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राहुल गांधी ने नासिक में आदिवासी छात्रों से की मुलाकात, शिक्षा और छात्र कल्याण की समस्याएं सुनीं

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राहुल गांधी ने नासिक में आदिवासी छात्रों से की मुलाकात, शिक्षा और छात्र कल्याण की समस्याएं सुनीं

सारांश

राहुल गांधी का नासिक दौरा महज़ संगठनात्मक कार्यक्रम तक सीमित नहीं रहा — उन्होंने भूख हड़ताल पर बैठे आदिवासी छात्रों से सीधा संवाद किया। महाराष्ट्र में आदिवासी शिक्षा के मुद्दे पर बढ़ते आंदोलन के बीच यह मुलाकात कांग्रेस की सामाजिक न्याय राजनीति को नई दिशा देने की कोशिश है।

मुख्य बातें

राहुल गांधी ने 2 सितंबर को नासिक में आदिवासी छात्र-छात्राओं के प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात की, जिसमें भूख हड़ताल पर बैठे छात्र भी शामिल थे।
छात्रों ने छात्रावास सुविधाओं, शिक्षा संसाधनों और कल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन की माँगें रखीं।
राहुल गांधी ने एक्स पर पोस्ट कर कहा कि 'शिक्षा कोई विशेषाधिकार नहीं, बल्कि भारत के हर छात्र का अधिकार है।' यह पिछले दो सप्ताह में उनका महाराष्ट्र का दूसरा दौरा है; इससे पहले वे पुणे में 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम में शामिल हुए थे।
कांग्रेस के 'संगठन सृजन अभियान' के तहत 78 नव-नियुक्त जिला और शहर अध्यक्षों को 10 दिवसीय प्रशिक्षण दिया गया।

लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने 2 सितंबर को महाराष्ट्र के नासिक दौरे के दौरान आदिवासी छात्र-छात्राओं के एक प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात की और उनकी शिक्षा व कल्याण से जुड़ी समस्याओं को ध्यानपूर्वक सुना। इस प्रतिनिधिमंडल में वे छात्र भी शामिल थे, जो अपनी मांगों को लेकर भूख हड़ताल पर बैठे हुए हैं।

छात्रों से संवाद और मुख्य मांगें

राहुल गांधी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर इस मुलाकात की जानकारी साझा की। उन्होंने कहा कि छात्रों ने छात्रावास सुविधाओं, शिक्षा संसाधनों और कल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन से जुड़ी मांगें उनके सामने रखीं।

अपने संदेश में उन्होंने कहा, 'हर छात्र को पढ़ाई के लिए एक सम्मानजनक, सुरक्षित और अनुकूल माहौल मिलना उसका हक है। वंचित समुदायों से आने वाले छात्रों को सिस्टम की अनदेखी नहीं, बल्कि उसके सहयोग और हर संभव मदद की जरूरत है। शिक्षा कोई विशेषाधिकार नहीं, बल्कि भारत के हर छात्र का अधिकार है।'

व्यापक पृष्ठभूमि: आदिवासी छात्रों के आंदोलन का संदर्भ

यह संवाद ऐसे समय में हुआ है जब महाराष्ट्र के विभिन्न हिस्सों में आदिवासी छात्रावासों और आश्रम स्कूलों की शिक्षा व्यवस्था को लेकर विरोध प्रदर्शन और भूख हड़तालें चर्चा में हैं। गौरतलब है कि राज्य में आदिवासी समुदाय के छात्र लंबे समय से बेहतर बुनियादी ढाँचे, पर्याप्त शिक्षा संसाधनों और सरकारी कल्याण योजनाओं के सुचारु क्रियान्वयन की माँग करते आए हैं।

यह राहुल गांधी का पिछले करीब दो सप्ताह में महाराष्ट्र का दूसरा दौरा है। इससे पहले उन्होंने पुणे में आयोजित 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम में भाग लेकर शिक्षा और सामाजिक न्याय से जुड़े मुद्दों पर अपने विचार रखे थे।

संगठन सृजन अभियान: कांग्रेस का प्रशिक्षण शिविर

राहुल गांधी नासिक में कांग्रेस के 'संगठन सृजन अभियान' के तहत आयोजित 10 दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण कार्यक्रम के समापन सत्र में शामिल होने पहुँचे। इस शिविर में महाराष्ट्र के 78 नव-नियुक्त जिला और शहर कांग्रेस अध्यक्षों को संगठनात्मक प्रशिक्षण दिया गया।

