31 अक्टूबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

गुरु गोविंद सिंह के 360वें प्रकाश पर्व की तैयारी: CM सम्राट चौधरी ने पटना साहिब में की समीक्षा बैठक

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
गुरु गोविंद सिंह के 360वें प्रकाश पर्व की तैयारी: CM सम्राट चौधरी ने पटना साहिब में की समीक्षा बैठक

सारांश

बिहार सरकार ने गुरु गोविंद सिंह जी के 360वें प्रकाश पर्व की तैयारियाँ तेज कर दी हैं। CM सम्राट चौधरी ने पटना साहिब में समीक्षा बैठक कर 20,000 श्रद्धालुओं की आवासन व्यवस्था, वाटर मेट्रो सेवा और रेलवे सुधार के निर्देश दिए। 9-16 जनवरी 2027 के आयोजन की थीम है — 'बिहार है तैयार, जी आया नूं'।

मुख्य बातें

CM सम्राट चौधरी ने 30 अक्टूबर 2026 को तख्त श्री हरमंदिर जी गुरुद्वारा, पटना साहिब में 360वें प्रकाश पर्व की तैयारियों की समीक्षा की।
आयोजन 9 जनवरी से 16 जनवरी 2027 तक होगा; थीम 'बिहार है तैयार, जी आया नूं' रखी गई है।
लगभग 20 से 30 एकड़ क्षेत्र में 20,000 श्रद्धालुओं के ठहरने की व्यवस्था विकसित की जाएगी।
दीघा घाट से कंगन घाट तक वाटर मेट्रो सेवा शुरू करने की संभावना तलाशने का निर्देश; कोलकाता से किराए पर लेने का विकल्प भी विचाराधीन।
ठंड के मौसम को देखते हुए हृदय रोग विशेषज्ञों सहित चिकित्सा विशेषज्ञों की तैनाती सुनिश्चित करने के निर्देश।
पटना साहिब, गुलजारबाग, पटना जंक्शन और राजेंद्र नगर रेलवे स्टेशनों पर श्रद्धालुओं के लिए विशेष सुविधाएं उपलब्ध कराने का आदेश।

बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने 30 अक्टूबर 2026 को तख्त श्री हरमंदिर जी गुरुद्वारा, पटना साहिब में श्री गुरु गोविंद सिंह जी महाराज के 360वें प्रकाश पर्व की तैयारियों की समीक्षा के लिए उच्चस्तरीय बैठक की। बैठक में उन्होंने सभी संबंधित विभागों को देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा, आवासन, चिकित्सा और आवागमन की व्यवस्था समयबद्ध ढंग से सुनिश्चित करने के स्पष्ट निर्देश दिए।

मुख्य कार्ययोजना

बैठक में मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने आयोजन की प्रस्तावित कार्ययोजना विस्तार से रखी, जबकि पटना के जिलाधिकारी कुंदन कुमार ने प्रेज़ेंटेशन के माध्यम से तैयारियों का ब्यौरा दिया। आयोजन 9 जनवरी से 16 जनवरी 2027 तक होगा और इसकी थीम 'बिहार है तैयार, जी आया नूं' रखी गई है।

श्रद्धालुओं के ठहरने के लिए 20 से 30 एकड़ क्षेत्र में आवासन सुविधा विकसित करने तथा लगभग 20 हजार लोगों के एकसाथ रुकने की व्यवस्था की योजना है। इसके अलावा, विशेष बसों का परिचालन, कॉम्फेड की ओर से दूध एवं दही की आपूर्ति, चलंत शौचालय, स्ट्रीट लाइट, चेकपोस्ट और भीड़ प्रबंधन की व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाएगी।

यातायात और रेलवे व्यवस्था

मुख्यमंत्री ने दानापुर मंडल के मंडल रेल प्रबंधक तथा पूर्व मध्य रेल, हाजीपुर के महाप्रबंधक को पटना साहिब रेलवे स्टेशन को श्रद्धालुओं की सुविधा के अनुरूप विकसित करने का निर्देश दिया। गुलजारबाग, पटना जंक्शन और राजेंद्र नगर रेलवे स्टेशन पर भी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने की बात कही गई।

यातायात का दबाव कम करने के लिए दीघा घाट से कंगन घाट तक वाटर मेट्रो सेवा शुरू करने की संभावना तलाशने का निर्देश भी दिया गया। इसके लिए कोलकाता से वाटर मेट्रो किराए पर लेने के विकल्प पर विचार करने को कहा गया।

स्वास्थ्य एवं आपातकालीन सेवाएं

मुख्यमंत्री ने कहा कि जनवरी माह में कड़ाके की ठंड को देखते हुए श्रद्धालुओं के स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान दिया जाना ज़रूरी है। उन्होंने हृदय रोग विशेषज्ञों सहित आवश्यक चिकित्सा विशेषज्ञों की उपलब्धता सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। पेयजल, स्वच्छता, प्रकाश और अन्य बुनियादी सुविधाओं की बेहतर व्यवस्था पर भी बल दिया गया।

