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TMC पूर्व विधायक सब्यसाची दत्ता गिरफ्तार: उगाही और भ्रष्टाचार के आरोप, राजारहाट से हुई कार्रवाई

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TMC पूर्व विधायक सब्यसाची दत्ता गिरफ्तार: उगाही और भ्रष्टाचार के आरोप, राजारहाट से हुई कार्रवाई

सारांश

TMC के पूर्व दो-बार विधायक और बिधाननगर नगर निगम के पूर्व चेयरमैन सब्यसाची दत्ता को सॉल्ट लेक के एक व्यापारी की शिकायत पर उगाही व भ्रष्टाचार के आरोप में गिरफ्तार किया गया। उन्हें हराने वाले नेता सुजीत बोस भी ED की हिरासत में हैं — पश्चिम बंगाल की स्थानीय राजनीति में भ्रष्टाचार का एक और अध्याय।

मुख्य बातें

सब्यसाची दत्ता , TMC के पूर्व विधायक और बिधाननगर नगर निगम के पूर्व चेयरमैन, को 9 जून की तड़के राजारहाट से गिरफ्तार किया गया।
गिरफ्तारी सॉल्ट लेक के एक व्यापारी की लिखित शिकायत पर हुई; आरोप भ्रष्टाचार, जबरन वसूली और धमकी देने के हैं।
दत्ता 2011–2021 तक राजारहाट-न्यूटाउन से TMC विधायक रहे; 2021 में BJP से चुनाव लड़े और हारे।
हाल के चुनावों में बारासात से TMC टिकट पर फिर चुनाव लड़ा और पुनः पराजित हुए।
उन्हें 2021 में हराने वाले सुजीत बोस भी नौकरी-घोटाले में ED की हिरासत में हैं।
दत्ता को चिकित्सा जाँच के बाद उत्तर 24 परगना जिला अदालत में पेश किया जाएगा।

पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस (TMC) के पूर्व विधायक और बिधाननगर नगर निगम के पूर्व चेयरमैन सब्यसाची दत्ता को मंगलवार, 9 जून की तड़के राजारहाट स्थित उनके आवास से गिरफ्तार किया गया। उत्तर 24 परगना जिले के राजारहाट-न्यूटाउन विधानसभा क्षेत्र से दो बार विधायक रहे दत्ता पर भ्रष्टाचार, जबरन वसूली और अपने इलाके के निवासियों को धमकाने के गंभीर आरोप हैं। यह गिरफ्तारी सॉल्ट लेक के एक व्यापारी की लिखित शिकायत के बाद हुई।

गिरफ्तारी का घटनाक्रम

बिधाननगर नॉर्थ पुलिस स्टेशन की एक टीम ने सोमवार आधी रात के बाद राजारहाट के रायगाची इलाके में दत्ता के घर पर छापेमारी की। सूत्रों के अनुसार, घर पर लंबी पूछताछ के बाद मंगलवार सुबह उन्हें औपचारिक रूप से गिरफ्तार किया गया। यह पूरा इलाका बिधाननगर सिटी पुलिस के अधिकार क्षेत्र में आता है।

शिकायत दर्ज कराने वाले व्यापारी कोलकाता के उत्तरी बाहरी इलाके सॉल्ट लेक के निवासी हैं। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, दत्ता के खिलाफ यह पहली शिकायत नहीं है — इससे पहले भी भ्रष्टाचार, जबरन वसूली और गुंडागर्दी में कथित संलिप्तता को लेकर कई शिकायतें दर्ज हो चुकी थीं।

सब्यसाची दत्ता की राजनीतिक पृष्ठभूमि

दत्ता 2011 से 2021 तक उत्तर 24 परगना जिले की राजारहाट-न्यूटाउन विधानसभा सीट से TMC के टिकट पर लगातार दो बार विधायक रहे। 2021 के पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों से पूर्व उन्होंने भारतीय जनता पार्टी (BJP) का दामन थाम लिया और बिधाननगर सीट से BJP उम्मीदवार के रूप में चुनाव मैदान में उतरे।

उस चुनाव में उन्हें TMC के तीन बार के विधायक और पश्चिम बंगाल के पूर्व अग्निशमन सेवा मंत्री सुजीत बोस ने पराजित किया। हाल ही में हुए विधानसभा चुनावों में दत्ता ने एक बार फिर TMC की टिकट पर उसी जिले की बारासात विधानसभा सीट से चुनाव लड़ा, परंतु वे इस बार भी जीत हासिल नहीं कर सके। फिलहाल वे बिधाननगर म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन के वार्ड नंबर 31 के पार्षद के रूप में कार्यरत थे।