अपने दौरे के दौरान राहुल गांधी पार्टी पदाधिकारियों को संबोधित करेंगे और 'वैश्विक राजनीति और भारत' विषय पर भी अपने विचार रखेंगे।

कार्यक्रम में उपस्थित वरिष्ठ नेता

इस कार्यक्रम में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (कांग्रेस) के कई वरिष्ठ नेता और पदाधिकारी मौजूद रहे, जिनमें केसी वेणुगोपाल, हर्षवर्धन सपकाल, विजय वडेट्टीवार, बालासाहेब थोराट, सतेज (बंटी) पाटिल, नाना पटोले, माणिकराव ठाकरे और नसीम खान शामिल हैं।

आगे क्या

राहुल गांधी की इस मुलाकात के बाद यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि कांग्रेस आदिवासी छात्रों की माँगों को राज्य और केंद्र स्तर पर किस प्रकार उठाती है। महाराष्ट्र में आगामी राजनीतिक सरगर्मियों के बीच आदिवासी समुदाय का मुद्दा एक अहम राजनीतिक एजेंडा बनता दिख रहा है।

संपादकीय दृष्टिकोण

या महज़ सहानुभूति की राजनीति बनकर रह जाएगा। महाराष्ट्र के आश्रम स्कूलों और आदिवासी छात्रावासों की बदहाली कोई नई समस्या नहीं है — यह दशकों पुरानी प्रशासनिक विफलता है, जिसे हर दल ने बारी-बारी से नज़रअंदाज़ किया है। बिना ठोस नीतिगत प्रतिबद्धता के, ऐसी मुलाकातें चुनावी कैलेंडर की रिवायत बनकर रह जाती हैं।
RashtraPress
3 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

राहुल गांधी ने नासिक में किससे मुलाकात की?
राहुल गांधी ने 2 सितंबर को नासिक में आदिवासी छात्र-छात्राओं के एक प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात की, जिसमें भूख हड़ताल पर बैठे छात्र भी शामिल थे। छात्रों ने छात्रावास सुविधाओं, शिक्षा संसाधनों और कल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन से जुड़ी माँगें उनके सामने रखीं।
आदिवासी छात्र किन मुद्दों पर भूख हड़ताल पर बैठे हैं?
रिपोर्टों के अनुसार, महाराष्ट्र में आदिवासी छात्र छात्रावास सुविधाओं में सुधार, शिक्षा संसाधनों की उपलब्धता और सरकारी कल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन की माँग कर रहे हैं। राज्य के विभिन्न हिस्सों में आश्रम स्कूलों की व्यवस्था को लेकर भी विरोध प्रदर्शन जारी हैं।
कांग्रेस का 'संगठन सृजन अभियान' क्या है?
यह कांग्रेस द्वारा आयोजित 10 दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण कार्यक्रम है, जो नासिक में आयोजित किया गया। इसमें महाराष्ट्र के 78 नव-नियुक्त जिला और शहर कांग्रेस अध्यक्षों को संगठनात्मक प्रशिक्षण दिया गया।
राहुल गांधी ने आदिवासी छात्रों के बारे में क्या कहा?
राहुल गांधी ने एक्स पर पोस्ट कर कहा कि हर छात्र को पढ़ाई के लिए सम्मानजनक, सुरक्षित और अनुकूल माहौल मिलना उसका हक है। उन्होंने कहा कि वंचित समुदायों के छात्रों को सिस्टम की अनदेखी नहीं, बल्कि सहयोग और हर संभव मदद की जरूरत है, और शिक्षा कोई विशेषाधिकार नहीं बल्कि अधिकार है।
महाराष्ट्र में राहुल गांधी का यह कितनवाँ दौरा है?
यह पिछले करीब दो सप्ताह में राहुल गांधी का महाराष्ट्र का दूसरा दौरा है। इससे पहले वे पुणे में 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम में शामिल हुए थे, जहाँ उन्होंने शिक्षा और सामाजिक न्याय के मुद्दों पर अपने विचार रखे थे।
राष्ट्र प्रेस
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