां अपने चरम पर हैं। भाजपा और तृणमूल कांग्रेस दोनों ही अपने उम्मीदवारों की जीत सुनिश्चित करने के लिए जोरदार प्रचार अभियान चला रहे हैं। जनसभाओं, रोड शो और घर-घर संपर्क के माध्यम से मतदाताओं को प्रभावित करने की कोशिशें जारी हैं।