क्या पूर्व सीएम विजय रुपाणी की यादें हमेशा हमारे साथ रहेंगी?

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क्या पूर्व सीएम विजय रुपाणी की यादें हमेशा हमारे साथ रहेंगी?

सारांश

गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रुपाणी के पड़ोसियों ने उनके निधन पर अपनी भावनाएं साझा की हैं। उन्होंने बताया कि वह न केवल एक नेता थे, बल्कि उनके लिए परिवार के सदस्य के समान थे। उनका सरल स्वभाव और सादगी हमेशा याद की जाएगी।

मुख्य बातें

विजय रुपाणी का निधन उनके पड़ोसियों के लिए एक गहरी क्षति है।
उनका सरल स्वभाव और सादगी हमेशा याद की जाएगी।
पड़ोसियों ने उनके साथ बिताए पलों को साझा करते हुए उनकी महानता को दर्शाया।

राजकोट, 16 जून (राष्ट्र प्रेस)। अहमदाबाद विमान दुर्घटना में जिन लोगों ने अपनी जान खोई, उनमें गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रुपाणी का नाम भी शामिल है। विजय रुपाणी की सोसायटी में रहने वाले पड़ोसियों ने उनके साथ बिताए क्षणों को याद करते हुए अपनी भावनाएं व्यक्त कीं। पड़ोसियों ने बताया कि विजय रुपाणी हमारे लिए केवल एक नेता नहीं थे, बल्कि वे हमारे परिवार के सदस्य की तरह हमेशा हमारे साथ खड़े रहते थे और हर संकट में हमारी सहायता करते थे। उनका जाना सचमुच दुखद है।

बिनलबेन शाह, जो विजय रुपाणी की सोसायटी में रहती हैं, ने राष्ट्र प्रेस से बातचीत में कहा, "वे हमारे लिए किसी मुख्यमंत्री या नेता से अधिक थे। वे हमारी सोसायटी के एक सामान्य सदस्य की तरह रहते थे। उनका स्वभाव इतना सरल था कि वे हर किसी के साथ घुलमिल जाते थे। पिछले 35 वर्षों से मैं यहाँ रह रही हूँ, लेकिन मैंने कभी उन्हें गुस्सा करते या किसी से ऊंची आवाज में बात करते नहीं देखा। हर त्योहार को वे बड़े उत्साह से मनाते थे। कभी-कभी तो वे हमारे साथ भोजन भी करते थे। उनके जैसा इंसान मिलना मुश्किल है।"

उनकी पड़ोसी किरणबेन शाह ने भावुकता से कहा, "हमें अभी भी विश्वास नहीं हो रहा कि विजय रुपाणी अब हमारे बीच नहीं हैं। उनके जाने का दुख हमें हमेशा रहेगा। वे हमारे घर एक सामान्य इंसान की तरह आते थे। उनमें कभी मुख्यमंत्री जैसा घमंड नहीं था। जब भी वे बीमार पड़ते थे, मेरे पिता से कहते, 'आपका बनाया नाश्ता मेरे लिए दवा की तरह है।' उनकी यह सादगी और अपनापन हमें हमेशा याद रहेगा। अब हमारे पास केवल उनकी मीठी यादें ही बची हैं।"

गौरतलब है कि गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रुपाणी का सोमवार को राजकोट में अंतिम संस्कार किया जाएगा। शहर में शोक की लहर है और उनके अंतिम संस्कार की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। उनका अंतिम संस्कार आज शाम चार बजे होगा।

संपादकीय दृष्टिकोण

हमें यह समझना चाहिए कि विजय रुपाणी जैसे नेता का योगदान केवल राजनीतिक क्षेत्र तक सीमित नहीं था। उनका व्यक्तित्व उनके आसपास के लोगों के लिए एक प्रेरणा था। ऐसे लोग समाज में सच्चे बदलाव लाते हैं और उनका जाना हम सभी के लिए एक बड़ी क्षति है।
RashtraPress
18 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

विजय रुपाणी का योगदान क्या था?
विजय रुपाणी ने अपने कार्यकाल में कई विकास योजनाएं लागू कीं और लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने का प्रयास किया।
उनके अंतिम संस्कार की तारीख क्या है?
उनका अंतिम संस्कार 16 जून को राजकोट में किया जाएगा।
राष्ट्र प्रेस
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