बड़ा फैसला: शिखा गोयल बनीं तेलंगाना की नई गृह विभाग प्रधान सचिव, CV आनंद बन सकते हैं DGP
सारांश
Key Takeaways
- शिखा गोयल (1994 बैच, IPS) को तेलंगाना गृह विभाग का प्रधान सचिव नियुक्त किया गया है।
- वे तेलंगाना साइबर सुरक्षा ब्यूरो और फोरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला का अतिरिक्त प्रभार भी संभालेंगी।
- CV आनंद (1996 बैच, IPS) के नए DGP बनने की प्रबल संभावना है, क्योंकि DGP शिवधर रेड्डी 30 अप्रैल 2025 को सेवानिवृत्त हो रहे हैं।
- तरुण जोशी को फ्यूचर सिटी का पुलिस आयुक्त और अविनाश मोहंती को औषधि नियंत्रण प्रशासन का महानिदेशक बनाया गया है।
- देवेंद्र सिंह चौहान को महानिदेशक (सतर्कता एवं प्रवर्तन) के पद पर नियुक्त किया गया है।
- कुल मिलाकर सात वरिष्ठ IPS अधिकारियों के तबादले इस बड़े प्रशासनिक फेरबदल में शामिल हैं।
हैदराबाद, 24 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। तेलंगाना सरकार ने शुक्रवार को एक बड़े प्रशासनिक फेरबदल में 1994 बैच की वरिष्ठ IPS अधिकारी शिखा गोयल को गृह विभाग का प्रधान सचिव नियुक्त किया है। यह नियुक्ति ऐसे समय में हुई है जब राज्य में पुलिस नेतृत्व में बड़े बदलाव की तैयारी चल रही है और मौजूदा DGP शिवधर रेड्डी 30 अप्रैल 2025 को सेवानिवृत्त होने वाले हैं। इस फेरबदल से तेलंगाना की कानून-व्यवस्था और प्रशासनिक ढांचे पर दूरगामी असर पड़ने की संभावना है।
शिखा गोयल की नियुक्ति और उनका कार्यभार
शिखा गोयल इससे पहले सतर्कता एवं प्रवर्तन महानिदेशक और सामान्य प्रशासन विभाग की पदेन प्रधान सचिव के पद पर कार्यरत थीं। शुक्रवार को जारी सरकारी आदेश के अनुसार, नई जिम्मेदारी के साथ-साथ वे तेलंगाना साइबर सुरक्षा ब्यूरो की निदेशक और तेलंगाना फोरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला की निदेशक का पूर्ण अतिरिक्त प्रभार भी संभालती रहेंगी।
गोयल का यह बहु-विभागीय दायित्व दर्शाता है कि तेलंगाना सरकार उन्हें एक भरोसेमंद और बहुआयामी प्रशासनिक अधिकारी के रूप में देखती है। साइबर सुरक्षा और फोरेंसिक जैसे तकनीकी क्षेत्रों में उनकी निरंतरता राज्य की डिजिटल सुरक्षा नीति को स्थिरता देगी।
CV आनंद के DGP बनने की अटकलें तेज
शिखा गोयल के गृह विभाग में जाने के बाद यह चर्चा तेज हो गई है कि वर्तमान में गृह विभाग के विशेष मुख्य सचिव सीवी आनंद को राज्य का नया पुलिस महानिदेशक (DGP) नियुक्त किया जा सकता है। 1996 बैच के IPS अधिकारी आनंद पहले से ही महानिदेशक रैंक पर हैं और 30 अप्रैल को सेवानिवृत्त हो रहे DGP शिवधर रेड्डी का स्थान लेने के प्रबल दावेदार माने जा रहे हैं।
सीवी आनंद का प्रशासनिक अनुभव अत्यंत विविध और प्रभावशाली रहा है। वे भ्रष्टाचार रोधी ब्यूरो (ACB) के महानिदेशक रह चुके हैं और दो बार हैदराबाद शहर के पुलिस आयुक्त का पद संभाल चुके हैं। इसके अलावा उन्होंने साइबराबाद के पुलिस आयुक्त के रूप में भी महत्वपूर्ण सेवाएं दी हैं।
छह अन्य IPS अधिकारियों का तबादला
इस बड़े प्रशासनिक फेरबदल में तेलंगाना सरकार ने छह अन्य वरिष्ठ IPS अधिकारियों के तबादले भी किए हैं। अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (कार्मिक) देवेंद्र सिंह चौहान को महानिदेशक (सतर्कता एवं प्रवर्तन) और सामान्य प्रशासन विभाग के पदेन प्रधान सचिव के पद पर नियुक्त किया गया है।
भ्रष्टाचार विरोधी ब्यूरो के निदेशक तरुण जोशी को फ्यूचर सिटी का नया पुलिस आयुक्त बनाया गया है। वे जी. सुधीर बाबू का स्थान लेंगे, जो 30 अप्रैल को सेवानिवृत्त हो रहे हैं।
मलकाजगिरि के पुलिस आयुक्त अविनाश मोहंती का तबादला करते हुए उन्हें औषधि नियंत्रण प्रशासन के महानिदेशक और निषेध एवं उत्पाद शुल्क के निदेशक के पद पर तैनात किया गया है। साथ ही अगले आदेश तक उन्हें भ्रष्टाचार रोधी ब्यूरो के निदेशक का पूर्ण प्रभार भी सौंपा गया है।
प्रशासनिक फेरबदल का व्यापक संदर्भ और प्रभाव
यह फेरबदल तेलंगाना में कांग्रेस सरकार के नेतृत्व में हो रहा है, जो दिसंबर 2023 में सत्ता में आई थी। नई सरकार धीरे-धीरे प्रशासनिक ढांचे को अपनी प्राथमिकताओं के अनुरूप पुनर्गठित कर रही है। शिखा गोयल जैसी अनुभवी अधिकारी का गृह विभाग जैसे संवेदनशील मंत्रालय में आना, सरकार की कानून-व्यवस्था के प्रति गंभीरता को दर्शाता है।
गौरतलब है कि तेलंगाना में साइबर अपराध, नशे की तस्करी और भ्रष्टाचार जैसी चुनौतियां लगातार बनी हुई हैं। ऐसे में एक ही समय पर साइबर सुरक्षा, फोरेंसिक और गृह विभाग जैसे तीन महत्वपूर्ण क्षेत्रों की जिम्मेदारी एक अधिकारी को सौंपना — दक्षता और नीतिगत समन्वय दोनों की दृष्टि से एक सुविचारित निर्णय प्रतीत होता है।
अब सभी की नजरें 30 अप्रैल 2025 पर टिकी हैं, जब DGP शिवधर रेड्डी के सेवानिवृत्त होने के बाद नए DGP की आधिकारिक घोषणा होने की उम्मीद है। यह नियुक्ति तेलंगाना पुलिस की दिशा और नीति को आने वाले वर्षों के लिए परिभाषित करेगी।