मोदी-बार्ट डी वेवर वार्ता: रक्षा, सेमीकंडक्टर और व्यापार में साझेदारी गहरी, 5 साल में द्विपक्षीय व्यापार दोगुना करने का लक्ष्य
सारांश
मुख्य बातें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और बेल्जियम के प्रधानमंत्री बार्ट डी वेवर ने 4 सितंबर 2025 को नई दिल्ली के हैदराबाद हाउस में द्विपक्षीय वार्ता की, जिसमें दोनों देशों के संबंधों के समग्र आयाम की समीक्षा की गई और भारत-बेल्जियम साझेदारी को और गहरा करने की प्रतिबद्धता दोहराई गई। यह बैठक इस मायने में ऐतिहासिक है क्योंकि यह दो दशकों में बेल्जियम के किसी प्रधानमंत्री का पहला भारत दौरा है।
मुख्य घटनाक्रम
विदेश मंत्रालय ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट करते हुए बताया कि दोनों नेताओं ने रक्षा, व्यापार, निवेश, नवाचार, सेमीकंडक्टर, फिनटेक, महत्वपूर्ण खनिज, लोगों के बीच संबंध तथा अकादमिक एवं अनुसंधान सहयोग पर केंद्रित चर्चा की। इसके साथ ही दोनों पक्षों ने आपसी हित के क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर भी विचारों का आदान-प्रदान किया।
बैठक के दौरान राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल, प्रधानमंत्री के प्रधान सचिव पीके मिश्रा, विदेश मंत्रालय के सचिव (पश्चिम) सिबी जॉर्ज और अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित रहे।
समझौता ज्ञापन और प्रमुख सहमतियाँ
दोनों नेताओं की उपस्थिति में रक्षा, नवीकरणीय ऊर्जा, अपराध से मुकाबला और राजनयिक प्रशिक्षण के क्षेत्र में समझौता ज्ञापनों (MoU) का आदान-प्रदान किया गया। विदेश मंत्रालय के अनुसार, दोनों पक्ष अगले पाँच वर्षों में द्विपक्षीय व्यापार को दोगुना करने पर सहमत हुए। इसके अलावा एक बिजनेस फोरम, एक निवेश फोरम और एक कांसुलर डायलॉग स्थापित करने की भी सहमति बनी।
गौरतलब है कि सेमीकंडक्टर और महत्वपूर्ण खनिजों पर जोर ऐसे समय में आया है जब भारत वैश्विक आपूर्ति श्रृंखलाओं में अपनी भूमिका बढ़ाने की कोशिश कर रहा है और बेल्जियम यूरोपीय संघ में भारत के प्रमुख व्यापारिक भागीदारों में से एक है।
भारत-ईयू एफटीए पर संबोधन
द्विपक्षीय बैठक के बाद बेल्जियम के प्रधानमंत्री बार्ट डी वेवर ने भारतीय उद्योग परिसंघ (CII) के एक व्यावसायिक कार्यक्रम में भारत-यूरोपीय संघ मुक्त व्यापार समझौते (FTA) पर अपना संबोधन दिया। यह संबोधन ऐसे समय में महत्वपूर्ण है जब भारत-ईयू एफटीए वार्ता कई वर्षों के अंतराल के बाद फिर से गति पकड़ रही है।
मुंबई दौरे की योजना
नई दिल्ली के बाद बार्ट डी वेवर शुक्रवार को मुंबई जाएंगे, जहाँ वे डायमंड, पोर्ट्स और लॉजिस्टिक्स क्षेत्र के प्रमुख हितधारकों से मुलाकात करेंगे। उल्लेखनीय है कि बेल्जियम का एंटवर्प शहर विश्व के सबसे बड़े हीरा व्यापार केंद्रों में से एक है और भारत के सूरत के साथ उसके गहरे व्यापारिक संबंध हैं।
दो दशक बाद ऐतिहासिक दौरा
बार्ट डी वेवर पिछले साल फरवरी में बेल्जियम के प्रधानमंत्री का कार्यभार संभालने के बाद पहली बार भारत आए हैं। यह दो दशकों में बेल्जियम के किसी प्रधानमंत्री का पहला भारत दौरा है, जो भारत-बेल्जियम संबंधों में एक नए और महत्वपूर्ण अध्याय की शुरुआत का संकेत देता है। आने वाले समय में दोनों देशों के बीच स्थापित होने वाले फोरम और डायलॉग तंत्र इस साझेदारी को संस्थागत स्वरूप देंगे।