3 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

2027 में सपा का अस्तित्व संकट में होगा: मंत्री नरेंद्र कश्यप का अखिलेश यादव पर तीखा पलटवार

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
2027 में सपा का अस्तित्व संकट में होगा: मंत्री नरेंद्र कश्यप का अखिलेश यादव पर तीखा पलटवार

सारांश

राम मंदिर दान विवाद पर सपा प्रमुख अखिलेश यादव के BJP-विरोधी बयान के जवाब में UP मंत्री नरेंद्र कश्यप ने कहा कि 2027 में सपा का अस्तित्व ही संकट में होगा। 403 सीटों पर बिखरे विपक्ष और एनडीए की एकजुटता का दावा करते हुए कश्यप ने 2017 जैसी जीत का भरोसा जताया।

मुख्य बातें

UP मंत्री नरेंद्र कश्यप ने 3 जुलाई को सपा प्रमुख अखिलेश यादव पर तीखा पलटवार किया।
कश्यप का दावा — 2027 विधानसभा चुनाव में सपा अपना अस्तित्व बचाने में भी मुश्किल महसूस करेगी।
अखिलेश यादव ने कहा था कि BJP को इस बार 'न चंदा, न दान, न चढ़ावा और न वोट' मिलेगा।
कश्यप ने कांग्रेस के केसी वेणुगोपाल के PM मोदी को लिखे पत्र को 'बचकाना हरकत' बताया।
राम मंदिर दान प्रकरण में एसआईटी जाँच जारी, एफआईआर दर्ज और गिरफ्तारियाँ हो चुकी हैं।
कश्यप ने 403 सीटों पर विपक्ष के बिखराव और एनडीए की 2017 जैसी जीत का दावा किया।

उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री नरेंद्र कश्यप ने 3 जुलाई को लखनऊ में राम मंदिर दान विवाद पर समाजवादी पार्टी (सपा) के अध्यक्ष अखिलेश यादव की टिप्पणियों पर कड़ा पलटवार किया और दावा किया कि 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनावों में सपा के लिए अपना अस्तित्व बचाना भी मुश्किल हो जाएगा। यह बयान उस समय आया जब अखिलेश यादव ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर निशाना साधते हुए कहा था कि इस बार पार्टी को न चंदा मिलेगा, न दान, न चढ़ावा और न वोट।

अखिलेश यादव का BJP पर हमला

सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने गुरुवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में राम मंदिर दान प्रकरण को लेकर BJP पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि इस बार भारतीय जनता पार्टी को 'न चंदा मिलने जा रहा है, न दान, न चढ़ावा और न वोट मिलने जा रहा है।' यह बयान राम मंदिर के दान में कथित अनियमितताओं की जाँच के बीच आया, जिसे लेकर राजनीतिक तापमान पहले से गर्म है।

मंत्री कश्यप का पलटवार

मंत्री नरेंद्र कश्यप ने अखिलेश यादव के बयान को खारिज करते हुए कहा, 'अखिलेश यादव को 2027 के विधानसभा चुनावों में अपनी पार्टी का अस्तित्व बचाना मुश्किल पड़ेगा। भाजपा और भाजपा के सभी घटक दल संचित हैं। 9 वर्षों में भाजपा सरकार ने उत्तर प्रदेश के लिए हर वो काम किया है, जो सरकार की जिम्मेदारी में शामिल था। इसलिए 2027 में भी सपा और अखिलेश यादव को हाथ मलते हुए विपक्ष में ही बैठना होगा।'

कश्यप ने आगे कहा कि 2027 के विधानसभा चुनावों का नतीजा उनके अनुसार 'साफ' है। उन्होंने दावा किया कि राज्य में 'इंडी' गठबंधन टूटना और एनडीए की फिर से सरकार बनना 'तय' है। उन्होंने कहा, 'कांग्रेस, बसपा, सपा और एआईएमआईएम — सभी दल 403 सीटों के लिए अलग-अलग लड़ेंगे। लेकिन जब नतीजे आएंगे, तो भाजपा 2017 जैसी ही जीत हासिल करेगी।'

राम मंदिर दान विवाद और कांग्रेस का पत्र

राम मंदिर चंदे को लेकर चल रहे विवाद पर कांग्रेस के महासचिव (संगठन) केसी वेणुगोपाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को एक पत्र लिखा था। इस पर मंत्री कश्यप ने प्रतिक्रिया देते हुए इसे 'बचकाना हरकत' करार दिया। उन्होंने कहा कि एसआईटी पहले से ही इस मामले की जाँच कर रही है, एफआईआर दर्ज हो चुकी है, गिरफ्तारियाँ भी हुई हैं और धन की बरामदगी भी हो चुकी है।

