क्या पंजाब के एसबीएस नगर पुलिस चौकी पर ग्रेनेड हमले में तीन आरोपियों के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल किया गया?
सारांश
मुख्य बातें
नई दिल्ली, 15 जून (राष्ट्र प्रेस)। राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने पंजाब के एसबीएस नगर क्षेत्र में एक पुलिस चौकी पर हुए ग्रेनेड हमले से जुड़े 2024 के एक मामले में शनिवार को तीन आरोपियों के खिलाफ आरोप पत्र प्रस्तुत किया है। इस मामले में प्रतिबंधित खालिस्तान जिंदाबाद फोर्स (केजेडएफ) आतंकवादी संगठन की एक बड़ी साजिश का खुलासा हुआ है।
आरोपी युगप्रीत सिंह उर्फ युवी निहंग, जसकरन सिंह उर्फ शाह और हरजोत सिंह उर्फ जोत हुंदल पर यूएपीए, विस्फोटक पदार्थ अधिनियम और अन्य संबंधित धाराओं के तहत आरोप लगाए गए हैं। सभी आरोपी एसबीएस नगर के राहोन गांव के निवासी हैं।
एनआईए ने केजेडएफ के प्रमुख और नामित व्यक्तिगत आतंकवादी (डीआईटी) रंजीत सिंह उर्फ नीता, संगठन के सदस्य संचालक जगजीत सिंह लाहिड़ी उर्फ जग्गा, जग्गा मियापुर उर्फ हरि सिंह (जो वर्तमान में ब्रिटेन में हैं) और अन्य अज्ञात आतंकवादी गुर्गों के खिलाफ भी जांच प्रारंभ की है।
इस वर्ष मार्च में पंजाब पुलिस से मामला अपने हाथ में लेने के बाद, एनआईए ने यह पाया कि जग्गा ने ब्रिटेन में एक परिचित के माध्यम से युगप्रीत सिंह को हायर किया था। अन्य केजेडएफ आतंकवादियों और गुर्गों के साथ मिलकर जग्गा ने युगप्रीत को कट्टरपंथी बनाया और एन्क्रिप्टेड मैसेजिंग एप्लिकेशन के माध्यम से उसे निर्देशित किया।
जग्गा ने कनाडा स्थित संस्थाओं के माध्यम से युगप्रीत को 4.36 लाख रुपए से अधिक की आतंकी निधि भी प्रदान की थी, जिनकी पहचान की गई है और उनकी जांच की जा रही है।
युगप्रीत ने अन्य दो आरोपियों की भर्ती की थी और तीनों ने 1 और 2 दिसंबर 2024 की रात पुलिस पोस्ट अस्रोन पर हमला किया था। इन आरोपियों को नवंबर 2024 की शुरुआत में उनके विदेशी संचालकों द्वारा ग्रेनेड प्रदान किए गए थे।
एनआईए इस मामले में अपनी जांच जारी रखे हुए है, जो पंजाब राज्य में कानून प्रवर्तन प्रतिष्ठानों और संवेदनशील स्थानों पर आतंकवादी हमले करने के साथ-साथ लक्षित हत्याओं के केएफजेड के प्रयासों को विफल करने के उसके प्रयासों का हिस्सा है।