सुजीत बोस का संदर्भ: एक और गिरफ्तारी

उल्लेखनीय है कि जिन सुजीत बोस ने दत्ता को 2021 में हराया था, वे स्वयं भी इस समय न्यायिक हिरासत में हैं। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने पिछले महीने उन्हें राज्य में नगर पालिकाओं में नौकरी के बदले पैसे लेने के मामले में कथित संलिप्तता के आरोप में गिरफ्तार किया था। यह संयोग पश्चिम बंगाल की स्थानीय राजनीति में भ्रष्टाचार के व्यापक पैटर्न की ओर ध्यान दिलाता है।

आगे की कानूनी कार्रवाई

बिधाननगर सिटी पुलिस के सूत्रों के अनुसार, दत्ता को पहले चिकित्सा जाँच के लिए ले जाया जाएगा और उसके बाद उत्तर 24 परगना जिला अदालत में पेश किया जाएगा। सरकारी वकील अदालत से उनकी न्यायिक हिरासत की माँग करेंगे। यह मामला आने वाले दिनों में पश्चिम बंगाल की राजनीति में नई हलचल पैदा कर सकता है।

संपादकीय दृष्टिकोण

वह भी ED की हिरासत में है। यह पश्चिम बंगाल की स्थानीय निकाय राजनीति में भ्रष्टाचार के एक गहरे और व्यापक ढाँचे की ओर इशारा करता है, जहाँ सत्ता-परिवर्तन के बावजूद जवाबदेही का अभाव बना रहता है। दत्ता का राजनीतिक सफर — TMC से BJP और फिर TMC — यह भी दर्शाता है कि दलबदल और आरोपों का सह-अस्तित्व इस राज्य की राजनीतिक संस्कृति का हिस्सा बन चुका है। असली सवाल यह है कि क्या यह कार्रवाई व्यवस्थागत सुधार की शुरुआत है, या चुनावी पराजय के बाद कमज़ोर पड़े नेताओं पर ही शिकंजा कसने की पुरानी परंपरा का विस्तार।
RashtraPress
24 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

सब्यसाची दत्ता को क्यों गिरफ्तार किया गया?
सब्यसाची दत्ता को सॉल्ट लेक के एक व्यापारी की लिखित शिकायत के आधार पर भ्रष्टाचार, जबरन वसूली और लोगों को धमकाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया। बिधाननगर नॉर्थ पुलिस स्टेशन की टीम ने राजारहाट के रायगाची इलाके में उनके घर पर छापा मारकर यह कार्रवाई की।
सब्यसाची दत्ता कौन हैं और उनकी राजनीतिक पृष्ठभूमि क्या है?
सब्यसाची दत्ता उत्तर 24 परगना की राजारहाट-न्यूटाउन सीट से 2011–2021 तक TMC के दो बार विधायक और बिधाननगर नगर निगम के पूर्व चेयरमैन रहे हैं। 2021 में BJP से चुनाव लड़े और हारे; हाल के चुनावों में TMC की टिकट पर बारासात से भी पराजित हुए।
सुजीत बोस का इस मामले से क्या संबंध है?
सुजीत बोस वही TMC नेता हैं जिन्होंने 2021 में बिधाननगर सीट पर दत्ता को हराया था। वे स्वयं अभी न्यायिक हिरासत में हैं क्योंकि प्रवर्तन निदेशालय ने उन्हें नगर पालिकाओं में नौकरी के बदले पैसे लेने के मामले में गिरफ्तार किया है।
दत्ता के खिलाफ आगे क्या कानूनी कार्रवाई होगी?
बिधाननगर सिटी पुलिस के अनुसार, दत्ता को पहले चिकित्सा जाँच के लिए ले जाया जाएगा और फिर उत्तर 24 परगना जिला अदालत में पेश किया जाएगा। सरकारी वकील अदालत से उनकी न्यायिक हिरासत की माँग करेंगे।
क्या दत्ता पर पहले भी आरोप लगे थे?
हाँ, सूत्रों के अनुसार दत्ता के खिलाफ इससे पहले भी भ्रष्टाचार, जबरन वसूली और गुंडागर्दी में कथित संलिप्तता की कई शिकायतें दर्ज हो चुकी थीं। हालिया व्यापारी की शिकायत इस कड़ी की नवीनतम घटना है।
राष्ट्र प्रेस
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