कश्यप ने कहा कि मुख्यमंत्री ने जनता को आश्वस्त किया है कि 'भगवान श्रीराम के दान में जिन्होंने भी बेईमानी की है, वे जेल की सजा से बचेंगे नहीं।' गौरतलब है कि यह विवाद ऐसे समय में राजनीतिक केंद्र बन गया है जब 2027 के विधानसभा चुनावों की तैयारियाँ अभी से शुरू हो चुकी हैं।

राजनीतिक परिदृश्य और आगे की राह

उत्तर प्रदेश में 403 विधानसभा सीटों पर होने वाले अगले चुनाव से पहले सत्तारूढ़ BJP और विपक्षी सपा के बीच बयानबाजी का यह दौर राजनीतिक माहौल को और गर्म करता दिख रहा है। आलोचकों का कहना है कि राम मंदिर दान प्रकरण को लेकर दोनों पक्षों के बीच जारी यह वाकयुद्ध 2027 के चुनावी एजेंडे को आकार देने की कोशिश है। यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि एसआईटी जाँच के नतीजे इस राजनीतिक बहस को किस दिशा में ले जाते हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन 2022 तक राजनीतिक समीकरण काफी बदल चुके थे। इंडी गठबंधन के टूटने की भविष्यवाणी और एआईएमआईएम को अलग खड़ा दिखाने की कोशिश BJP की उस परंपरागत रणनीति का हिस्सा लगती है जो विपक्ष को विभाजित दिखाकर अपनी एकजुटता को रेखांकित करती है। असली परीक्षा यह होगी कि एसआईटी जाँच के नतीजे किस पार्टी को राजनीतिक नुकसान पहुँचाते हैं।
RashtraPress
3 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

मंत्री नरेंद्र कश्यप ने अखिलेश यादव पर क्या पलटवार किया?
उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री नरेंद्र कश्यप ने कहा कि 2027 के विधानसभा चुनावों में अखिलेश यादव को अपनी पार्टी सपा का अस्तित्व बचाना मुश्किल पड़ेगा। उन्होंने यह भी दावा किया कि BJP 2017 जैसी जीत दोहराएगी और एनडीए की सरकार बनेगी।
अखिलेश यादव ने BJP के बारे में क्या कहा था?
सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा था कि इस बार BJP को न चंदा मिलेगा, न दान, न चढ़ावा और न वोट। यह बयान राम मंदिर दान प्रकरण को लेकर चल रहे विवाद के बीच आया।
राम मंदिर दान विवाद में अब तक क्या कार्रवाई हुई है?
मंत्री कश्यप के अनुसार, राम मंदिर दान मामले में एसआईटी जाँच जारी है, एफआईआर दर्ज हो चुकी है, गिरफ्तारियाँ भी हुई हैं और धन की बरामदगी भी की जा चुकी है। मुख्यमंत्री ने आश्वासन दिया है कि दोषियों को जेल की सजा से बचने नहीं दिया जाएगा।
कांग्रेस ने इस मामले में क्या किया और सरकार की प्रतिक्रिया क्या रही?
कांग्रेस के महासचिव (संगठन) केसी वेणुगोपाल ने राम मंदिर दान विवाद पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखा। मंत्री कश्यप ने इसे 'बचकाना हरकत' बताते हुए कहा कि एसआईटी पहले से ही मामले की जाँच कर रही है।
2027 उत्तर प्रदेश चुनाव में विपक्ष की क्या स्थिति बताई जा रही है?
मंत्री कश्यप का दावा है कि 'इंडी' गठबंधन टूट जाएगा और कांग्रेस, बसपा, सपा और एआईएमआईएम सभी 403 सीटों पर अलग-अलग लड़ेंगे। उनके अनुसार यह बिखराव एनडीए को 2017 जैसी जीत दिलाने में मदद करेगा।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 5 दिन पहले
  2. 6 दिन पहले
  3. 2 सप्ताह पहले
  4. 2 सप्ताह पहले
  5. 2 सप्ताह पहले
  6. 3 सप्ताह पहले
  7. 3 सप्ताह पहले
  8. 1 महीना पहले