पटना में 400 बेड का ऑर्थोपेडिक सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल शुरू, CM सम्राट चौधरी बोले— बिहार छोड़ने की ज़रूरत नहीं
सारांश
मुख्य बातें
बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने 26 जुलाई 2025 को पटना के राजवंशी नगर स्थित लोकनायक जयप्रकाश नारायण (LNJP) अस्पताल परिसर में नवनिर्मित 400 बेड क्षमता वाले ऑर्थोपेडिक सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल का उद्घाटन किया। इस अस्पताल के खुलने से हड्डी और जोड़ संबंधी गंभीर रोगों के उपचार के लिए बिहार के मरीजों को अब दूसरे राज्यों की ओर रुख नहीं करना पड़ेगा।
मुख्यमंत्री ने किया निरीक्षण, मरीजों से की बातचीत
उद्घाटन के बाद मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने अस्पताल के विभिन्न विभागों का व्यक्तिगत निरीक्षण किया और उपलब्ध अत्याधुनिक चिकित्सा सुविधाओं का जायज़ा लिया। उन्होंने भर्ती मरीजों से सीधी बातचीत कर उन्हें मिल रही स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता की जानकारी ली। चौधरी ने कहा कि राज्य सरकार का स्पष्ट लक्ष्य बिहार के नागरिकों को उनके अपने राज्य में विश्वस्तरीय और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएँ उपलब्ध कराना है।
अस्पताल में उपलब्ध सुविधाएँ
नवनिर्मित भवन में ऑर्थोपेडिक उपचार से जुड़ी सभी आधुनिक सुविधाएँ एक ही परिसर में एकत्रित की गई हैं। इनमें अत्याधुनिक मॉड्यूलर ऑपरेशन थिएटर, आधुनिक ICU, स्पोर्ट्स इंजरी सेंटर, ट्रॉमा एवं इमरजेंसी सेवाएँ, उन्नत रेडियोलॉजी विभाग, फिजियोथेरेपी यूनिट, MRI, OPD, प्लास्टर कक्ष, माइनर ऑपरेशन थिएटर, थेरेपी कक्ष और व्यावसायिक चिकित्सा इकाई शामिल हैं। जाँच, उपचार और पुनर्वास की यह एकीकृत व्यवस्था मरीजों को त्वरित एवं समग्र चिकित्सा सेवा सुनिश्चित करेगी।
सरकार की स्वास्थ्य नीति और भविष्य की दिशा
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार स्वास्थ्य क्षेत्र में आधारभूत संरचना के विकास के साथ-साथ आधुनिक तकनीक आधारित चिकित्सा सुविधाओं के विस्तार पर विशेष बल दे रही है। उन्होंने यह भी कहा कि यह अस्पताल भविष्य में बिहार के साथ-साथ आसपास के राज्यों के मरीजों को भी बेहतर चिकित्सा सेवा प्रदान करने में सक्षम होगा। यह ऐसे समय में आया है जब बिहार में स्वास्थ्य सेवाओं की माँग और जनसंख्या दबाव दोनों तेज़ी से बढ़ रहे हैं।
उद्घाटन समारोह में उपस्थित गणमान्य
उद्घाटन समारोह में उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, स्वास्थ्य मंत्री निशांत, सांसद रविशंकर प्रसाद, विधायक संजीव चौरसिया और विधान पार्षद नवल किशोर यादव सहित कई वरिष्ठ अधिकारी, चिकित्सक और अस्पताल कर्मी उपस्थित रहे। इस सुपर स्पेशियलिटी केंद्र को बिहार की स्वास्थ्य व्यवस्था को मज़बूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है।
आम जनता पर असर
गौरतलब है कि बिहार से बड़ी संख्या में मरीज हड्डी और जोड़ संबंधी जटिल ऑपरेशनों के लिए दिल्ली, मुंबई और वेल्लोर जैसे शहरों का रुख करते रहे हैं, जिससे उन्हें आर्थिक और शारीरिक दोनों तरह की कठिनाइयाँ उठानी पड़ती थीं। LNJP परिसर में यह नया केंद्र उस निर्भरता को कम करने का प्रयास है। अस्पताल प्रशासन के अनुसार, एकीकृत जाँच, उपचार और पुनर्वास व्यवस्था से मरीजों के ठीक होने की प्रक्रिया भी तेज़ होगी।