सरकार का संदेश

मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि श्रद्धालुओं की 'सुविधा, सुरक्षा और सम्मान' सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए और सभी व्यवस्थाएं इसी भावना के अनुरूप समयसीमा में पूरी की जाएं। बैठक के बाद उन्होंने तख्त श्री हरमंदिर जी गुरुद्वारा पटना साहिब में मत्था टेका और राज्य की सुख, शांति व समृद्धि की कामना की। गुरुद्वारा प्रबंधक कमिटी ने उन्हें सरोपा, तलवार एवं प्रतीक चिन्ह भेंट कर स्वागत किया।

बैठक में विधायक रत्नेश कुशवाहा, पटना की महापौर सीता साहू, पुलिस महानिदेशक प्रीता वर्मा, पटना प्रमंडल के आयुक्त राजेश कुमार, पुलिस महानिरीक्षक जितेंद्र राणा, वरीय पुलिस अधीक्षक कार्तिकेय के. शर्मा तथा तख्त श्री हरमंदिर साहिब प्रबंधक कमिटी के पदाधिकारी उपस्थित रहे।

आगे क्या होगा

आयोजन की सभी तैयारियाँ जनवरी 2027 से पहले पूरी करने का लक्ष्य है। वाटर मेट्रो सेवा की व्यवहार्यता पर जल्द रिपोर्ट अपेक्षित है। यह ऐसे समय में महत्वपूर्ण है जब बिहार बड़े धार्मिक आयोजनों में बेहतर बुनियादी ढाँचे के ज़रिए अपनी पर्यटन क्षमता को आगे बढ़ाने की कोशिश कर रहा है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन इनकी व्यावहारिकता का सवाल बना रहेगा जब तक रिपोर्ट न आए। 20,000 श्रद्धालुओं की क्षमता के साथ यदि प्रबंधन चूका, तो अंतरराष्ट्रीय संगत के सामने राज्य की छवि दांव पर होगी — इसलिए समयबद्धता और अंतर-विभागीय समन्वय पर असली नज़र रखनी होगी।
RashtraPress
31 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

श्री गुरु गोविंद सिंह जी का 360वां प्रकाश पर्व कब और कहाँ मनाया जाएगा?
360वां प्रकाश पर्व 9 जनवरी से 16 जनवरी 2027 तक तख्त श्री हरमंदिर जी गुरुद्वारा, पटना साहिब, बिहार में आयोजित किया जाएगा। इसकी थीम 'बिहार है तैयार, जी आया नूं' रखी गई है।
CM सम्राट चौधरी ने प्रकाश पर्व की तैयारियों के लिए क्या-क्या निर्देश दिए?
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा, आवासन और आवागमन की व्यवस्था समयबद्ध ढंग से सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही दीघा घाट से कंगन घाट तक वाटर मेट्रो सेवा की संभावना तलाशने, रेलवे स्टेशनों पर सुविधाएं बढ़ाने और हृदय रोग विशेषज्ञों सहित चिकित्सा टीम तैनात करने के निर्देश दिए।
पटना साहिब में कितने श्रद्धालुओं के ठहरने की व्यवस्था होगी?
प्रकाश पर्व के दौरान लगभग 20 से 30 एकड़ क्षेत्र में आवासन सुविधा विकसित की जाएगी, जिसमें करीब 20,000 श्रद्धालुओं के एकसाथ ठहरने की योजना है।
पटना साहिब प्रकाश पर्व के लिए वाटर मेट्रो सेवा का क्या प्रस्ताव है?
यातायात के दबाव को कम करने के लिए दीघा घाट से कंगन घाट तक वाटर मेट्रो सेवा शुरू करने की संभावना तलाशी जा रही है। कोलकाता से वाटर मेट्रो किराए पर लेने के विकल्प पर भी विचार करने का निर्देश दिया गया है।
प्रकाश पर्व 2027 के आयोजन में किन विभागों और अधिकारियों की भागीदारी है?
बैठक में मुख्य सचिव, पुलिस महानिदेशक, पटना के जिलाधिकारी, मंडल रेल प्रबंधक, पटना प्रमंडल आयुक्त, महापौर, विधायक और गुरुद्वारा प्रबंधक कमिटी के पदाधिकारी शामिल रहे। सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ जनवरी 2027 से पहले तैयारी पूरी करने का निर्देश है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 3 महीने पहले
  2. 10 महीने पहले
  3. 10 महीने पहले
  4. 10 महीने पहले
  5. 10 महीने पहले
  6. 11 महीने पहले
  7. 1 साल पहले
  8. 1 साल पहले