20 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

पटना पुलिस ने भू-माफिया संतोष डॉन को किया गिरफ्तार, 7.62 बोर पिस्टल व कारतूस बरामद

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
पटना पुलिस ने भू-माफिया संतोष डॉन को किया गिरफ्तार, 7.62 बोर पिस्टल व कारतूस बरामद

सारांश

पटना पुलिस ने कुख्यात भू-माफिया संतोष डॉन को हमजापुर के पास दबोचा — साथ में मिली 7.62 बोर की अवैध पिस्टल और ₹18,900 नकद। 28 मामलों में आरोपी यह अपराधी टॉप-10 की सूची में था और तीन मामलों में फरार चल रहा था।

मुख्य बातें

पटना पुलिस ने 19 जुलाई 2026 को कुख्यात भू-माफिया संजय कुमार उर्फ संतोष डॉन को हमजापुर, खुसरूपुर के पास गिरफ्तार किया।
आरोपी के पास से 7.62 बोर की अवैध ऑटोमैटिक पिस्टल , एक मैगजीन, 3 जिंदा कारतूस , ₹18,900 नकद और एक सोने की चेन बरामद।
संतोष डॉन पटना और नालंदा जिले के थानों में 28 आपराधिक मामलों में आरोपित है, जिनमें हत्या, रंगदारी और लूट शामिल हैं।
वह तीन मामलों में फरार था और एक मामले में न्यायालय से गैर-जमानती वारंट जारी था।
आरोपी पटना जिले के टॉप-10 अपराधियों की सूची में शामिल रहा है।

पटना पुलिस ने 19 जुलाई 2026 को संगठित अपराध के विरुद्ध अभियान के तहत कुख्यात भू-माफिया संजय कुमार उर्फ संतोष डॉन को गिरफ्तार किया। आरोपी के कब्जे से 7.62 बोर की एक अवैध ऑटोमैटिक पिस्टल, एक मैगजीन, तीन जिंदा कारतूस, ₹18,900 नकद और एक सोने की चेन बरामद की गई। पटना और नालंदा जिले के विभिन्न थानों में उसके खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास, रंगदारी, लूट और आर्म्स एक्ट सहित करीब 28 आपराधिक मामले दर्ज हैं।

गिरफ्तारी का घटनाक्रम

खुसरूपुर थाना पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि संतोष डॉन किसी आपराधिक घटना को अंजाम देने की नीयत से क्षेत्र में घूम रहा है। सूचना पर फतुहा के एसडीपीओ-2 संजीव कुमार के निर्देश पर खुसरूपुर थानाध्यक्ष के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई। टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एनएच स्थित हमजापुर के समीप घेराबंदी कर आरोपी को दबोच लिया।

बरामदगी और आपराधिक इतिहास

तलाशी के दौरान आरोपी के पास से 7.62 बोर की अवैध पिस्टल, एक मैगजीन और तीन जिंदा कारतूस मिले। इसके अलावा ₹18,900 नकद और एक सोने की चेन भी जब्त की गई। पूछताछ में संतोष डॉन ने अपने व्यापक आपराधिक इतिहास की जानकारी दी। पुलिस के अनुसार वह पटना जिले के टॉप-10 अपराधियों की सूची में शामिल रहा है।

गौरतलब है कि आरोपी मूल रूप से नालंदा जिले का निवासी है, जबकि उसका ससुराल खुसरूपुर थाना क्षेत्र के चुकिया गाँव में है। वह वर्तमान में तीन मामलों में फरार चल रहा था — जिनमें भागन बीघा और बेना थाना के मामले शामिल हैं। एक मामले में न्यायालय से उसके खिलाफ गैर-जमानती वारंट भी जारी था।

संगठित आपराधिक नेटवर्क की जाँच

प्रारंभिक जाँच में पुलिस आरोपी के संगठित आपराधिक नेटवर्क से जुड़े पहलुओं की भी पड़ताल कर रही है। यह ऐसे समय में आया है जब बिहार पुलिस भू-माफियाओं और संगठित गिरोहों के विरुद्ध राज्यव्यापी अभियान चला रही है।

पुलिस का रुख और आगे की कार्रवाई

पटना पुलिस ने स्पष्ट किया है कि अपराध और अपराधियों के विरुद्ध 'जीरो टॉलरेंस' की नीति के तहत यह अभियान जारी रहेगा। कानून-व्यवस्था को चुनौती देने वाले तत्वों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। मामले में आगे की जाँच जारी है और आरोपी के नेटवर्क से जुड़े अन्य पहलुओं की भी छानबीन की जा रही है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली सवाल यह है कि 28 मामलों में आरोपी और टॉप-10 सूची में शामिल यह अपराधी इतने लंबे समय तक फरार कैसे रहा। भू-माफियाओं का राजनीतिक और प्रशासनिक संरक्षण बिहार में कोई नई बात नहीं — बिना नेटवर्क की गहरी जाँच के, यह गिरफ्तारी महज एक कड़ी साबित होगी, पूरी जंजीर नहीं।
RashtraPress
20 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

संतोष डॉन कौन है और उसे क्यों गिरफ्तार किया गया?
संतोष डॉन का असली नाम संजय कुमार है, जो नालंदा जिले का मूल निवासी और पटना का कुख्यात भू-माफिया है। उसे 19 जुलाई 2026 को खुसरूपुर क्षेत्र में आपराधिक घटना की आशंका पर गुप्त सूचना के आधार पर गिरफ्तार किया गया।
संतोष डॉन के पास से क्या बरामद हुआ?
पुलिस ने उसके पास से 7.62 बोर की एक अवैध ऑटोमैटिक पिस्टल, एक मैगजीन, तीन जिंदा कारतूस, ₹18,900 नकद और एक सोने की चेन बरामद की।
संतोष डॉन पर कितने आपराधिक मामले दर्ज हैं?
पुलिस के अनुसार संतोष डॉन पटना और नालंदा जिले के विभिन्न थानों में करीब 28 आपराधिक मामलों में आरोपित है। इनमें हत्या, हत्या का प्रयास, रंगदारी, लूट, मारपीट और आर्म्स एक्ट के मामले शामिल हैं।
गिरफ्तारी कहाँ और कैसे हुई?
खुसरूपुर थानाध्यक्ष के नेतृत्व में गठित विशेष टीम ने एनएच स्थित हमजापुर के समीप घेराबंदी कर आरोपी को दबोचा। फतुहा के एसडीपीओ-2 संजीव कुमार ने इस अभियान की जानकारी दी।
क्या संतोष डॉन के आपराधिक नेटवर्क की जाँच हो रही है?
हाँ, प्रारंभिक जाँच में पुलिस उसके संगठित आपराधिक नेटवर्क से जुड़े पहलुओं की पड़ताल कर रही है। पटना पुलिस ने कहा है कि 'जीरो टॉलरेंस' नीति के तहत आगे की जाँच जारी रहेगी।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 2 सप्ताह पहले
  2. 1 महीना पहले
  3. 1 महीना पहले
  4. 2 महीने पहले
  5. 3 महीने पहले
  6. 5 महीने पहले
  7. 7 महीने पहले
  8. 10 महीने पहले